{"_id":"6714e9811057da750008f4a9","slug":"farmers-accused-well-of-misleading-the-producers-bilaspur-news-c-92-1-bls1001-125277-2024-10-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bilaspur News: किसानों ने लगाए खैर उत्पादकों को गुमराह करने के आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bilaspur News: किसानों ने लगाए खैर उत्पादकों को गुमराह करने के आरोप
विज्ञापन
-बोले, कुछ लोग बन रहे बाहरी ठेकेदारों के एजेंट
-बिलासपुर के ठेकेदारों को बदनाम करने का प्रयास
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। उपमंडल झंडूता के तहत बच्छरेटू में किसानों की बैठक हुई। बैठक में खैर कटाई संबंधित विषय पर चर्चा की गई। किसानों ने कहा कि क्षेत्र में कुछ लोग खैर उत्पादकों को गुमराह करने का काम कर रहे हैं। इन लोगों की मनमानी सहन नहीं की जाएगी।
उन्होंने कहा कि खैर उत्पादकों के हितों की अनदेखी सहन नहीं होगी। खैर उत्पादकों को उनके उत्पाद का सही मूल्य मिलना चाहिए। कहा कि कुछ लोग ऊना, हमीरपुर, कांगड़ा के कुछ ठेकेदारों के साथ मिले हुए हैं, जोकि यहां पर बिलासपुर के ठेकेदारों को बदनाम करने में लगे हुए हैं। यह सही नहीं है। किसानों ने आरोप लगाया कि यह लोग बाहरी ठेकेदारों के एजेंट के तौर पर कार्य कर रहे हैं। खैर उत्पादकों को इसका नुकसान झेलना पड़ेगा, लेकिन खैर उत्पादक अपने हितों की रक्षा करेंगे। उन्होंने कहा कि खैर के पेड़ों का मूल्य किसान अपने-अपने ठेकेदार के साथ मिलकर बाजार के मूल्य के अनुसार तय करेंगे। इससे बिचौलियों का हस्तक्षेप खत्म हो जाएगा। उन्होंने कहा कि कुछ लोग पांच हजार रुपये प्रति फीट के हिसाब से खैर के मूल्य की बात कर रहे हैं, लेकिन यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में दाम बढ़ जाते हैं तो किसानों को कोई लाभ नहीं मिलेगा। इसके चलते अंतरराष्ट्रीय बाजार की कीमत के अनुसार किसानों को खैर के दाम पर तय होने चाहिए। कहा कि किसान कड़ी मेहनत के बाद खैर का पेड़ तैयार करता है। इसलिए खैर उत्पादक को भी बेहतर दाम मिलने चाहिए। किसानों के हितों को देखते हुए सरकार की ओर से भी प्रयास किए जाते हैं, लेकिन कई बार पात्र को लाभ नहीं मिल पाता है। किसानों ने कहा कि खैर उत्पादकों की अनदेखी सहन नहीं की जाएगी और न ही बाहरी ठेकेदारों की मनमानी चलेगी। इस मौके पर लखबीर सिंह, ओंकार सिंह, विजय कुमार, हरी राम, मलकीयत सिंह, रविंद्र चौहान, मोहम्मद, अनिल सहित अन्य मौजूद रहे।
विज्ञापन
-बिलासपुर के ठेकेदारों को बदनाम करने का प्रयास
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। उपमंडल झंडूता के तहत बच्छरेटू में किसानों की बैठक हुई। बैठक में खैर कटाई संबंधित विषय पर चर्चा की गई। किसानों ने कहा कि क्षेत्र में कुछ लोग खैर उत्पादकों को गुमराह करने का काम कर रहे हैं। इन लोगों की मनमानी सहन नहीं की जाएगी।
उन्होंने कहा कि खैर उत्पादकों के हितों की अनदेखी सहन नहीं होगी। खैर उत्पादकों को उनके उत्पाद का सही मूल्य मिलना चाहिए। कहा कि कुछ लोग ऊना, हमीरपुर, कांगड़ा के कुछ ठेकेदारों के साथ मिले हुए हैं, जोकि यहां पर बिलासपुर के ठेकेदारों को बदनाम करने में लगे हुए हैं। यह सही नहीं है। किसानों ने आरोप लगाया कि यह लोग बाहरी ठेकेदारों के एजेंट के तौर पर कार्य कर रहे हैं। खैर उत्पादकों को इसका नुकसान झेलना पड़ेगा, लेकिन खैर उत्पादक अपने हितों की रक्षा करेंगे। उन्होंने कहा कि खैर के पेड़ों का मूल्य किसान अपने-अपने ठेकेदार के साथ मिलकर बाजार के मूल्य के अनुसार तय करेंगे। इससे बिचौलियों का हस्तक्षेप खत्म हो जाएगा। उन्होंने कहा कि कुछ लोग पांच हजार रुपये प्रति फीट के हिसाब से खैर के मूल्य की बात कर रहे हैं, लेकिन यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में दाम बढ़ जाते हैं तो किसानों को कोई लाभ नहीं मिलेगा। इसके चलते अंतरराष्ट्रीय बाजार की कीमत के अनुसार किसानों को खैर के दाम पर तय होने चाहिए। कहा कि किसान कड़ी मेहनत के बाद खैर का पेड़ तैयार करता है। इसलिए खैर उत्पादक को भी बेहतर दाम मिलने चाहिए। किसानों के हितों को देखते हुए सरकार की ओर से भी प्रयास किए जाते हैं, लेकिन कई बार पात्र को लाभ नहीं मिल पाता है। किसानों ने कहा कि खैर उत्पादकों की अनदेखी सहन नहीं की जाएगी और न ही बाहरी ठेकेदारों की मनमानी चलेगी। इस मौके पर लखबीर सिंह, ओंकार सिंह, विजय कुमार, हरी राम, मलकीयत सिंह, रविंद्र चौहान, मोहम्मद, अनिल सहित अन्य मौजूद रहे।
विज्ञापन