{"_id":"4c09e044954dd540e6881e9f9052f28f","slug":"governor-s-rule-in-jammu-kashmir-hindi-news","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"'उमर की वजह से लगा कश्मीर में राज्यपाल शासन'","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
'उमर की वजह से लगा कश्मीर में राज्यपाल शासन'
Updated Mon, 12 Jan 2015 07:18 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
19 जनवरी से पहले रियासत में राज्यपाल शासन के लिए भाजपा विधायक लाल सिंह ने नेशनल कांफ्रेंस के कार्र्यकारी प्रधान एवं पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला को जिम्मेदार ठहराया है। सिंह का कहना है कि अगर उमर कार्यवाह मुख्यमंत्री पद से न हटते तो फिलहाल रियासत में राज्यपाल शासन की जरूरत नहीं थी।
विज्ञापन
जम्मू में सोमवार को पत्रकार वार्ता में लाल सिंह ने कहा कि भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व सरकार गठन के लिए पीडीपी समेत कई दलों से बातचीत कर रहा है और उम्मीद है कि जल्द ही रियासत में लोकतांत्रिक सरकार का गठन होगा।
विज्ञापन
बसोहली विधानसभा क्षेत्र से भाजपा के विधायक एवं पूर्व सांसद ने इस अवसर पर कहा कि पाकिस्तान की गोलाबारी की वजह से करीब पांच हजार सीमांत ग्रामीणों को पलायन करना पड़ा है।
विज्ञापन
पलायन में बढ़ाई लोगों की मुश्किलें
उन्होंने कहा कि पलायन में लोगों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ा है। बच्चों की पढ़ाई चौपट हो रही है। पिछले काफी अर्से से ऐसी हालत बनती आई है।
उन्होंने कहा कि पांच मरले जमीन का कदम तो स्वागत योग्य है, लेकिन अच्छा होगा कि सरकार सीमांत ग्रामीणों के लिए कश्मीरी पंडित विस्थापितों की तर्ज पर टाउनशिप तैयार करे, जहां पर शिक्षण संस्थानों से लेकर स्वास्थ्य और अन्य मूलभूत सभी सुविधाएं उपलब्ध हों।
उन्होंने कहा कि वह इस बाबत राज्यपाल एनएन वोहरा के अलावा भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व से भी आग्रह करेंगे।
उन्होंने कहा कि पांच मरले जमीन का कदम तो स्वागत योग्य है, लेकिन अच्छा होगा कि सरकार सीमांत ग्रामीणों के लिए कश्मीरी पंडित विस्थापितों की तर्ज पर टाउनशिप तैयार करे, जहां पर शिक्षण संस्थानों से लेकर स्वास्थ्य और अन्य मूलभूत सभी सुविधाएं उपलब्ध हों।
उन्होंने कहा कि वह इस बाबत राज्यपाल एनएन वोहरा के अलावा भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व से भी आग्रह करेंगे।