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Jammu News: दिव्यांग गीता को मिशन शक्ति का मिला सहारा, अब भर रही सफलता की उड़ान
Tue, 08 Apr 2025 02:41 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
Updated Tue, 08 Apr 2025 02:41 AM IST
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घर से शुरू किया सिलाई का काम, अब है अपनी दुकान
दो-तीन महिलाओं को दे रहीं रोजगार
संवाद न्यूज एजेंसी
जम्मू। अगर समय पर कोई साथ मिल जाए और लक्ष्य तय हो तो सफलता अवश्य ही मिलेगी। यह कहावत जम्मू के दोमाना निवासी दिव्यांग गीता पर स्टीक बैठती है।
उन्होंने बताया कि आत्मनिर्भर बनने के लिए दिव्यांगता को कभी बाधा नहीं बनने दिया। लेकिन, मिशन शक्ति अभियान से जुड़कर सपना साकार हुआ है। गीता ने बताया कि वर्तमान का समय चुनौतियों से भरा है। इसके लिए खुद आगे आना होगा और लक्ष्य बना कर आगे बढ़ना होगा।
उन्होंने बताया कि मैं 50 फीसदी दिव्यांग हूं, लेकिन इसे कभी बाधक नहीं बनने दिया। घर से ही सिलाई के काम की शुरुआत की। करीब दो साल पहले मिशन शक्ति टीम का हिस्सा बनने का मौका मिला। जब से इस टीम से जुड़ी हूं तभी से जीवन में काफी बदलाव आए हैं।
बनाए गए उत्पाद प्रदर्शनियों में होते हैं शामिल
उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में इस मुकाम पर पहुंच चुकी हूं कि हमारे पास खुद की दुकान है। हमारे हमारे द्वारा बनाए गए उत्पादों को प्रदर्शनियों में शामिल किया जाता है। साथ ही दो से तीन महिलाओं की रोजगार में मदद की जा रही है।
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अभियान से जुड़ महिलाएं बनें सशक्त
गीता ने कहा कि मिशन शक्ति अभियान एक ऐसा प्लेटफार्म है, जो महिलाओं का सपना संजोने के साथ-साथ उन्हें सशक्त बनाने का मौका देता है। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक महिलाएं इससे जुड़ें और लाभ लेकर सशक्त बनें।
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दो-तीन महिलाओं को दे रहीं रोजगार
संवाद न्यूज एजेंसी
जम्मू। अगर समय पर कोई साथ मिल जाए और लक्ष्य तय हो तो सफलता अवश्य ही मिलेगी। यह कहावत जम्मू के दोमाना निवासी दिव्यांग गीता पर स्टीक बैठती है।
उन्होंने बताया कि आत्मनिर्भर बनने के लिए दिव्यांगता को कभी बाधा नहीं बनने दिया। लेकिन, मिशन शक्ति अभियान से जुड़कर सपना साकार हुआ है। गीता ने बताया कि वर्तमान का समय चुनौतियों से भरा है। इसके लिए खुद आगे आना होगा और लक्ष्य बना कर आगे बढ़ना होगा।
उन्होंने बताया कि मैं 50 फीसदी दिव्यांग हूं, लेकिन इसे कभी बाधक नहीं बनने दिया। घर से ही सिलाई के काम की शुरुआत की। करीब दो साल पहले मिशन शक्ति टीम का हिस्सा बनने का मौका मिला। जब से इस टीम से जुड़ी हूं तभी से जीवन में काफी बदलाव आए हैं।
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बनाए गए उत्पाद प्रदर्शनियों में होते हैं शामिल
उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में इस मुकाम पर पहुंच चुकी हूं कि हमारे पास खुद की दुकान है। हमारे हमारे द्वारा बनाए गए उत्पादों को प्रदर्शनियों में शामिल किया जाता है। साथ ही दो से तीन महिलाओं की रोजगार में मदद की जा रही है।
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अभियान से जुड़ महिलाएं बनें सशक्त
गीता ने कहा कि मिशन शक्ति अभियान एक ऐसा प्लेटफार्म है, जो महिलाओं का सपना संजोने के साथ-साथ उन्हें सशक्त बनाने का मौका देता है। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक महिलाएं इससे जुड़ें और लाभ लेकर सशक्त बनें।