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दूसरे दिन भी कोरोना के मामलों में गिरावट, प्रदेश में 2751 संक्रमित, नौ की मौत
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जम्मू। जम्मू कश्मीर में मंगलवार दूसरे दिन भी संक्रमित मामलों में गिरावट रही। पिछले दो दिन से तीन हजार से कम संक्रमित मामले मिले हैं। प्रदेश में 2751 नए संक्रमित मामले मिले, जिसमें जम्मू संभाग से 1105 और कश्मीर संभाग से 1646 मामले हैं, लेकिन पिछले चौबीस घंटे में नौ और संक्रमित लोगों ने दम तोड़ दिया। इसमें जम्मू संभाग से चार मौतें हुई हैं। जीएमसी जम्मू में डोडा निवासी एक 26 वर्षीय युवक की मौत हुई है। वह डोडा में एक हादसे के दौरान गंभीर रूप से घायल होने के साथ संक्रमित हो गया था। बताया जाता है कि युवक ने कोविड टीके की कोई खुराक नहीं ली थी।
जिला जम्मू में 561 नए संक्रमित मामले मिले। इस जिले में 4669 सक्रिय मामले हैं और अब तक 1208 लोगों की कोविड से मौत हो चुकी है। जीएमसी जम्मू में अखनूर निवासी 70 वर्षीय व्यक्ति की मौत हुई। जिला उधमपुर में 96, डोडा में 74, कठुआ में 44, सांबा में 86, पुंछ में 31, रामबन में 149 और रियासी में 30 यात्रियों समेत 32 लोग संक्रमित मिले हैं। इनमें अधिकांश यात्री वैष्णो देवी के यात्री हैं। राजधानी श्रीनगर में 440, बारामुला में 136, बड़गाम में 177, पुलवामा में 45, कुपवाड़ा में 405, अनंतनाग में 108, कुलगाम में 209 संक्रमित मामले मिले हैं। मंगलवार को प्रदेश में 72559 कोविड परीक्षण किए गए। वर्तमान में जम्मू कश्मीर में 32558 सक्रिय मामले हैं। इसमें जम्मू संभाग में 8989 और 23569 मामले हैं।
कोविड मौतों में अधिकांश पहले से बीमार
जम्मू कश्मीर में कोविड से हो रही मौतों में 90 से 95 फीसदी पहले से किन्हीं बीमारियों से पीड़ित थे। इनमें अधिकांश को मधुमेह, किडनी, ब्रेन हेमरेज, हृदय, लिवर आदि की समस्याएं थीं। हालांकि अधिकांश ने कोविड की दोनों खुराके ले रखी थीं। लेकिन संक्रमण के बाद उनकी हालत में ज्यादा सुधार नहीं हो पाया। इसके साथ कई ऐसे मामले भी मिले हैं, जिनमें मृतकों ने कोविड टीके की कोई खुराक नहीं ली थी। लेवल 1 अस्पताल जीएमसी में मौजूदा 50 से अधिक संक्रमित मरीज भर्ती हैं। जिनकी आयु अधिकांश 40 से 80 वर्ष के बीच है। इनमें आधे गंभीर अव्यस्था में हैं और उन्हें कई शारीरिक समस्याएं हैं। जीएमसी के माइक्रो बायोलाजी विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डा. संदीप डोगरा का कहना है कि कोविड संक्रमण को हल्के में लेना खासतौर पर बुजुर्ग और पहले से बीमार लोगों के लिए घातक साबित हो रहा है। ऐसे वर्ग के लोगों को लक्षण मिलने पर तुरंत डाक्टरी परामर्श और अस्पताल में आना चाहिए। जीएमसी में बड़ी संख्या में ऐसे संक्रमित मामले पहुंचते हैं जो घर से ही ज्यादा बीमार हो गए होते हैं, ऐसे में उनके स्वास्थ्य में जल्द सुधार नहीं हो पाता है।
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जिला जम्मू में 561 नए संक्रमित मामले मिले। इस जिले में 4669 सक्रिय मामले हैं और अब तक 1208 लोगों की कोविड से मौत हो चुकी है। जीएमसी जम्मू में अखनूर निवासी 70 वर्षीय व्यक्ति की मौत हुई। जिला उधमपुर में 96, डोडा में 74, कठुआ में 44, सांबा में 86, पुंछ में 31, रामबन में 149 और रियासी में 30 यात्रियों समेत 32 लोग संक्रमित मिले हैं। इनमें अधिकांश यात्री वैष्णो देवी के यात्री हैं। राजधानी श्रीनगर में 440, बारामुला में 136, बड़गाम में 177, पुलवामा में 45, कुपवाड़ा में 405, अनंतनाग में 108, कुलगाम में 209 संक्रमित मामले मिले हैं। मंगलवार को प्रदेश में 72559 कोविड परीक्षण किए गए। वर्तमान में जम्मू कश्मीर में 32558 सक्रिय मामले हैं। इसमें जम्मू संभाग में 8989 और 23569 मामले हैं।
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कोविड मौतों में अधिकांश पहले से बीमार
जम्मू कश्मीर में कोविड से हो रही मौतों में 90 से 95 फीसदी पहले से किन्हीं बीमारियों से पीड़ित थे। इनमें अधिकांश को मधुमेह, किडनी, ब्रेन हेमरेज, हृदय, लिवर आदि की समस्याएं थीं। हालांकि अधिकांश ने कोविड की दोनों खुराके ले रखी थीं। लेकिन संक्रमण के बाद उनकी हालत में ज्यादा सुधार नहीं हो पाया। इसके साथ कई ऐसे मामले भी मिले हैं, जिनमें मृतकों ने कोविड टीके की कोई खुराक नहीं ली थी। लेवल 1 अस्पताल जीएमसी में मौजूदा 50 से अधिक संक्रमित मरीज भर्ती हैं। जिनकी आयु अधिकांश 40 से 80 वर्ष के बीच है। इनमें आधे गंभीर अव्यस्था में हैं और उन्हें कई शारीरिक समस्याएं हैं। जीएमसी के माइक्रो बायोलाजी विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डा. संदीप डोगरा का कहना है कि कोविड संक्रमण को हल्के में लेना खासतौर पर बुजुर्ग और पहले से बीमार लोगों के लिए घातक साबित हो रहा है। ऐसे वर्ग के लोगों को लक्षण मिलने पर तुरंत डाक्टरी परामर्श और अस्पताल में आना चाहिए। जीएमसी में बड़ी संख्या में ऐसे संक्रमित मामले पहुंचते हैं जो घर से ही ज्यादा बीमार हो गए होते हैं, ऐसे में उनके स्वास्थ्य में जल्द सुधार नहीं हो पाता है।
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