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कोरोना संक्रमित मरीज बढ़े, एनआईटी हमीरपुर में संस्थागत क्वारंटीन सेंटर तैयार
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हमीरपुर। हमीरपुर उपमंडल के अंतर्गत ग्राम पंचायत डुग्घा में कोविड-19 संक्रमण का एक मामला सामने आने के बाद इस पंचायत के दो वार्डों को कंटेनमेंट जोन घोषित किया गया है। जिला दंडाधिकारी हरिकेश मीणा ने आदेश जारी कर इन क्षेत्रों में कर्फ्यू में दी गई ढील भी समाप्त कर दी है। आदेशों के अनुसार ग्राम पंचायत डुग्घा के वार्ड नंबर-5 (डुग्घाखुर्द-1) तथा वार्ड नंबर-6 (डुग्घाखुर्द-2) को कंटेनमेंट जोन में रखा गया है। इन क्षेत्रों में कोई भी व्यक्ति अथवा वाहन बाहर से भीतर या भीतर से बाहर नहीं आ-जा सकेगा।
हरिकेश मीणा ने कहा कि रेड जोन से हमीरपुर जिले में आने वाले लोगों को संस्थागत संगरोध केंद्रों में रखने के लिए समुचित प्रबंध किए गए हैं और प्राथमिकता के आधार पर इनके नमूने इत्यादि जांच के लिए भेजे जा रहे हैं। महाराष्ट्र के ठाणे तथा गुजरात के अहमदाबाद से रेलगाड़ियों में हमीरपुर जिले के लोग वापस आ रहे हैं। जिला में संस्थागत संगरोध स्थलों की क्षमता को बढ़ाया जा रहा है। राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान हमीरपुर के हॉस्टल को भी संस्थागत संगरोध स्थल के लिए चिह्नित किया गया है। यहां पर लगभग 180 बिस्तरों की क्षमता होगी। लोगों को अलग-अलग कमरों में रखने के लिए सभी आवश्यक प्रबंध किए गए हैं। यहां सेवाएं देने वाले कर्मचारियों व अन्य स्टाफ को समुचित प्रशिक्षण दिया गया है। जिले में हाल ही में कनार्टक से 89 तथा चेन्नई से 18 लोग पहुंचे हैं। संस्थागत संगरोध के दौरान इनके नमूने इत्यादि लेने के बाद रिपोर्ट निगेटिव आने पर इन्हें गृह संगरोध के लिए भेज दिया गया है। इसी प्रकार ग्रीन जोन गोवा से आए 72 लोग कड़े गृह संगरोध में रखे गए हैं। मुंबई से आए 167 तथा पुणे से लौटे 68 लोगों के नमूने भी जांच के लिए भेजे गए थे। इनमें से जो व्यक्ति संक्रमित पाए गए हैं, उन्हें सेकंडरी तथा प्राइमरी आईसोलेशन सुविधा स्थलों में उपचार के लिए भेजा गया है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 संक्रमित व्यक्तियों के उपचार में सभी मानक संचालन प्रक्रियाओं (एसओपी) की अनुपालना की जा रही है।
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हरिकेश मीणा ने कहा कि रेड जोन से हमीरपुर जिले में आने वाले लोगों को संस्थागत संगरोध केंद्रों में रखने के लिए समुचित प्रबंध किए गए हैं और प्राथमिकता के आधार पर इनके नमूने इत्यादि जांच के लिए भेजे जा रहे हैं। महाराष्ट्र के ठाणे तथा गुजरात के अहमदाबाद से रेलगाड़ियों में हमीरपुर जिले के लोग वापस आ रहे हैं। जिला में संस्थागत संगरोध स्थलों की क्षमता को बढ़ाया जा रहा है। राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान हमीरपुर के हॉस्टल को भी संस्थागत संगरोध स्थल के लिए चिह्नित किया गया है। यहां पर लगभग 180 बिस्तरों की क्षमता होगी। लोगों को अलग-अलग कमरों में रखने के लिए सभी आवश्यक प्रबंध किए गए हैं। यहां सेवाएं देने वाले कर्मचारियों व अन्य स्टाफ को समुचित प्रशिक्षण दिया गया है। जिले में हाल ही में कनार्टक से 89 तथा चेन्नई से 18 लोग पहुंचे हैं। संस्थागत संगरोध के दौरान इनके नमूने इत्यादि लेने के बाद रिपोर्ट निगेटिव आने पर इन्हें गृह संगरोध के लिए भेज दिया गया है। इसी प्रकार ग्रीन जोन गोवा से आए 72 लोग कड़े गृह संगरोध में रखे गए हैं। मुंबई से आए 167 तथा पुणे से लौटे 68 लोगों के नमूने भी जांच के लिए भेजे गए थे। इनमें से जो व्यक्ति संक्रमित पाए गए हैं, उन्हें सेकंडरी तथा प्राइमरी आईसोलेशन सुविधा स्थलों में उपचार के लिए भेजा गया है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 संक्रमित व्यक्तियों के उपचार में सभी मानक संचालन प्रक्रियाओं (एसओपी) की अनुपालना की जा रही है।
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