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Yamuna Nagar News: श्रीराम वनवास प्रसंग देख भावविभोर हुए दर्शक
Thu, 25 Sep 2025 04:23 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Thu, 25 Sep 2025 04:23 AM IST
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गांव नाचरौन में आयोजित रामलीला में प्रस्तुति देते कलाकार।संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
रादौर। ग्रामीण रामा ड्रामाटिक क्लब नाचरौन के कलाकारों ने मंगलवार की रात को श्रीराम वनवास प्रसंग का मंचन किया। इसको देखकर दर्शक भाव विभोर हो गए। इसमें दिखाया गया कि राजा दशरथ श्री राम को अयोध्या नरेश बनाने का ऐलान करते हैं और इसकी घोषणा अयोध्या नगरी में कराते हैं। इसे सुनकर मंथरा सीधी कैकई के पास जाती है और उसके कान भर देती है। वह कहती है कि यदि श्री रामचंद्र का राजतिलक हो गया तो भरत दर-दर की ठोकरें खाता फिरेगा। उसकी बातों में आकर के कैकई राजा दशरथ से उसके दो वरदान देने के लिए कहती है। इसमें वह पहले वर में श्री रामचंद्र को 14 वर्ष का बनवास और दूसरे वर में भरत के लिए राजतिलक मांगती है। इससे दुखी होकर राजा दशरथ मूर्छित हो जाते हैं। तभी इस बात का पता श्री रामचंद्र को लगता है और वह माता कैकई के कहने पर खुशी-खुशी वन जाने को तैयार हो जाते हैं। उनके साथ लक्ष्मण व सीता भी उनके साथ वन के लिए प्रस्थान करते हैं।
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रादौर। ग्रामीण रामा ड्रामाटिक क्लब नाचरौन के कलाकारों ने मंगलवार की रात को श्रीराम वनवास प्रसंग का मंचन किया। इसको देखकर दर्शक भाव विभोर हो गए। इसमें दिखाया गया कि राजा दशरथ श्री राम को अयोध्या नरेश बनाने का ऐलान करते हैं और इसकी घोषणा अयोध्या नगरी में कराते हैं। इसे सुनकर मंथरा सीधी कैकई के पास जाती है और उसके कान भर देती है। वह कहती है कि यदि श्री रामचंद्र का राजतिलक हो गया तो भरत दर-दर की ठोकरें खाता फिरेगा। उसकी बातों में आकर के कैकई राजा दशरथ से उसके दो वरदान देने के लिए कहती है। इसमें वह पहले वर में श्री रामचंद्र को 14 वर्ष का बनवास और दूसरे वर में भरत के लिए राजतिलक मांगती है। इससे दुखी होकर राजा दशरथ मूर्छित हो जाते हैं। तभी इस बात का पता श्री रामचंद्र को लगता है और वह माता कैकई के कहने पर खुशी-खुशी वन जाने को तैयार हो जाते हैं। उनके साथ लक्ष्मण व सीता भी उनके साथ वन के लिए प्रस्थान करते हैं।