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Sirsa News: बीमारियों पर रोकथाम के लिए ग्रामीणों के खानपान और वातावरण का होगा अध्ययन
Sun, 07 Jan 2024 11:42 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Sun, 07 Jan 2024 11:42 PM IST
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जिले के चार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर 10.83 लाख रुपये खोली जाएगी ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट, विभाग ने लगाए टेंडर
सुनील बैनीवाल
सिरसा। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट (बीपीएचयू) खोली जाएगी। इनका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को बीमारियों से बचाना है। इस तहत ग्रामीण क्षेत्र के मौजूदा खानपान और वातावरण का अध्ययन किया जाएगा। खानपान, रहन सहन व अन्य कारणों से फैलने वाली बीमारियों की समय से पूर्व रोकथाम होगी।
ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट तैयार करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने टेंडर लगाए दिए हैं। इन यूनिट को तैयार करने पर करीब 10.83 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की माने तो बीपीएचयू का ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को बड़ा फायदा होगा। इससे ग्रामीण आंचल के पानी, अनाज, मिट्टी और वातावरण को जांचा जाएगा। लोगों के घरों में जाकर उनकी जांच की जाएगी और उनके रहन सहन के बारे में जाना जाएगा। सरकार की योजनाओं और विभिन्न कारणों से फैलने वालीं बीमारियों से बचाव के प्रति जागरूक किया जाएगा। सर्वे के लिए टीम को गठन किया जाएगा। इसके लिए मुख्यालय से मांग की गई है।
यह होगा काम
1. गांव के पानी की जांच करना।
2 गांव के खाने में प्रयोग होने वाले अनाज व अन्य खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांचना।
3 मिट्टी के सैंपलों की जांच करवाना।
4 ग्रामीण हवा की जांच।
5 नियमित रूप से सीएचसी में उपचार के लिए आ रहे मरीजों से जानकारी रखना।
6 गांव में जाकर लोगों को जागरूक करना।
7 स्वास्थ्य संबंधी योजनाओं के बारे में ग्रामीणों को जानकारी देना।
बॉक्स
यहां बनाए जाने है बीपीएचयू
- एरिया - गांव रानियां सीएचसी।
- बजट - 2,71,025 रुपये।
-एरिया - गांव चौटाला सीएचसी ।
- बजट - 2,71,160 रुपये
एरिया - गांव कालांवाली सीएचसी।
बजट - 2,71,160 रुपये।
एरिया - नाथूसरी चोपटा सीएचसी।
बजट - 2,70,991 रुपये ।
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बॉक्स
इसलिए जरूरी है बीपीएचयू सेंटर
आधुनिकता के कारण ग्रामीण अंचल का माहौल बड़ी तेजी से बदल रहा है। ऐसे में खानापान व अन्य चीजों में तेजी से बदलाव आ रहा है। इस कारण कई बीमारियां तेजी से फैल रही हैं। इनके कारणों को खोजना जरूरी है। खेतों में कीटनाशकों के इस्तेमाल के कारण पीने के पानी, लोगों के स्वास्थ्य, पशुओं आदि पर बुरा प्रभाव पड़ रहा है। ऐसे में इन सभी स्थितियों की जांच करने के लिए बीपीएचयू सेंटर खोले जा रहे हैं।
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कोट्स
ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट जिले में बनाई जा रही है। इसका ग्रामीण अंचल को बहुत ज्यादा फायदा होता है। बीपीएचयू के कारण ग्रामीण आंचल में फैलने वाली बीमारियों को समय से पहले रोका जा सकता है। इन्हें बनाने को लेकर कार्य जल्द ही शुरू कर दिया जाएगा। - डॉ. महेंद्र सिंह भादू, सीएमओ
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सुनील बैनीवाल
सिरसा। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट (बीपीएचयू) खोली जाएगी। इनका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को बीमारियों से बचाना है। इस तहत ग्रामीण क्षेत्र के मौजूदा खानपान और वातावरण का अध्ययन किया जाएगा। खानपान, रहन सहन व अन्य कारणों से फैलने वाली बीमारियों की समय से पूर्व रोकथाम होगी।
ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट तैयार करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने टेंडर लगाए दिए हैं। इन यूनिट को तैयार करने पर करीब 10.83 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की माने तो बीपीएचयू का ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को बड़ा फायदा होगा। इससे ग्रामीण आंचल के पानी, अनाज, मिट्टी और वातावरण को जांचा जाएगा। लोगों के घरों में जाकर उनकी जांच की जाएगी और उनके रहन सहन के बारे में जाना जाएगा। सरकार की योजनाओं और विभिन्न कारणों से फैलने वालीं बीमारियों से बचाव के प्रति जागरूक किया जाएगा। सर्वे के लिए टीम को गठन किया जाएगा। इसके लिए मुख्यालय से मांग की गई है।
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यह होगा काम
1. गांव के पानी की जांच करना।
2 गांव के खाने में प्रयोग होने वाले अनाज व अन्य खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांचना।
3 मिट्टी के सैंपलों की जांच करवाना।
4 ग्रामीण हवा की जांच।
5 नियमित रूप से सीएचसी में उपचार के लिए आ रहे मरीजों से जानकारी रखना।
6 गांव में जाकर लोगों को जागरूक करना।
7 स्वास्थ्य संबंधी योजनाओं के बारे में ग्रामीणों को जानकारी देना।
बॉक्स
यहां बनाए जाने है बीपीएचयू
- एरिया - गांव रानियां सीएचसी।
- बजट - 2,71,025 रुपये।
-एरिया - गांव चौटाला सीएचसी ।
- बजट - 2,71,160 रुपये
एरिया - गांव कालांवाली सीएचसी।
बजट - 2,71,160 रुपये।
एरिया - नाथूसरी चोपटा सीएचसी।
बजट - 2,70,991 रुपये ।
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इसलिए जरूरी है बीपीएचयू सेंटर
आधुनिकता के कारण ग्रामीण अंचल का माहौल बड़ी तेजी से बदल रहा है। ऐसे में खानापान व अन्य चीजों में तेजी से बदलाव आ रहा है। इस कारण कई बीमारियां तेजी से फैल रही हैं। इनके कारणों को खोजना जरूरी है। खेतों में कीटनाशकों के इस्तेमाल के कारण पीने के पानी, लोगों के स्वास्थ्य, पशुओं आदि पर बुरा प्रभाव पड़ रहा है। ऐसे में इन सभी स्थितियों की जांच करने के लिए बीपीएचयू सेंटर खोले जा रहे हैं।
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ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट जिले में बनाई जा रही है। इसका ग्रामीण अंचल को बहुत ज्यादा फायदा होता है। बीपीएचयू के कारण ग्रामीण आंचल में फैलने वाली बीमारियों को समय से पहले रोका जा सकता है। इन्हें बनाने को लेकर कार्य जल्द ही शुरू कर दिया जाएगा। - डॉ. महेंद्र सिंह भादू, सीएमओ