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लूटपाट का विरोध करने पर की थी बुजुर्ग दुकानदार की हत्या, दो गिरफ्तार
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दुकानदार की हत्या करने के मामले में गिरफ्तार आरोपी सीआईए टीम के साथ। संवाद
- फोटो : Sonipat
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गांव रोहट में दिवाली पर तड़के बुजुर्ग दुकानदार की चाकू से गोदकर हत्या लूटपाट का विरोध करने पर की थी। वारदात को शातिर लुटेरे अमित उर्फ मोनू गैंग ने अपने गिरोह के सदस्यों के साथ मिलकर अंजाम दिया था। पुलिस ने मामले में मुख्य आरोपी मूलरूप से झज्जर के बेरी फिलहाल सबौली निवासी अमित उर्फ मोनू व उसके साथी मूलरूप से मल्हा माजरा फिलहाल गांव नाथूपुर निवासी रविंद्र उर्फ सन्नी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों ने हत्या की वारदात से पहले छोटी दिवाली की रात पांच अन्य वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने दोनों को चार दिन के रिमांड पर लिया है।
एसपी हिमांशु गर्ग ने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि रोहट के रहने वाले सत्यनारायण (65) गांव के बाहर फतेहपुर मोड़ पर कन्फेक्शनरी की दुकान चलाते थे। वह दिवाली के दिन तड़के साढ़े तीन बजे दुकान पर गए थे। तड़के चार बजे परिवार के लोगों को उन पर हमला किए जाने का पता लगा था। दुकान में काउंटर के पास ही उनको चाकू से गोदा गया था। रोहट के दो युवकों ने दुकान के पास से कार सवार कुछ युवकों को भागते देखा था। परिवार के लोगों का मानना था कि पानी की बोतल के लेनदेन को लेकर हुए विवाद में किसी ने उनकी हत्या की है। एसपी ने इस मामले की जांच क्राइम ब्रांच को सौंपी थी। हत्यारोपियों की गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। मामले में सीआईए-2 के प्रभारी इंस्पेक्टर अजय धनखड़ की टीम ने वारदात में प्रयुक्त गाड़ी और अन्य सुबूत जुटाते हुए आधार पर तलाश शुरू की। रविवार रात को पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अमित उर्फ मोनू के रूप में हुई। उसके साथी रविंद्र उर्फ सन्नी को गिरफ्तार कर लिया। दोनों को चार दिन के रिमांड पर लिया गया है।
आरोपियों ने शुरुआती पूछताछ में बताया कि रोहट में वह लूट का प्रयास कर रहे थे। विरोध करने पर उन्होंने चाकू से गोदकर सत्यनारायण की हत्या कर दी थी। जिस कार से वारदात की थी, वह भी लूट की थी। उसने गैंग के साथ मिलकर लूट व डकैती की 11 वारदात करना स्वीकार किया है। अमित ने हरियाणा के साथ ही दिल्ली व उत्तर प्रदेश में लूट की वारदात करना स्वीकार किया है। वह सोनीपत और तिहाड़ के साथ ही उत्तर प्रदेश की विभिन्न जेलों में रह चुका है। उस पर लूट-डकैती के आठ मुकदमे दर्ज हैं।
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गैंग का लीडर है अमित, छोटी दिवाली को झज्जर-रोहतक में की लूट
अमित उर्फ मोनू का अपना गैंग है। उसके गैंग में चार सदस्य हैं, जिनमें से दो अभी फरार हैं। अमित शातिर लुटेरा और डकैत है। उसको एक मामले में सजा हो चुकी है। वह फरवरी में लूट के मामले में जमानत पर आया था और फिर से लूटपाट शुरू कर दी थी। उसने अपने साथियों के साथ मिलकर छोटी दिवाली की रात में झज्जर व रोहतक जिले में तीन गाड़ियां, दो बाइक व लाखों रुपये की लूट की पांच वारदात को अंजाम दिया था।
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एसपी हिमांशु गर्ग ने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि रोहट के रहने वाले सत्यनारायण (65) गांव के बाहर फतेहपुर मोड़ पर कन्फेक्शनरी की दुकान चलाते थे। वह दिवाली के दिन तड़के साढ़े तीन बजे दुकान पर गए थे। तड़के चार बजे परिवार के लोगों को उन पर हमला किए जाने का पता लगा था। दुकान में काउंटर के पास ही उनको चाकू से गोदा गया था। रोहट के दो युवकों ने दुकान के पास से कार सवार कुछ युवकों को भागते देखा था। परिवार के लोगों का मानना था कि पानी की बोतल के लेनदेन को लेकर हुए विवाद में किसी ने उनकी हत्या की है। एसपी ने इस मामले की जांच क्राइम ब्रांच को सौंपी थी। हत्यारोपियों की गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। मामले में सीआईए-2 के प्रभारी इंस्पेक्टर अजय धनखड़ की टीम ने वारदात में प्रयुक्त गाड़ी और अन्य सुबूत जुटाते हुए आधार पर तलाश शुरू की। रविवार रात को पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अमित उर्फ मोनू के रूप में हुई। उसके साथी रविंद्र उर्फ सन्नी को गिरफ्तार कर लिया। दोनों को चार दिन के रिमांड पर लिया गया है।
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आरोपियों ने शुरुआती पूछताछ में बताया कि रोहट में वह लूट का प्रयास कर रहे थे। विरोध करने पर उन्होंने चाकू से गोदकर सत्यनारायण की हत्या कर दी थी। जिस कार से वारदात की थी, वह भी लूट की थी। उसने गैंग के साथ मिलकर लूट व डकैती की 11 वारदात करना स्वीकार किया है। अमित ने हरियाणा के साथ ही दिल्ली व उत्तर प्रदेश में लूट की वारदात करना स्वीकार किया है। वह सोनीपत और तिहाड़ के साथ ही उत्तर प्रदेश की विभिन्न जेलों में रह चुका है। उस पर लूट-डकैती के आठ मुकदमे दर्ज हैं।
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गैंग का लीडर है अमित, छोटी दिवाली को झज्जर-रोहतक में की लूट
अमित उर्फ मोनू का अपना गैंग है। उसके गैंग में चार सदस्य हैं, जिनमें से दो अभी फरार हैं। अमित शातिर लुटेरा और डकैत है। उसको एक मामले में सजा हो चुकी है। वह फरवरी में लूट के मामले में जमानत पर आया था और फिर से लूटपाट शुरू कर दी थी। उसने अपने साथियों के साथ मिलकर छोटी दिवाली की रात में झज्जर व रोहतक जिले में तीन गाड़ियां, दो बाइक व लाखों रुपये की लूट की पांच वारदात को अंजाम दिया था।