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किसान आंदोलन में धरना देने आए बरोदा के किसान की मौत

Wed, 09 Dec 2020 12:36 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Wed, 09 Dec 2020 12:36 AM IST
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टीडीआई के पास आंदोलन स्थल पर किसान की मौत के बाद धरना देते किसान। - फोटो : Sonipat
कुंडली। कुंडली बॉर्डर पर चल रहे किसान आंदोलन में शामिल युवा किसान की संदिग्ध अवस्था में मौत हो गई। ठंड या हार्ट अटैक से मौत का अंदेशा जताया जा रहा है। किसान 1 दिसंबर को आंदोलन में शामिल होने के लिए ग्रामीणों के साथ आया था। रात को खाना खाने के बाद वह सड़क पर सो गया था। मामले की सूचना पर पहुंची कुंडली थना पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया। किसान की मौत पर भाकियू नेता गुरनाम सिंह चढूनी व अन्य ने अजय के शहीद होने के नारे लगाए। वहीं किसान की मौत की जानकारी मिलने पर बरोदा विधायक ने उनके परिवार को 10 लाख रुपये की आर्थिक मदद देने की घोषणा की है। साथ ही सरकार से उसके परिजनों को एक करोड़ रुपये व सरकारी नौकरी देने की मांग की है।
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गांव बरोदा मोर निवासी अजय (32) डेढ़ एकड़ जमीन का मालिक था। साथ ही ग्रामीणों की करीब 10-12 एकड़ जमीन को पट्टे पर लेकर खेती करता था। अजय किसानों के आंदोलन में शामिल होने के लिए अन्य ग्रामीणों के साथ कुंडली बॉर्डर पर गत 1 दिसंबर को भाग लेने के लिए आया था। साथी किसान अमित ने बताया कि अजय सोमवार देर रात को धरनास्थल पर खाना खाकर सड़क पर ही सो गया था। गांव से साथ आए अन्य किसानों ने सुबह अजय को उठाने की कोशिश की, लेकिन वह उठ नहीं पाया। मामले को लेकर पुलिस को सूचना दी। कुंडली थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लेकर सामान्य अस्पताल में भिजवाया। जहां शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
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किसान नेताओं ने दिया धरना, लगाए शहीद के नारे
अजय की मौत के बाद किसानों ने कुंडली बॉर्डर पर धरना दिया। इस दौरान भाकियू के प्रदेश अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी भी किसानों के बीच पहुंचे। इस दौरान किसानों ने अजय के शहीद होने के नारे लगाए। उनका कहना था कि युवा किसान अपने हकों के लिए लड़ता हुआ शहीद हुआ है।
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तीन बच्चियों के सिर से उठा पिता का साया
अजय गांव में पट्टे पर जमीन लेकर खेती-बाड़ी कर परिवार का पालन-पोषण करता था। उसके पास तीन बेटियां हैं। पहले अजय की पत्नी ने जुड़वां बच्चियों को जन्म दिया था। उसके बाद फिर एक बेटी को जन्म दिया। अजय के चाचा ने बताया कि ठंड लगने के चलते उसकी मौत हो गई है।
कांग्रेस विधायक ने 10 लाख रुपये की सहायता देने की घोषणा की
किसान की धरनास्थल पर मौत का पता लगने के बाद बरोदा के नवनिर्वाचित विधायक इंदूराज नरवाल उर्फ भालू ने संवेदना प्रकट करते हुए किसान के परिजनों को दस लाख रुपये की सहायता देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा और राज्यसभा सांसद दीपेंद्र हुड्डा से बातचीत के बाद उन्होंने आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। साथ ही उन्होंने सरकार से मांग की कि किसान परिवार को एक करोड़ रुपये की सहायता राशि व एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए।

वर्जन
किसान आंदोलन में आए युवक की मौत की सूचना मिली थी। किसान के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है। बिसरा लेकर जांच के लिए लैब में भिजवा दिया गया है। बिसरा रिपोर्ट में मौत के कारणों का पता चल सकेगा।
- रवि कुमार, थाना प्रभारी, कुंडली।
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