{"_id":"6841f3004407e0550304255f","slug":"jammu-kashmir-news-samba-news-c-268-1-akb1001-101258-2025-06-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu News: टायर खराब निकलने पर ट्रैक्टर चालकों का एजेंसी के खिलाफ प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu News: टायर खराब निकलने पर ट्रैक्टर चालकों का एजेंसी के खिलाफ प्रदर्शन
विज्ञापन
प्रदर्शन करते ट्रैक्टर ट्राली चालक।
- फोटो : akhnoor news
अखनूर। ट्रैक्टर ट्राली चालकों ने मेहर टायर एजेंसी के खिलाफ वीरवार को प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने एजेंसी पर धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए कहा कि खराब टायर बेचकर गरीब किसानों और चालकों को ठगा जा रहा है।
चालक राकेश कुमार ने बताया कि उसने 20 मार्च को एमआरएफ का टायर मेहर टायर एजेंसी से खरीदा था। इस पर तीन साल की गारंटी दी गई थी। लेकिन कुछ ही दिनों में टायर खराब हो गया। जब वह टायर बदलवाने एजेंसी गया तो कर्मचारियों ने कहा, खराब टायर को कंपनी में भेजा जाएगा उनके इंजीनियर जांच करके इसका फैसला करेंगे। राकेश ने बताया कि पूरे पैसे लेकर ही उसे नया टायर दिया गया। कुछ दिन बाद कंपनी ने क्लेम यह कहकर खारिज कर दिया कि टायर नुकीली चीज से फटा है, जबकि राकेश ने आरोप लगाए कि यह मैन्युफेक्चरिंग डिफेक्ट है।
राकेश ने बताया कि जब उसने मीडिया का सहारा लिया तो एजेंसी ने उसे दबाने के लिए कोर्ट में केस तक कर दिया। प्रदर्शन में शामिल अन्य चालकों ने भी एजेंसी पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया और कहा कि वह राकेश के साथ खड़े हैं। सभी चालकों ने स्पष्ट किया कि उन्हें एमआरएफ कंपनी से कोई शिकायत नहीं है, लेकिन डीलर की कार्यप्रणाली गलत है जिसने तीन साल बोलकर कुछ दिनों में खराब हुए टायर वापस नहीं लिए। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि एजेंसी ने न्याय नहीं दिया तो कंज्यूमर कोर्ट में मामला दर्ज कराएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
चालक राकेश कुमार ने बताया कि उसने 20 मार्च को एमआरएफ का टायर मेहर टायर एजेंसी से खरीदा था। इस पर तीन साल की गारंटी दी गई थी। लेकिन कुछ ही दिनों में टायर खराब हो गया। जब वह टायर बदलवाने एजेंसी गया तो कर्मचारियों ने कहा, खराब टायर को कंपनी में भेजा जाएगा उनके इंजीनियर जांच करके इसका फैसला करेंगे। राकेश ने बताया कि पूरे पैसे लेकर ही उसे नया टायर दिया गया। कुछ दिन बाद कंपनी ने क्लेम यह कहकर खारिज कर दिया कि टायर नुकीली चीज से फटा है, जबकि राकेश ने आरोप लगाए कि यह मैन्युफेक्चरिंग डिफेक्ट है।
विज्ञापन
राकेश ने बताया कि जब उसने मीडिया का सहारा लिया तो एजेंसी ने उसे दबाने के लिए कोर्ट में केस तक कर दिया। प्रदर्शन में शामिल अन्य चालकों ने भी एजेंसी पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया और कहा कि वह राकेश के साथ खड़े हैं। सभी चालकों ने स्पष्ट किया कि उन्हें एमआरएफ कंपनी से कोई शिकायत नहीं है, लेकिन डीलर की कार्यप्रणाली गलत है जिसने तीन साल बोलकर कुछ दिनों में खराब हुए टायर वापस नहीं लिए। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि एजेंसी ने न्याय नहीं दिया तो कंज्यूमर कोर्ट में मामला दर्ज कराएंगे।
विज्ञापन