{"_id":"619739deeb0035345f30bae1","slug":"cat-bench-opened-in-srinagar-too-18-000-cases-to-be-transferred","type":"story","status":"publish","title_hn":"जम्मू-कश्मीर: श्रीनगर में भी कैट की पीठ खुली, 18 हजार मामले होंगे स्थानांतरित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जम्मू-कश्मीर: श्रीनगर में भी कैट की पीठ खुली, 18 हजार मामले होंगे स्थानांतरित
Fri, 19 Nov 2021 11:15 AM IST
विमल शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू/ एजेंसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू/ एजेंसी
Published by: विमल शर्मा
Updated Fri, 19 Nov 2021 11:15 AM IST
सार
केंद्र सरकार ने श्रीनगर में भी केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण (कैट) की पीठ बना दी है। इससे पहले पीठ जम्मू में ही थी जहां जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख के सभी 22 जिलों में केंद्र सरकार के कर्मचारियों के सेवा मामलों का फैसला होता था।
विज्ञापन
Central Administrative Tribunal
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
केंद्र सरकार ने श्रीनगर में भी केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण (कैट) की पीठ बना दी है। इससे पहले पीठ जम्मू में ही थी जहां जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख के सभी 22 जिलों में केंद्र सरकार के कर्मचारियों के सेवा मामलों का फैसला होता था। अगले सोमवार से श्रीनगर में इन मामलों की सुनवाई शुरू होने की उम्मीद है। जम्मू बेंच से लगभग 17 से 19 हजार मामले श्रीनगर स्थानांतरित होंगे।
विज्ञापन
कार्मिक मंत्रालय ने पिछले साल मई में जम्मू में जम्मू- कश्मीर और लद्दाख पर अपने अधिकार क्षेत्र के साथ एक बेंच बनाने की घोषणा की थी। कैट की जम्मू पीठ के अधिकार क्षेत्र में डोडा, जम्मू, कठुआ, किश्तवाड़, रियासी, पुंछ, राजोरी, रामबन, सांबा, उधमपुर जिलों शामिल होंगे। जबकि लद्दाख प्रदेश का लेह जिला भी इसमें शामिल होगा।
विज्ञापन
श्रीनगर की दूसरी पीठ के अधिकार क्षेत्र में श्रीनगर, अनंतनाग, बांदीपोरा, बारामुला, बडगाम, गांदरबल, कुलगाम, कुपवाड़ा, पुलवामा, शोपियां तथा लद्दाख का कारगिल शामिल होगा। बताते हैं कि श्रीनगर बैंच को मामले स्थानांतरित होने के बाद जम्मू पीठ के पास लगभग 19 हजार मामले रह जाएंगे। मुकदमों का बोझ कम होने से जल्द सुनवाई सुनिश्चित हो सकेगी, जिससे इंसाफ जल्द मिल सकेगा।
विज्ञापन
जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट बार के पूर्व अध्यक्ष व भाजपा प्रवक्ता अभिनव शर्मा ने श्रीनगर में पीठ स्थापित करने के लिए केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह से चार बार आग्रह किया था।