फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Sirmour News ›   forest department recover fine 7 lakh in illegale minning

अवैध खनन पर वसूला पौने सात लाख रुपये जुर्माना

Wed, 28 Apr 2021 11:58 PM IST
Shimla	 Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Wed, 28 Apr 2021 11:58 PM IST
विज्ञापन
forest department recover fine 7 lakh in illegale minning
पांवटा(सिरमौर)। वन विभाग की टीम ने अपने अधीन आने वाले क्षेत्रों में अवैध खनन को अंजाम दे रहे वाहन संचालकों पर बड़ी कार्रवाई की है। अवैध खनन करने के बाद सामग्री की ढुलाई में लगाई गई जेसीबी, ट्रैक्टर और छह ट्रकों के संचालकों पर विभाग ने पौने सात लाख रुपये का जुर्माना ठोका है। सभी वाहन जब्त कर लिए गए हैं। विभाग की इस कार्रवाई से अवैध खननकारियों में हड़कंप मच गया है।
विज्ञापन

जानकारी के अनुसार वन विभाग को गुप्त सूचना मिल रही थी कि केदारपुर इलाके से सटे इलाकों में अवैध खनन को अंजाम दिया जा रहा है। रात के अंधेरे में हो रहे अवैध खनन पर विभाग की टीम ने दबिश दी। बीओ सुमंत, वनरक्षक संदीप, यशपाल और रतन ने केदारपुर में दबिश देकर एक जेसीबी और एक ट्रैक्टर को कब्जे में लिया। टीम ने वाहनों को वनमंडल कार्यालय में लाकर एक लाख रुपये जुर्माना वसूला।
विज्ञापन

वहीं, बहराल क्षेत्र में दबिश देकर खनन सामग्री की ढुलाई में लगे छह ट्रक पकड़े गए। वहीं बहराल क्षेत्र में अवैध खनन के बाद माल ढो रहे छह ट्रक भी टीम के हत्थे चढ़े। जब इनकी जांच की गई तो यह कोई कागजात नहीं दिखा पाए। इसके बाद वन विभाग की टीम ने इन ट्रक संचालकों से 5,77,920 जुर्माना वसूला। इसकी पुष्टि डीएफओ पांवटा कुणाल अंग्रीश ने की है। उन्होंने बताया कि अवैध खनन का कार्य करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। इस मामले में वन विभाग कड़ी कार्रवाई करेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

--------------
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed