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नोटबंदी और जीएसटी के बाद व्यापारी वर्ग दयनीय अवस्था से : शर्मा
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हमीरपुर। प्रदेश फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया मंडल के संयोजक अमर चंद शर्मा ने कहा कि भारत का व्यापारी वर्ग नोटबंदी और जीएसटी के बाद आर्थिक रूप से उबर नहीं पा रहा है। दूसरी ओर बढ़ते ऑनलाइन व्यापार ने तो खुदरा देसी व्यापार के अस्तित्व पर ही सवाल खड़े कर दिए हैं। शर्मा ने कहा कि सरकार की ओर से पिछले कुछ समय से देसी व्यापारियों को जीएसटी में कुछ राहत दी है। जबकि, विदेशी कारोबारियों पर भी कुछ नियम लागू किए गए हैं, लेकिन देश में अभी भी व्यापारिक गतिविधियां सुस्त पड़ी हुई हैं। जिस प्रकार सैनिक राष्ट्र की सीमाओं की रक्षा करता है, उसी प्रकार व्यापारी भी राष्ट्र की अर्थव्यवस्था की रक्षा करता है।
शर्मा ने कहा कि इसके लिए फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया व्यापार मंडल ने व्यापारी और सरकार सहयोग सम्मेलन का आयोजन दिल्ली में किया। इसमें देशभर से 500 से भी ज्यादा व्यापारी नेता और प्रतिनिधि मौजूद रहे। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आगामी सरकार को पहले से ही वे मांगें भेजनी है जोकि वर्तमान कार्यकाल में लंबित रह गई हैं। जिन पर कोई विचार नहीं किया गया। शर्मा ने कहा कि राजनीतिक दल अपना चुनावी घोषणा पत्र लिखने की प्रक्रिया में है। व्यापारियों के लिए यह उचित समय है कि वह अपनी सभी लंबित मांगें प्रमुख राजनीतिक दलों के संज्ञान में लाएं। उन्होंने कहा कि अगर राजनीतिक दल इन मांगों पर सहयोग करने के लिए तैयार हैं तो व्यापारी भी उस दल को सहयोग करने के लिए तत्पर रहेंगे।
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शर्मा ने कहा कि इसके लिए फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया व्यापार मंडल ने व्यापारी और सरकार सहयोग सम्मेलन का आयोजन दिल्ली में किया। इसमें देशभर से 500 से भी ज्यादा व्यापारी नेता और प्रतिनिधि मौजूद रहे। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आगामी सरकार को पहले से ही वे मांगें भेजनी है जोकि वर्तमान कार्यकाल में लंबित रह गई हैं। जिन पर कोई विचार नहीं किया गया। शर्मा ने कहा कि राजनीतिक दल अपना चुनावी घोषणा पत्र लिखने की प्रक्रिया में है। व्यापारियों के लिए यह उचित समय है कि वह अपनी सभी लंबित मांगें प्रमुख राजनीतिक दलों के संज्ञान में लाएं। उन्होंने कहा कि अगर राजनीतिक दल इन मांगों पर सहयोग करने के लिए तैयार हैं तो व्यापारी भी उस दल को सहयोग करने के लिए तत्पर रहेंगे।
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