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Udhampur News: नाबालिग बच्ची की कस्टडी से जुड़ी याचिका रामनगर कोर्ट में स्थानांतरित
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उधमपुर। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश उधमपुर की अदालत ने तीन वर्षीय नाबालिग बच्ची की कस्टडी से संबंधित याचिका को आगे की सुनवाई के लिए सब जज रामनगर की अदालत में स्थानांतरित करने के आदेश दिए हैं। यह आदेश प्रधान जिला न्यायाधीश कल्पना रेवो की अदालत ने पारित किया।
मामला रामनगर निवासी राकेश कुमार की ओर से दायर किया गया था। याचिका में हिंदू अल्पसंख्यक एवं संरक्षकता अधिनियम की धारा 6 तथा संरक्षक एवं प्रतिपाल्य अधिनियम की धाराओं 7 और 25 के तहत उनकी तीन वर्षीय नाबालिग बच्ची की कस्टडी दिलाने की मांग की गई थी।
अदालत ने रिकॉर्ड का अवलोकन करने के बाद पाया कि प्रतिवादी जम्मू जिले के गांव डंसाल में रह रही हैं, जबकि याचिकाकर्ता रामनगर तहसील के गांव सत्या में रहता है। आदेश में कहा गया कि सब जज रामनगर को संरक्षक एवं प्रतिपाल्य अधिनियम के तहत ऐसे मामलों की सुनवाई का अधिकार प्राप्त है। ऐसे में दोनों पक्षों के लिए अपने स्थानीय क्षेत्राधिकार वाली अदालत में पेश होना सुविधाजनक रहेगा।
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इसके बाद प्रधान जिला न्यायाधीश ने याचिका की मूल फाइल और संबंधित रिकॉर्ड को नियमानुसार सब जज रामनगर की अदालत में स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। मामले को आगे की कार्रवाई के लिए 19 सितंबर 2026 को रामनगर की अदालत में पेश करने को कहा गया है।
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मामला रामनगर निवासी राकेश कुमार की ओर से दायर किया गया था। याचिका में हिंदू अल्पसंख्यक एवं संरक्षकता अधिनियम की धारा 6 तथा संरक्षक एवं प्रतिपाल्य अधिनियम की धाराओं 7 और 25 के तहत उनकी तीन वर्षीय नाबालिग बच्ची की कस्टडी दिलाने की मांग की गई थी।
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अदालत ने रिकॉर्ड का अवलोकन करने के बाद पाया कि प्रतिवादी जम्मू जिले के गांव डंसाल में रह रही हैं, जबकि याचिकाकर्ता रामनगर तहसील के गांव सत्या में रहता है। आदेश में कहा गया कि सब जज रामनगर को संरक्षक एवं प्रतिपाल्य अधिनियम के तहत ऐसे मामलों की सुनवाई का अधिकार प्राप्त है। ऐसे में दोनों पक्षों के लिए अपने स्थानीय क्षेत्राधिकार वाली अदालत में पेश होना सुविधाजनक रहेगा।
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इसके बाद प्रधान जिला न्यायाधीश ने याचिका की मूल फाइल और संबंधित रिकॉर्ड को नियमानुसार सब जज रामनगर की अदालत में स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। मामले को आगे की कार्रवाई के लिए 19 सितंबर 2026 को रामनगर की अदालत में पेश करने को कहा गया है।