फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   Giriraj Singh said six lakh hectares of barren land will become food useful government will promote horticulture In Jammu and Kashmir

गिरिराज सिंह ने कहा: जम्मू-कश्मीर में छह लाख हेक्टेयर बंजर भूमि बनेगी खाद्य उपयोगी, बागवानी को बढ़ावा देगी सरकार

Sun, 03 Oct 2021 10:34 PM IST
प्रशांत कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू Published by: प्रशांत कुमार Updated Sun, 03 Oct 2021 10:34 PM IST
सार

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि उच्च घनत्व की बागवानी में अपार संभावनाएं हैं। हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर की जलवायु मिलती जुलती है। दोनों प्रदेशों की संस्थाओं से कहा गया है कि वे मिलकर काम करें। आपस में तालमेल से दोनों प्रदेशों को लाभ होगा।

विज्ञापन
Giriraj Singh said six lakh hectares of barren land will become food useful government will promote horticulture In Jammu and Kashmir
गिरिराज सिंह - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में छह लाख हेक्टेयर अनुपयोगी भूमि (वेस्ट लैंड) को कृषि और बागवानी के लिए इस्तेमाल किया जाएगा। भविष्य में आने वाले खाद्य संकट को लेकर केंद्र सरकार ने देश भर में 97 मिलियन हेक्टेयर अनुपयोगी भूमि को खाद्य उत्पादन से जोड़ने का लक्ष्य बनाया है। जम्मू-कश्मीर में बड़े स्तर पर भूमि चिह्नित भी कर ली गई है, जहां कृषि और बागवानी की गतिविधियां शुरू करवाई जाएंगी। केंद्रीय मंत्री कठुआ के बिलावर में आयोजित समारोह को संबोधित कर रहे थे।

विज्ञापन

यह भी पढ़ें- मोहन भागवत बोले: हिंदू समाज को एकजुट करना संघ का मुख्य उद्देश्य, जानिए क्यों कहा- काम अभी पूरा नहीं हुआ?    
विज्ञापन


गिरिराज सिंह ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में बंजर भूमि को खाद्य उत्पादन वाली भूमि बनाने के लिए विभिन्न सरकारी योजनाओं और संस्थाओं की मदद ली जाएगी। मनरेगा से लेकर पंचायती राज संस्थाओं की मदद से पौधरोपण किया जाएगा। जहां कृषि गतिविधि हो सकेगी, वहां फसलें उगाई जाएंगी। प्रदेश में बागवानी की बड़ी संभावना है। इसीलिए सरकार ने सघन बागवानी (हाई डेंसिटी) पौधरोपण में सब्सिडी के लिए एक कनाल भूमि को भी मान्य कर दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

यह भी पढ़ें- पाकिस्तान की साजिश: जम्मू में ड्रोन से गिराए हथियार, आतंकियों को टेलीस्कोप भेजने का मकसद कहीं ये तो नहीं?    

सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद जम्मू-कश्मीर में बदलाव और विकास की जो नींव रखी है उसे अब यहां के लोग भी महसूस कर रहे हैं। समारोह में डीडीसी अध्यक्ष महान सिंह, उपाध्यक्ष रघुनंदन सिंह बबलू, डीसी कठुआ राहुल यादव सहित अन्य मौजूद रहे। 
 

हिमाचल से मिलती है जलवायु, मिलकर काम करें

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि उच्च घनत्व की बागवानी में अपार संभावनाएं हैं। हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर की जलवायु मिलती जुलती है। दोनों प्रदेशों की संस्थाओं से कहा गया है कि वे मिलकर काम करें। आपस में तालमेल से दोनों प्रदेशों को लाभ होगा।

स्वयं सहायता समूहों के लिए राष्ट्रीय स्तर पर होगी मार्केटिंग
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से अच्छी गुणवत्ता वाले उत्पाद तैयार किए जा रहे हैं। इनके सामने मार्केटिंग की चुनौती है, जिसे दूर करने के लिए सरकार राष्ट्रीय स्तर पर मार्केटिंग का मंच तैयार कर रही है। स्थानीय उत्पादों को इससे बड़ा बाजार मिलेगा। उन्होंने स्वामित्व योजना के तहत भूमि सुधार व विवादों का निपटारा कर भू स्वामित्व देने पर भी जोर दिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed