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Yamuna Nagar News: फुटबॉल का सूरज बनकर चमक रहे आदित्य

Sun, 25 Jan 2026 01:26 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर Updated Sun, 25 Jan 2026 01:26 AM IST
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Aditya is shining brightly, becoming the rising star of football
संवाद न्यूज एजेंसी
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जगाधरी। महज 14 वर्ष की में माता-पिता का साया उठ जाने के बाद शहर के आदित्य ने निराश और हताश होने के बजाए अपना संकल्प और दृढ़ कर लिया। दादी ने पाला और अपने संकल्प को पूरा करने के लिए आदित्य ने कड़ा संघर्ष किया। कड़े परिश्रम के दम पर आदित्य अपने नाम के अनुरूप फुटबॉल का सूरज बनकर चमक रहा है। आज आदित्य को भारतीय रेलवे टीम का देश के सर्वश्रेष्ठ गोल कीपर का खिताब प्राप्त है।

जगाधरी वर्कशॉप के रहने वाले आदित्य ने कभी नहीं सोचा था कि जीवन में ऐसा मुकाम भी आएगा कि छोटी आयु में माता-पिता उसे छोड़कर चले जाएंगे और उसकी कामयाबी नहीं देख पाएंगे। दादी लाजवंती ने पालन किया। माता-पिता की मृत्यु के बाद आदित्य के सामने मुसिबतों का पहाड़ था, लेकिन हौसला भी आली था और उसने बिना प्रवाह किए इसका सामना किया।
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आदित्य ने बताया कि वह करीब दस वर्ष की आयु में फुटबॉल खेलने लगा था। धीरे-धीरे उसका खेल बेहतर हुआ और माता-पिता ने उसे आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। परंतु माता-पिता 13 वर्ष की आयु उसे छोड़कर चले गए। इसके बाद दादी ने पालन की जिम्मेदारी उठाई। परंतु खेल के लिए उन्हें मानसिक, शारीरिक व आर्थिक सहयोग की आवश्यकता था।
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इस दौरान उनकी मुलाकात अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल खिलाड़ी पंकज चुघ से हुई। पंकज चुघ ने कोच बन उनका पूरा सहयोग किया और आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। खेल बेहतर होता गया तो उनका चयन अंडर-14 नेशनल फुटबॉल टीम के लिए चयन हुआ। इसके बाद अंडर-15, अंडर-17, अंडर-19, अंडर-21 नेशनल में उनका चयन हुआ।
पांच बार नेशनल खेले और उन्हें सर्वश्रेष्ठ गोलकीपर चुना गया। इस बीच खेल के दम पर उनका चयन चंडीगढ़ की बड़ी अकादमी और फिर पंजाब के कई क्लब में चयन हुआ। खेल के बल पर उन्हें रेलवे में नौकरी मिली और चयन इंडियन रेलवे की नेशनल टीम में उनका चयन हुआ। उन्हें भारतीय रेलवे टीम में सर्वश्रेष्ठ गोलकीपर का खिताब मिला है।
आदित्य कुमार ने बताया कि वे भारतीय रेलवे के लिए दो बार और संतोष ट्रॉफी सात बार खेल चुके हैं। वे मोहन बागान, जम्मू-कश्मीर बैंक एफसी, दिल्ली शाहदरा एफसी, एमिटी एफसी और फ्रेंड्स यूनाइटेड एफसी के लिए खेल चुके हैं। वर्तमान में वह उत्तरी रेलवे टीम के कप्तान हैं।


ये हैं उपलब्धियां
कोकरी कलां (पंजाब) अखिल भारतीय फुटबॉल टूर्नामेंट जीता। बिहार गोल्ड कप में टीम को जीत दिलवाई। हिमाचल प्रदेश नाहन अखिल भारतीय फुटबॉल टूर्नामेंट जीता। झारखंड गोल्ड कप में टीम को जीत दिलवाई। उत्तराखंड देहरादून में अखिल भारतीय फुटबॉल टूर्नामेंट जीता। सभी में उन्हें सर्वश्रेष्ठ गोलकीपर का पुरस्कार मिला। हिमाचल प्रदेश खाड में उपविजेता टीम के सदस्य भी रहे और सर्वश्रेष्ठ गोलकीपर का पुरस्कार जीता।
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