{"_id":"5ab9cedd4f1c1b21578b6c0c","slug":"91522126557-jammu-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"श्रीनगर..भड़की हिंसा","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
श्रीनगर..भड़की हिंसा
Updated Tue, 27 Mar 2018 10:36 AM IST
विज्ञापन
श्रीनगर। दक्षिणी कश्मीर के पुलवामा जिले के खुनमुह मुठभेड़ में दो स्थानीय आतंकियों के मारे जाने के बाद जिले के कई इलाकों में हिंसक प्रदर्शन देखने को मिले। प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए सुरक्षा बलों को आंसू गैस के गोले भी दागने पड़े।
जानकारी के अनुसार स्थानीय आतंकियों के मारे जाने की खबर फैलते ही जिले के कई स्थानों पर हिंसक प्रदर्शन शुरू हो गए। बड़ी संख्या में युवा सड़क पर उतर आए और सुरक्षा बलों पर पथराव शुरू कर दिया। सुरक्षा बलों ने प्रदर्शनकारियों ने प्रदर्शनकारियोें को काबू करने के लिए हल्का बल प्रयोग करते हुए आंसू गैस के गोले दागे। इससे घाटी में चलने वाली रेल, मोबाइल इंटरनेट सेवाएं भी प्रभावित हुईं। मारे गए आतंकी रसिक अहमद भट उर्फ ओवैस के जनाजे में हजारों की संख्या में लोग शामिल हुए, जिसे नौदल त्राल में उसके पैतृक गांव में दफनाया गया। ओवैस को दफनाने के बाद स्थानीय युवाओं ने पथराव शुरू कर दिया। इसके अलावा जिले के मुरन चौक में भी प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच नोकझोंक देखने को मिली।
उधर अवंतीपोरा में शबीर के जनाजे में भी हजारों की संख्या में लोग शामिल हुए। इस दौरान लोगों ने आजादी के हक में नारेबाजी की। उसे अघंजीपोरा में उसके पैतृक गांव में दफनाया गया, जिसके बाद वहां भी स्थानीय युवाओं की सुरक्षा बलों के साथ भिड़ंत देखने को मिली। गौरतलब है कि रेल प्रबंधन द्वारा पहले ही हिंसा भड़कने की आशंका को ध्यान में रखते हुए बनिहाल-बारामुला रेल सेवा स्थगित कर दी गई थी। उसके साथ-साथ खुनमुह, अवंतीपोरा, और जिले के कई इलाकों में मोबाइल इंटरनेट सेवा बंद रही।
विज्ञापन
विज्ञापन
जानकारी के अनुसार स्थानीय आतंकियों के मारे जाने की खबर फैलते ही जिले के कई स्थानों पर हिंसक प्रदर्शन शुरू हो गए। बड़ी संख्या में युवा सड़क पर उतर आए और सुरक्षा बलों पर पथराव शुरू कर दिया। सुरक्षा बलों ने प्रदर्शनकारियों ने प्रदर्शनकारियोें को काबू करने के लिए हल्का बल प्रयोग करते हुए आंसू गैस के गोले दागे। इससे घाटी में चलने वाली रेल, मोबाइल इंटरनेट सेवाएं भी प्रभावित हुईं। मारे गए आतंकी रसिक अहमद भट उर्फ ओवैस के जनाजे में हजारों की संख्या में लोग शामिल हुए, जिसे नौदल त्राल में उसके पैतृक गांव में दफनाया गया। ओवैस को दफनाने के बाद स्थानीय युवाओं ने पथराव शुरू कर दिया। इसके अलावा जिले के मुरन चौक में भी प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच नोकझोंक देखने को मिली।
विज्ञापन
उधर अवंतीपोरा में शबीर के जनाजे में भी हजारों की संख्या में लोग शामिल हुए। इस दौरान लोगों ने आजादी के हक में नारेबाजी की। उसे अघंजीपोरा में उसके पैतृक गांव में दफनाया गया, जिसके बाद वहां भी स्थानीय युवाओं की सुरक्षा बलों के साथ भिड़ंत देखने को मिली। गौरतलब है कि रेल प्रबंधन द्वारा पहले ही हिंसा भड़कने की आशंका को ध्यान में रखते हुए बनिहाल-बारामुला रेल सेवा स्थगित कर दी गई थी। उसके साथ-साथ खुनमुह, अवंतीपोरा, और जिले के कई इलाकों में मोबाइल इंटरनेट सेवा बंद रही।
विज्ञापन