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Yamuna Nagar News: शॉर्टकट के चक्कर में रेल ट्रैक हो रहा खून से लाल
Sat, 19 Jul 2025 12:52 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Sat, 19 Jul 2025 12:52 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। कोई शॉर्टकट के चक्कर में लाइन क्रॉस कर जान गंवा रहा है, तो कोई ट्रेन में भीड़ होने से रेलवे की लापरवाही का शिकार हो रहा है। ऐसे में ट्रेन का ट्रैक लगातार खून से लाल हो रहा है। इसके बाद भी लोग हादसों से सबक नहीं ले रहे। आलम यह है इस साल जनवरी से लेकर अब 35 लोग अपनी जान गंवा बैठे हैं।
इनमें 18 रेलवे लाइन क्रास, सात सुसाइड, चार कुदरती, पांच रेल से गिर (पायदान पर बैठकर सफर करने वाले) और एक बच्चा जानें जा चुकी हैं और यह आंकड़ा हर दिन बढ़ रहा है। रेलवे लाइन क्रॉस करने वालों पर लगाम लगाने के लिए आरपीएफ व जीआरपी पुलिस यमुनानगर-जगाधरी रेलवे स्टेशन पर मौजूद है।
इसके बाद भी पुलिस के सामने ही रोजाना नियम टूट रहे। लापरवाही के चलते अनमोल जिंदगी लाइनों पर दम तोड़ रही। शुक्रवार को कलानौर रेलवे स्टेशन के नजदीक रेलवे लाइनों पर एक अज्ञात बुजुर्ग का शव पड़ा मिला। जीआरपी ने शव को कब्जे में लेकर पहचान के 72 घंटे के लिए ट्रामा सेंटर के शवगृह में रखवा दिया।
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पश्चिमी यमुना नहर के ऊपर से गुजर रही दोनों रेलवे लाइन को लोगों ने शॉर्ट कट रास्ता बना लिया है। शहर की आबादी का एक बड़ा हिस्सा पश्चिमी यमुना नहर पार बाडी माजरा व टपरियां गांव की तरफ रहता है। रेलवे लाइन से ही कुछ दूरी पर सहारनपुर हाइवे भी गुजरता है। हाइवे से आना-जाना लोगों को दूर पड़ता है। इसलिए लोग शार्ट के लिए रेलवे लाइन से गुजरते हैं।
जिस वक्त लोग रेलवे लाइन से गुजरते हैं तो सामने या फिर पीछे से ट्रेन आ जाती है। तब लोगों को भागने तक का मौका नहीं मिलता। इस कारण वे ट्रेन की चपेट में आ जाते हैं। वहीं पांसरा फाटक तक के एरिया को रेड लाइन के नाम से जाना जाता है। रेलवे के रिकार्ड में भी यह एरिया काफी संवेदनशील है। रेलवे लाइन के एक तरफ लकड़ी मंडी तो दूसरी तरफ शहर है। लोग क्रॉसिंग प्वाइंट की बजाए शॉर्टकट के चक्कर में अक्सर ट्रेन की चपेट में जाते हैं।
250 से अधिक चालान तो 125 कोर्ट में विचाराधीन
रेलवे लाइन क्रॉस करने वालों पर स्थानीय पुलिस ने कार्रवाई भी की है। इसमें 250 लोगों के चालान तो 125 केस ऐसे हैं जो अदालत में विचाराधीन है। रेलवे लाइन क्रॉस करना कानूनी जुर्म है। ऐसे में रेलवे लाइन क्रॉस करने पर भारतीय रेलवे अधिनियम, 1989 की धारा 147 में यह प्रावधान है कि यदि कोई व्यक्ति बिना किसी अधिकृत स्थान के रेलवे ट्रैक को पार करता है, तो उसे छह महीने तक की कैद या 1000 रुपये का जुर्माना या दोनों हो सकते हैं। यमुनानगर-जगाधरी रेलवे स्टेशन पर ओवरब्रिज होने के बाद लोग लाइन क्रॉस कर रहे हैं।
रेलवे ट्रैक को पार करना एक खतरनाक है, इससे जानमाल का खतरा हो सकता है। इसलिए रेलवे ट्रैक को पार न करें, केवल पुल का इस्तेमाल करने के बारे में लोगों को रोजाना जागरूक किया जाता है। - बौधराज, इंचार्ज जीआरपी थाना।
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यमुनानगर। कोई शॉर्टकट के चक्कर में लाइन क्रॉस कर जान गंवा रहा है, तो कोई ट्रेन में भीड़ होने से रेलवे की लापरवाही का शिकार हो रहा है। ऐसे में ट्रेन का ट्रैक लगातार खून से लाल हो रहा है। इसके बाद भी लोग हादसों से सबक नहीं ले रहे। आलम यह है इस साल जनवरी से लेकर अब 35 लोग अपनी जान गंवा बैठे हैं।
इनमें 18 रेलवे लाइन क्रास, सात सुसाइड, चार कुदरती, पांच रेल से गिर (पायदान पर बैठकर सफर करने वाले) और एक बच्चा जानें जा चुकी हैं और यह आंकड़ा हर दिन बढ़ रहा है। रेलवे लाइन क्रॉस करने वालों पर लगाम लगाने के लिए आरपीएफ व जीआरपी पुलिस यमुनानगर-जगाधरी रेलवे स्टेशन पर मौजूद है।
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इसके बाद भी पुलिस के सामने ही रोजाना नियम टूट रहे। लापरवाही के चलते अनमोल जिंदगी लाइनों पर दम तोड़ रही। शुक्रवार को कलानौर रेलवे स्टेशन के नजदीक रेलवे लाइनों पर एक अज्ञात बुजुर्ग का शव पड़ा मिला। जीआरपी ने शव को कब्जे में लेकर पहचान के 72 घंटे के लिए ट्रामा सेंटर के शवगृह में रखवा दिया।
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पश्चिमी यमुना नहर के ऊपर से गुजर रही दोनों रेलवे लाइन को लोगों ने शॉर्ट कट रास्ता बना लिया है। शहर की आबादी का एक बड़ा हिस्सा पश्चिमी यमुना नहर पार बाडी माजरा व टपरियां गांव की तरफ रहता है। रेलवे लाइन से ही कुछ दूरी पर सहारनपुर हाइवे भी गुजरता है। हाइवे से आना-जाना लोगों को दूर पड़ता है। इसलिए लोग शार्ट के लिए रेलवे लाइन से गुजरते हैं।
जिस वक्त लोग रेलवे लाइन से गुजरते हैं तो सामने या फिर पीछे से ट्रेन आ जाती है। तब लोगों को भागने तक का मौका नहीं मिलता। इस कारण वे ट्रेन की चपेट में आ जाते हैं। वहीं पांसरा फाटक तक के एरिया को रेड लाइन के नाम से जाना जाता है। रेलवे के रिकार्ड में भी यह एरिया काफी संवेदनशील है। रेलवे लाइन के एक तरफ लकड़ी मंडी तो दूसरी तरफ शहर है। लोग क्रॉसिंग प्वाइंट की बजाए शॉर्टकट के चक्कर में अक्सर ट्रेन की चपेट में जाते हैं।
250 से अधिक चालान तो 125 कोर्ट में विचाराधीन
रेलवे लाइन क्रॉस करने वालों पर स्थानीय पुलिस ने कार्रवाई भी की है। इसमें 250 लोगों के चालान तो 125 केस ऐसे हैं जो अदालत में विचाराधीन है। रेलवे लाइन क्रॉस करना कानूनी जुर्म है। ऐसे में रेलवे लाइन क्रॉस करने पर भारतीय रेलवे अधिनियम, 1989 की धारा 147 में यह प्रावधान है कि यदि कोई व्यक्ति बिना किसी अधिकृत स्थान के रेलवे ट्रैक को पार करता है, तो उसे छह महीने तक की कैद या 1000 रुपये का जुर्माना या दोनों हो सकते हैं। यमुनानगर-जगाधरी रेलवे स्टेशन पर ओवरब्रिज होने के बाद लोग लाइन क्रॉस कर रहे हैं।
रेलवे ट्रैक को पार करना एक खतरनाक है, इससे जानमाल का खतरा हो सकता है। इसलिए रेलवे ट्रैक को पार न करें, केवल पुल का इस्तेमाल करने के बारे में लोगों को रोजाना जागरूक किया जाता है। - बौधराज, इंचार्ज जीआरपी थाना।