{"_id":"64f07cfa499ce775ef01f286","slug":"bjp-alleges-mismanagement-in-distribution-of-disaster-relief-nahan-news-c-177-1-ssml1029-7166-2023-08-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"आपदा राहत वितरण में हो रही बंदरबांट : भाजपा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आपदा राहत वितरण में हो रही बंदरबांट : भाजपा
विज्ञापन
दस हजार की राहत देने के दावे खोखले
किसी को 10,000 तो किसी को तिरपाल तक नहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
ददाहू (सिरमौर)। रेणुका भाजपा ने फौरी राहत वितरण में बंदरबांट का आरोप लगाया है। भाजपा ने कहा कि ददाहू तहसील के अंतर्गत बाढ़ और भूस्खलन से कई परिवारों के आशियाने उजड़ गए हैं। उन परिवारों को प्रशासन की ओर से दी राहत राशि में जमकर धांधली हुई है।
रेणुकाजी भाजपा मंडल वरिष्ठ भाजपा नेता नारायण सिंह और मंडल अध्यक्ष राजेंद्र ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार प्रभावितों को हरसंभव सहायता देने और फौरी राहत के रूप में 10,000 रुपये की राशि देने के दावे कर रही है। प्रभावितों को प्रशासन की ओर से जो राहत राशि वितरित की गई है वह ऊंट के मुंह में जीरे के समान है।
उन्होंने बताया कि खादरी गांव में दो घरों को भारी नुकसान हुआ है। इनमें से केवल एक घर को मात्र 2000 की फौरी राहत दी गई। धूबुड़ी गांव में 11 घरों को नुकसान हुआ है। इनमें से मात्र चार परिवारों को ही दो-दो हजार रुपये की सहायता दी गई।
विज्ञापन
जरग पंचायत के आलिया गांव में 14 घरों का नुकसान हुआ है। इनमें से एक परिवार को 2,000 दूसरे को 10,000 रुपये आबंटित किए गए। जबकि 12 घर राहत से वंचित हैं।
कमलाड़ पंचायत में 40 घरों को नुकसान हुआ है। इनमें से 22 घर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हुए हैं। इनमें से कुछ घरों को ही 2000-2000 रुपये राहत के तौर पर दिए गए। कुछ परिवारों को तिरपाल तक भी नसीब नहीं हुई। उन्होंने बताया कि 10,000 की फौरी राहत देने के प्रदेश सरकार के दावे खोखले हैं।
तहसीलदार ददाहू राजेंद्र ठाकुर ने बताया कि फौरी राहत वितरण में किसी भी प्रकार का भेदभाव नहीं किया गया है। आकलन के अनुसार ही राहत राशि दी गई है। कुछ लोगों ने फौरी राहत लेने से इनकार कर दिया है। जिन प्रभावितों को 2000-2000 की फौरी राहत दी है उन सभी के मामले जिला प्रशासन को भेज दिए हैं। उन्हें 8,000-8,000 रुपये की राशि अलग से दी जा रही है। संवाद
विज्ञापन
किसी को 10,000 तो किसी को तिरपाल तक नहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
ददाहू (सिरमौर)। रेणुका भाजपा ने फौरी राहत वितरण में बंदरबांट का आरोप लगाया है। भाजपा ने कहा कि ददाहू तहसील के अंतर्गत बाढ़ और भूस्खलन से कई परिवारों के आशियाने उजड़ गए हैं। उन परिवारों को प्रशासन की ओर से दी राहत राशि में जमकर धांधली हुई है।
रेणुकाजी भाजपा मंडल वरिष्ठ भाजपा नेता नारायण सिंह और मंडल अध्यक्ष राजेंद्र ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार प्रभावितों को हरसंभव सहायता देने और फौरी राहत के रूप में 10,000 रुपये की राशि देने के दावे कर रही है। प्रभावितों को प्रशासन की ओर से जो राहत राशि वितरित की गई है वह ऊंट के मुंह में जीरे के समान है।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि खादरी गांव में दो घरों को भारी नुकसान हुआ है। इनमें से केवल एक घर को मात्र 2000 की फौरी राहत दी गई। धूबुड़ी गांव में 11 घरों को नुकसान हुआ है। इनमें से मात्र चार परिवारों को ही दो-दो हजार रुपये की सहायता दी गई।
विज्ञापन
जरग पंचायत के आलिया गांव में 14 घरों का नुकसान हुआ है। इनमें से एक परिवार को 2,000 दूसरे को 10,000 रुपये आबंटित किए गए। जबकि 12 घर राहत से वंचित हैं।
कमलाड़ पंचायत में 40 घरों को नुकसान हुआ है। इनमें से 22 घर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हुए हैं। इनमें से कुछ घरों को ही 2000-2000 रुपये राहत के तौर पर दिए गए। कुछ परिवारों को तिरपाल तक भी नसीब नहीं हुई। उन्होंने बताया कि 10,000 की फौरी राहत देने के प्रदेश सरकार के दावे खोखले हैं।
तहसीलदार ददाहू राजेंद्र ठाकुर ने बताया कि फौरी राहत वितरण में किसी भी प्रकार का भेदभाव नहीं किया गया है। आकलन के अनुसार ही राहत राशि दी गई है। कुछ लोगों ने फौरी राहत लेने से इनकार कर दिया है। जिन प्रभावितों को 2000-2000 की फौरी राहत दी है उन सभी के मामले जिला प्रशासन को भेज दिए हैं। उन्हें 8,000-8,000 रुपये की राशि अलग से दी जा रही है। संवाद