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जम्मू-कश्मीर: ऑल पार्टीज हुर्रियत कॉन्फ्रेंस कार्यालय को कुर्क करने का आदेश, एनआईए की टीम मौके पर पहुंची

Sun, 29 Jan 2023 11:52 AM IST
विमल शर्मा अमर उजाला नेटवर्क/एएनआई, श्रीनगर
अमर उजाला नेटवर्क/एएनआई, श्रीनगर Published by: विमल शर्मा Updated Sun, 29 Jan 2023 11:52 AM IST
सार

दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने श्रीनगर स्थित ऑल पार्टीज हुर्रियत कॉन्फ्रेंस (एपीएचसी) कार्यालय कुर्क करने का आदेश पारित किया। इसके बाद एनआईए की टीम श्रीनगर के राजबाग इलाके में पहुंच गई है। 

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jammu kashmir: Order to attach All Parties Hurriyat Conference office, NIA team reached the spot
श्रीनगर पहुंची एनआईए टीम - फोटो : ANI

विस्तार

अदालत ने अलगाववादी नेता नईम अहमद खान के खिलाफ दर्ज यूएपीए मामले में श्रीनगर स्थित ऑल पार्टीज हुर्रियत कॉन्फ्रेंस (एपीएचसी) के कार्यालय को कुर्क करने का आदेश दिया है। इसके बाद राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की टीम रविवार को श्रीनगर के राजबाग इलाके में पहुंच गई है। 

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नईम खान 14 अगस्त, 2017 से न्यायिक हिरासत में है। उस पर एनआईए ने कश्मीर घाटी में अशांति पैदा करने का आरोप लगाया गया है। उसे 24 जुलाई, 2017 को गिरफ्तार किया गया था। पिछले साल दिसंबर में अदालत ने उसे जमानत देने से इन्कार कर दिया था।
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पटियाला हाउस कोर्ट के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश शैलेंद्र मलिक ने कार्यालय कुर्क करने के लिए यूएपीए की धारा 33 (1) के तहत एनआईए की याचिका पर आदेश पारित किया। एनआईए ने अदालत को बताया कि संपत्ति में आंशिक रूप से खान और उसके सहयोगियों का स्वामित्व है।
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आरोप है कि राजबाग स्थित कार्यालय का उपयोग विभिन्न विरोध प्रदर्शनों की रणनीति बनाने, सुरक्षा बलों पर पथराव की गतिविधियों के वित्तपोषण, बेरोजगार युवकों की भर्ती करने के लिए गैरकानूनी गतिविधियों के साथ-साथ आतंकवादी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए किया गया था। 

 

ताकि जम्मू-कश्मीर सरकार के खिलाफ युद्ध छेड़ने के लिए अशांति पैदा की जा सके। अदालत ने कहा कि संपत्ति की कुर्की अपने आप में मुकदमे पर कोई असर नहीं डालती है और इसे किसी भी तरह से पूर्व-परीक्षण निष्कर्ष या अभियुक्त के खिलाफ सजा या अपराध के निष्कर्ष के रूप में नहीं माना जा सकता है।



अदालत ने कहा, इसका सीधा सा मतलब है कि अभियुक्त की संपत्ति जिसे आतंकवादी गतिविधियों के अपराध के लिए दोषी ठहराए जाने की स्थिति में राज्य जब्त कर सकता है। 

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