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Kullu News: कुल्लू में पैराग्लाइडिंग, रिवर राफ्टिंग-क्राॅसिंग पर प्रतिबंध
Fri, 27 Jun 2025 10:29 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
Updated Fri, 27 Jun 2025 10:29 PM IST
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जिला प्रशासन ने आगामी आदेशों तक लगाई रोक, हूटर या माइक प्रणाली सक्रिय रखे के निर्देश
टूर ऑपरेटर्स, साहसिक खेल एजेंसियों को सुरक्षा मानकों पर जागरूक करने को दिए दिशा-निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। जिले में साहसिक गतिविधियों पर रोक लगा दी गई है। उपायुक्त के आगामी आदेशों तक जिले में रिवर राफ्टिंग, रिवर क्रॉसिंग, पैराग्लाइडिंग, जिप लाइन आदि गतिविधियां नहीं करवाई जा सकेंगी। उन्होंने टूर ऑपरेटर्स, साहसिक खेल एजेंसियों को सुरक्षा मानकों पर जागरूक करने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए।
शुक्रवार को उपायुक्त ने आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 की धारा 33 व 34 के अंतर्गत सभी जल विद्युत परियोजनाओं में अर्ली वार्निंग सिस्टम पूरी तरह कार्यशील रखने, सायरन, हूटर या माइक प्रणाली सक्रिय रखने और अचानक जल छोड़ने या जलस्तर बढ़ने की स्थिति में तत्काल सक्रिय करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी एसडीएम को मानक संचालन प्रक्रिया सुनिश्चित करने को कहा। तहसीलदार, श्रम अधिकारी और थाना प्रभारी के साथ समिति बनाकर नदी किनारे बसे, अवैध निर्माण, झुग्गियां आदि की पहचान और निष्कासन की कार्रवाई करने के आदेश दिए। उन्होंने मौसम संबंधी सूचनाओं की जानकारी मोबाइल एप के जरिये देने को कहा।
होटलों, रेस्तरां की अेार से नदी के किनारे बनाए ओपन सिटिंग एरिया को तत्काल हटाने और एसडीएम, पर्यटन, पुलिस टीम नियमित गश्त करने के आदेश दिए। वन विभाग को ट्रेकिंग और कैंपिंग के लिए आईएमडी अलर्ट या खराब मौसम में अनुमति जारी करने के लिए मना किया गया है।
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बागवानी, कृषि विभाग, एपीएमसी सचिव, प्रधान सुनिश्चित करें कि कोई भी मजदूर नदी के किनारे, खड्डों या जलधाराओं के पास न रुकें। उद्योग विभाग सुनिश्चित करेगा कि नदियों और खड्डों में अवैध खनन न हो। सभी स्कूल, कॉलेज, तकनीकी संस्थान, नर्सिंग कॉलेज छात्रों व स्टाफ को जागरूक कर और उन्हें नालों, पुलों और नदियों से दूर रहने की सलाह देने को कहा गया है।
जिला पंचायत अधिकारी और परियोजना अधिकारी डीआरडीए को सभी पंचायतों में लोगों को जागरूक करने के लिए विशेष ग्राम सभाएं आयोजित करने को निर्देश दिए।
सभी विभाग को मौसम विभाग से मिली जानकारी की नियमित मॉनिटरिंग व जनता,पर्यटकों, होटलों तक प्रचारित करने के लिए कहा गया है।
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टूर ऑपरेटर्स, साहसिक खेल एजेंसियों को सुरक्षा मानकों पर जागरूक करने को दिए दिशा-निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। जिले में साहसिक गतिविधियों पर रोक लगा दी गई है। उपायुक्त के आगामी आदेशों तक जिले में रिवर राफ्टिंग, रिवर क्रॉसिंग, पैराग्लाइडिंग, जिप लाइन आदि गतिविधियां नहीं करवाई जा सकेंगी। उन्होंने टूर ऑपरेटर्स, साहसिक खेल एजेंसियों को सुरक्षा मानकों पर जागरूक करने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए।
शुक्रवार को उपायुक्त ने आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 की धारा 33 व 34 के अंतर्गत सभी जल विद्युत परियोजनाओं में अर्ली वार्निंग सिस्टम पूरी तरह कार्यशील रखने, सायरन, हूटर या माइक प्रणाली सक्रिय रखने और अचानक जल छोड़ने या जलस्तर बढ़ने की स्थिति में तत्काल सक्रिय करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी एसडीएम को मानक संचालन प्रक्रिया सुनिश्चित करने को कहा। तहसीलदार, श्रम अधिकारी और थाना प्रभारी के साथ समिति बनाकर नदी किनारे बसे, अवैध निर्माण, झुग्गियां आदि की पहचान और निष्कासन की कार्रवाई करने के आदेश दिए। उन्होंने मौसम संबंधी सूचनाओं की जानकारी मोबाइल एप के जरिये देने को कहा।
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होटलों, रेस्तरां की अेार से नदी के किनारे बनाए ओपन सिटिंग एरिया को तत्काल हटाने और एसडीएम, पर्यटन, पुलिस टीम नियमित गश्त करने के आदेश दिए। वन विभाग को ट्रेकिंग और कैंपिंग के लिए आईएमडी अलर्ट या खराब मौसम में अनुमति जारी करने के लिए मना किया गया है।
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बागवानी, कृषि विभाग, एपीएमसी सचिव, प्रधान सुनिश्चित करें कि कोई भी मजदूर नदी के किनारे, खड्डों या जलधाराओं के पास न रुकें। उद्योग विभाग सुनिश्चित करेगा कि नदियों और खड्डों में अवैध खनन न हो। सभी स्कूल, कॉलेज, तकनीकी संस्थान, नर्सिंग कॉलेज छात्रों व स्टाफ को जागरूक कर और उन्हें नालों, पुलों और नदियों से दूर रहने की सलाह देने को कहा गया है।
जिला पंचायत अधिकारी और परियोजना अधिकारी डीआरडीए को सभी पंचायतों में लोगों को जागरूक करने के लिए विशेष ग्राम सभाएं आयोजित करने को निर्देश दिए।
सभी विभाग को मौसम विभाग से मिली जानकारी की नियमित मॉनिटरिंग व जनता,पर्यटकों, होटलों तक प्रचारित करने के लिए कहा गया है।