{"_id":"6957fa57e6e79a4b5f0fe141","slug":"cleaning-workers-picked-up-pickaxes-and-shovels-to-restore-underground-sewerage-chambers-mandi-news-c-90-1-ssml1025-181376-2026-01-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mandi News: सफाई कर्मचारियों ने गैंती-बेलचा उठा कर बहाल किए भूमिगत सीवरेज चैंबर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mandi News: सफाई कर्मचारियों ने गैंती-बेलचा उठा कर बहाल किए भूमिगत सीवरेज चैंबर
Fri, 02 Jan 2026 10:33 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
Updated Fri, 02 Jan 2026 10:33 PM IST
विज्ञापन
नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर में अवरूद्ध पड़े सीवरेज चैंबरों को साफ करते अस्पताल के सफाई कर्मचारी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर की स्वच्छता के लिए तैनात सफाई कर्मचारियों ने बंद पड़े भूमिगत चैंबरों को खुद गैंती-बेलचा उठाकर बहाल किया। अस्पताल के शौचालयों में दूषित पानी के रिसाव के लिए मुसीबत बन चुके चैंबरों के अवरुद्ध होने से अस्पताल में संक्रमण की संभावनाएं बढ़ गई थी।
अस्पताल में तैनात महिला और पुरुष सफाई कर्मचारियों के इस कार्य की हर कोई प्रशंसा कर रहा है। सफाई कर्मचारियों के इस श्रमदान पर मुख्य चिकित्साधिकारी ने भी उनकी पीठ थपथपाई है। पांच मंजिला अस्पताल भवन के सभी शौचालयों की निकासी के लिए भूमिगत चैंबर कई दिनों से अवरुद्ध होने से लोगों को परेशानी हो रही थी। समस्या के समाधान को लेकर अस्पताल प्रशासन ने कई मर्तबा संबंधित विभाग को सूचित किया। बंद पड़े अस्पताल के पांच चैंबरों को रिकॉर्ड 48 घंटों में बहाल कर सफाई कर्मचारियों ने विभाग की उदासीनता को आईना भी दिखाया। वहीं, जोगिंद्रनगर अस्पताल के एसएमओ डॉ. विकास नाथ ने बताया कि इस कदम से स्वास्थ्य कर्मियों को ही नहीं बल्कि उपचार के लिए पहुंच रहे सैकड़ों मरीजों को भी राहत मिली है।
उधर, जोगिंद्रनगर अस्पताल में कई सालों से पानी का रिसाव होने से भवन खराब हो रहे हैं। इस पर चिंता व्यक्त करते हुए सीएमओ मंडी डॉ. दिपाली शर्मा ने अस्पताल प्रशासन से जवाब तलब कर लोक निर्माण विभाग की उदासीनता पर सवाल उठाए हैं। साथ ही असुरक्षित हो रहे भवन की स्टेटस रिपोर्ट लोक निर्माण विभाग से हासिल करने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
अस्पताल में तैनात महिला और पुरुष सफाई कर्मचारियों के इस कार्य की हर कोई प्रशंसा कर रहा है। सफाई कर्मचारियों के इस श्रमदान पर मुख्य चिकित्साधिकारी ने भी उनकी पीठ थपथपाई है। पांच मंजिला अस्पताल भवन के सभी शौचालयों की निकासी के लिए भूमिगत चैंबर कई दिनों से अवरुद्ध होने से लोगों को परेशानी हो रही थी। समस्या के समाधान को लेकर अस्पताल प्रशासन ने कई मर्तबा संबंधित विभाग को सूचित किया। बंद पड़े अस्पताल के पांच चैंबरों को रिकॉर्ड 48 घंटों में बहाल कर सफाई कर्मचारियों ने विभाग की उदासीनता को आईना भी दिखाया। वहीं, जोगिंद्रनगर अस्पताल के एसएमओ डॉ. विकास नाथ ने बताया कि इस कदम से स्वास्थ्य कर्मियों को ही नहीं बल्कि उपचार के लिए पहुंच रहे सैकड़ों मरीजों को भी राहत मिली है।
विज्ञापन
उधर, जोगिंद्रनगर अस्पताल में कई सालों से पानी का रिसाव होने से भवन खराब हो रहे हैं। इस पर चिंता व्यक्त करते हुए सीएमओ मंडी डॉ. दिपाली शर्मा ने अस्पताल प्रशासन से जवाब तलब कर लोक निर्माण विभाग की उदासीनता पर सवाल उठाए हैं। साथ ही असुरक्षित हो रहे भवन की स्टेटस रिपोर्ट लोक निर्माण विभाग से हासिल करने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन