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चरस के दोषी को पांच साल का कठोर कारावास
Updated Thu, 22 Mar 2018 11:02 PM IST
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हमीरपुर। जिला एवं सत्र न्यायालय हमीरपुर ने चरस के दोषी को पांच साल कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही दोषी को एक लाख रुपये जुर्माना भी भरना होगा। जुर्माना न भरने की सूरत में एक साल का अतिरिक्त कारावास की सजा काटनी होगी। जिला एवं सत्र न्यायाधीश पदम सिंह ठाकुर की अदालत ने वीरवार को आरोप सिद्ध होने पर दोषी को यह सजा सुनाई है।
जिला न्यायवादी चंद्रशेखर भाटिया ने बताया कि 28 अक्तूबर 2015 को विजिलेंस विभाग के उपनिरीक्षक राजेंद्र कुमार और अन्य कर्मचारियों ने झनियारा में नाका लगाया हुआ था। नाके के दौरान संजीव कुमार निवासी गांव मांज, डाकघर मुंडखर तहसील भोरंज जिला हमीरपुर अपनी कार में सवार होकर आया। पुलिस ने कार चालक को चेकिंग के लिए रोका तो कार से 400 ग्राम चरस बरामद हुई। इस पर विजिलेंस थाना हमीरपुर में आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज किया गया। सरकार की तरफ से इस मामले में 11 गवाह अदालत में पेश हुए। मुकदमे की तफ्तीश राजेंद्र कुमार, जबकि मामले की पैरवी उप जिला न्यायवादी एनएस चौहान ने की।
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जिला न्यायवादी चंद्रशेखर भाटिया ने बताया कि 28 अक्तूबर 2015 को विजिलेंस विभाग के उपनिरीक्षक राजेंद्र कुमार और अन्य कर्मचारियों ने झनियारा में नाका लगाया हुआ था। नाके के दौरान संजीव कुमार निवासी गांव मांज, डाकघर मुंडखर तहसील भोरंज जिला हमीरपुर अपनी कार में सवार होकर आया। पुलिस ने कार चालक को चेकिंग के लिए रोका तो कार से 400 ग्राम चरस बरामद हुई। इस पर विजिलेंस थाना हमीरपुर में आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज किया गया। सरकार की तरफ से इस मामले में 11 गवाह अदालत में पेश हुए। मुकदमे की तफ्तीश राजेंद्र कुमार, जबकि मामले की पैरवी उप जिला न्यायवादी एनएस चौहान ने की।
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