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Bilaspur News: सीर उत्सव के चार वर्ष बाद भी नहीं सुधरी खड्ड की हालत
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सीर खड्ड किनारे लगे कूड़े के ढेर। संवाद
जल संरक्षण के संदेश के बावजूद कूड़ा-कचरा और सीवरेज का गंदा पानी बना परेशानी
संवाद न्यूज एजेंसी
घुमारवीं (बिलासपुर)। जल संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए घुमारवीं में चार वर्ष से लगातार सीर उत्सव मनाया जा रहा है, लेकिन सीर खड्ड की मौजूदा स्थिति इन प्रयासों के असर पर सवाल खड़े कर रही है। खड्ड के आसपास जगह-जगह कूड़ा-कचरा, प्लास्टिक की बोतलें, पॉलिथीन और अन्य गंदगी दिखाई दे रही है। वहीं, सीवरेज के चैंबर और पाइप ओवरफ्लो होने से गंदा पानी भी सीर खड्ड की ओर पहुंच रहा है।
सीर उत्सव के दौरान पिछले तीन वर्षों में जल संरक्षण को लेकर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। लोगों को अलग-अलग माध्यमों से पानी बचाने और जलस्रोतों को स्वच्छ रखने का संदेश दिया गया। क्षेत्र के कई तीर्थ स्थलों से जल एकत्र कर उसे सीर खड्ड में भी डाला गया, ताकि जल संरक्षण और जलस्रोतों के प्रति आस्था व जागरूकता का संदेश दिया जा सके। शुरुआती दो वर्षों तक सीर उत्सव एक दिवसीय रहा, जबकि इसके बाद इसे दो दिवसीय कर दिया गया। इस बार भी दो दिवसीय आयोजन किया जा रहा है। इसके बावजूद सीर खड्ड के आसपास फैली गंदगी जागरूकता अभियानों के असर पर सवाल खड़े कर रही है। लोगों से बार-बार अपील और जागरूकता कार्यक्रमों के बाद भी जलस्रोत के आसपास कूड़ा फेंके जाने का सिलसिला जारी है। जल स्रोतों को स्वच्छ रखना केवल विभागों की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति की भी जिम्मेदारी है। ऐसे में लोगों को भी अपनी भूमिका समझने की जरूरत है।
वहीं, सवाल संबंधित विभागों की कार्यप्रणाली पर भी उठ रहे हैं। जल शक्ति विभाग की सीवरेज व्यवस्था के चैंबर और पाइप ओवरफ्लो होने से गंदा पानी बाहर निकल रहा है और सीर खड्ड की ओर पहुंच रहा है। सीवरेज का गंदा पानी जलस्रोत तक पहुंचना जल संरक्षण के उद्देश्य के विपरीत है। सीवरेज व्यवस्था को दुरुस्त रखना और ऐसी स्थिति में समय पर कार्रवाई करना जरूरी है।
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नगर परिषद की जिम्मेदारी भी इससे अलग नहीं है। सीर खड्ड के आसपास कूड़ा फैलने से रोकना, नियमित सफाई करवाना, कूड़ा डालने वालों पर निगरानी रखना और जलस्रोत को स्वच्छ बनाए रखने के लिए प्रभावी व्यवस्था करना नगर परिषद की जिम्मेदारी है। चार साल से जल संरक्षण का संदेश दिया जा रहा है, लेकिन यदि खड्ड के आसपास अब भी कूड़ा दिखाई दे रहा है तो सफाई और निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
सीर उत्सव का उद्देश्य जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। ऐसे में आयोजन के साथ जलस्रोत की नियमित सफाई, सीवरेज व्यवस्था की निगरानी और कूड़ा रोकने के ठोस उपायों पर भी ध्यान देने की जरूरत है, ताकि जल संरक्षण का संदेश धरातल पर भी दिखाई दे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
घुमारवीं (बिलासपुर)। जल संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए घुमारवीं में चार वर्ष से लगातार सीर उत्सव मनाया जा रहा है, लेकिन सीर खड्ड की मौजूदा स्थिति इन प्रयासों के असर पर सवाल खड़े कर रही है। खड्ड के आसपास जगह-जगह कूड़ा-कचरा, प्लास्टिक की बोतलें, पॉलिथीन और अन्य गंदगी दिखाई दे रही है। वहीं, सीवरेज के चैंबर और पाइप ओवरफ्लो होने से गंदा पानी भी सीर खड्ड की ओर पहुंच रहा है।
सीर उत्सव के दौरान पिछले तीन वर्षों में जल संरक्षण को लेकर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। लोगों को अलग-अलग माध्यमों से पानी बचाने और जलस्रोतों को स्वच्छ रखने का संदेश दिया गया। क्षेत्र के कई तीर्थ स्थलों से जल एकत्र कर उसे सीर खड्ड में भी डाला गया, ताकि जल संरक्षण और जलस्रोतों के प्रति आस्था व जागरूकता का संदेश दिया जा सके। शुरुआती दो वर्षों तक सीर उत्सव एक दिवसीय रहा, जबकि इसके बाद इसे दो दिवसीय कर दिया गया। इस बार भी दो दिवसीय आयोजन किया जा रहा है। इसके बावजूद सीर खड्ड के आसपास फैली गंदगी जागरूकता अभियानों के असर पर सवाल खड़े कर रही है। लोगों से बार-बार अपील और जागरूकता कार्यक्रमों के बाद भी जलस्रोत के आसपास कूड़ा फेंके जाने का सिलसिला जारी है। जल स्रोतों को स्वच्छ रखना केवल विभागों की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति की भी जिम्मेदारी है। ऐसे में लोगों को भी अपनी भूमिका समझने की जरूरत है।
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वहीं, सवाल संबंधित विभागों की कार्यप्रणाली पर भी उठ रहे हैं। जल शक्ति विभाग की सीवरेज व्यवस्था के चैंबर और पाइप ओवरफ्लो होने से गंदा पानी बाहर निकल रहा है और सीर खड्ड की ओर पहुंच रहा है। सीवरेज का गंदा पानी जलस्रोत तक पहुंचना जल संरक्षण के उद्देश्य के विपरीत है। सीवरेज व्यवस्था को दुरुस्त रखना और ऐसी स्थिति में समय पर कार्रवाई करना जरूरी है।
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नगर परिषद की जिम्मेदारी भी इससे अलग नहीं है। सीर खड्ड के आसपास कूड़ा फैलने से रोकना, नियमित सफाई करवाना, कूड़ा डालने वालों पर निगरानी रखना और जलस्रोत को स्वच्छ बनाए रखने के लिए प्रभावी व्यवस्था करना नगर परिषद की जिम्मेदारी है। चार साल से जल संरक्षण का संदेश दिया जा रहा है, लेकिन यदि खड्ड के आसपास अब भी कूड़ा दिखाई दे रहा है तो सफाई और निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
सीर उत्सव का उद्देश्य जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। ऐसे में आयोजन के साथ जलस्रोत की नियमित सफाई, सीवरेज व्यवस्था की निगरानी और कूड़ा रोकने के ठोस उपायों पर भी ध्यान देने की जरूरत है, ताकि जल संरक्षण का संदेश धरातल पर भी दिखाई दे।