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ंदीशाला में हर माह दान देंगे मिल कर्मी, चारा लेकर आएंगे गन्ना किसान

Sat, 30 Sep 2017 12:31 AM IST
Updated Sat, 30 Sep 2017 12:31 AM IST
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ंदीशाला में हर माह दान देंगे मिल कर्मी, चारा लेकर आएंगे गन्ना किसान
नंदीशाला में हर माह दान देंगे मिल कर्मी, चारा लाएंगे गन्ना किसान
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गोहाना। चीनी मिल के कर्मचारी और अधिकारी अब हर महीने ठसका गांव में बन रही नंदीशाला में चंदा देंगे। इसके अलावा गन्ना किसान भी नंदीशाला के लिए चारा लेकर आएंगे। इस तरह गोवंश के चारे की समस्या नहीं रहेगी। यह पहल चीनी मिल की एमडी एवं एसडीएम सुभीता ढ़ाका ने शुरू कराई है। वह स्वयं भी हर महीने गोवंश के लिए अपने पास से चंदा देंगी।
चौ. देवीलाल सहकारी चीनी मिल के कर्मचारियों और निदेशकों ने बैठक कर फैसला लिया है कि अब वह हर महीने गांव ठसका में बन रही नंदीशाला में अपने वेतन से चंदा देंगे। इसके लिए अलग से कोष बनाया जाएगा। सभी कर्मचारी वेतन से मिल में चंदा एकत्र कर नंदीशाला में भेज देंगे। मिल की बैठक में एमडी सुभीता ढ़ाका ने यह प्रस्ताव रखा था। जिस पर सभी कर्मचारियों ने अपनी सहमति जता दी।
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पत्तियां भी चारे में भेजेंगे
किसान हरी पत्तियों से गन्ने की पूलियां बांध कर लाते हैं। इससे रोजाना कई क्विंटल पत्ती एकत्र हो जाती है। अब तक चीनी मिल इसे लोगों को बेचती रही है। अब चीनी मिल निदेशकों की बैठक में प्रस्ताव पास किया गया है कि इस प्रकार आने वाले चारे की नीलामी करने की बजाए इसे नंदीशाला में दान कर दिया जाएगा।
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किसानों से चारा लाने की अपील
चीनी मिल में पेराई के लिए गन्ना लेकर आने किसानों से भी चीनी मिल अधिकारियों की ओर से गन्ने के साथ चारा लाने की अपील की है। इससे नंदीशाला में चारे की कोई कमी नहीं रहेगी और गोवंश को भरपेट चारा मिल सकेगा। किसानों ने चीनी मिल की इस अपील को स्वीकार कर लिया है। सभी किसान अपनी ट्राली पर चारा अलग से लेकर आएंगे।


गोहाना बनेगा कैटल फ्री
गांव ठसका की पंचायत द्वारा नंदीशाला के लिए दो एकड़ जमीन दान दी गई है। जिस की चारदीवारी की जा रही है। रविवार से इस नंदीशाला में पशु छोड़ने शुरू कर दिए जाएंगे। नंदीशाला बनने के बाद गोहाना को कैटल फ्री बनाया जाएगा और सभी पशु पकड़कर ठसका की नंदीशाला में छोड़े जाएंगे। इसके अलावा आसपास के गांवों में बनी गोशालाओं में भी क्षमता के हिसाब से पशु भेजे जाएंगे।

सुभीता ढ़ाका, एसडीएम गोहाना।
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