अमरनाथ के बराबर मिलता है यहां जाने का पुण्य
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हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी श्री बूढ़ा अमरनाथ यात्रा की तैयारियां जोरों पर हैं। भारी उल्लास के साथ यात्रा एक सप्ताह तक चलेगी। इस पावन यात्रा का विधिवत उद्घाटन आगामी 31 जुलाई को किया जाएगा। पहली अगस्त को आधार शिविर भगवती नगर जम्मू से पहला जत्था पुंछ के लिए रवाना होगा।
सोमवार को इस आशय की जानकारी विश्व हिंदू परिषद शाखा जम्मू की ओर से एक पत्रकार वार्ता के दौरान दी गई। इस मौके पर विहिप प्रांत सहमंत्री नीशु गुप्ता तथा विभाग महामंत्री युगवीर गुप्ता ने बताया कि पहली अगस्त को श्री बूढ़ा अमरनाथ यात्रा आरंभ होगी।
वहीं, इस पावन यात्रा का पहला जत्था रवाना होकर अपने अगले पड़ाव की ओर बढ़ेगा। उन्होंने बताया कि ऐसा अनुमान है कि इस यात्रा में करीब चार लाख शिवभक्त श्री बूढ़ा अमरनाथ के दर्शन करेंगे, इस बार प्रशासनिक स्तर पर भी यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम होगा।
यह साप्ताहिक यात्रा होती है तथा श्रावण पूर्णिमा के दिन पावन यात्रा छड़ी मुबारक पूजन उत्सव के साथ संपन्न होती है। पत्रकार वार्ता के दौरान रघुवीर सिंह, दुर्गा वाहिनी की अंबिका ठाकुर, बजरंग दल के कपिल कोहली और ईशान शर्मा पत्रकार वार्ता में उपस्थित रहे।
सुबह पांच बजे रवाना होगा पहला जत्था
श्री बूढ़ा अमरनाथ यात्रा का पहला जत्था पहली अगस्त को भगवती नगर से सुबह पांच बजे रवाना होगा। जम्मू से पुंछ जिले के राजपुरा मंडी गांव तक 240 किलोमीटर की इस पावन यात्रा में कई पड़ाव होंगे तथा विश्राम के साथ बाबा बूढ़ा अमरनाथ तक शिवभक्त पहुंचेंगे।
9 साल से चल रहा है आयोजन
बजरंग दल की ओर से यात्रा वर्ष 2005 से अखिल भारतीय स्तर पर आरंभ की गई थी। इस तरह नौ वर्षों से यात्रा निरंतर चल रही है। इस वर्ष इस यात्रा के दौरान सुंदरबनी पड़ाव में माता मंगला देवी के पौराणिक मंदिर के भी दर्शन करवाए जाएंगे।
यात्रा के होंगे पांच पड़ाव
इस पावन यात्रा का पहला पड़ाव अखनूर के पांडव गुफा का मंदिर होगा, जहां पहुंच कर शिवभक्त को भंडारे का प्रसाद ग्रहण करेंगे। वहीं दूसरा पड़ाव सुंदरबनी होगा। तीसरे पड़ाव में नौशेरा के जंगड़बेला में मां भगवती का मंदिर होगा।
चौथे पड़ाव में राजोरी होगा। श्रद्धालु दिन के दो बजे पहुंचेंगे तथा विधिवत पूजन के बाद भंडारा प्रसाद वितरित होगा। अंतिम पड़ाव पुंछ होगा, जहां रात्रि विश्राम के बाद यात्रा जत्था सुबह सात बजे रवाना होगा।