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डीएपी की जगह एनपीके लेने से किसानों ने किया इनकार, तीन घंटे बाद डीएपी का स्टॉक आने पर दोबार बांटे टोकन
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लाइन में लगे किसानों को खाद के टोकन देते हुए किसान नेता।
- फोटो : Sirsa
सिरसा। जिले में डीएपी की कमी को पूरा करने के लिए कृषि विभाग लगातार खाद के रैक मंगवा रहा है। लेकिन वितरण प्रणाली सुस्त होने के कारण किसान परेशान हो रहे हैं। खाद की कमी को पूरा करने के लिए 1600 एमटी खाद का स्टॉक वीरवार को पहुंचा है। वहीं ढूकड़ा गांव के लोगों को सोसायटी से खाद ना मिलने पर करीब एक घंटे तक रोड को जाम रखा। दूसरी ओर सिरसा अनाज मंडी में खाद लेने के लिए आए किसानों को डीएपी की जगह एनपीके देने को लेकर विवाद हो गया। किसानों ने खाद लेने से मना कर दिया।
रबी फसलों की बिजाई पीक पर चलने के चलते किसान डीएपी लेने के लिए केंद्रों के चक्कर काट रहे है। घंटों लाइन में लगने के बाद पांच बैग डीएपी मिलती है। वीरवार को अनाज मंडी की दुकान नंबर 42 पर संचालक द्वारा पहले डीएपी को लेकर टोकन काटे गए, बाद में एनपीके खाद देने की बात कह दी। किसानों ने विरोध करते हुए इनकार कर दिया। किसान नेता लखविंद्र सिंह औलख ने मौके पर व्यवस्था देखी। करीब 1 बजे डीएपी का स्टॉक आने के बाद किसानों को टोकन बांटे गए और खाद का वितरण किया गया। जिले में वीरवार को आईपीएल कंपनी की डीएपी खाद को 1600 एमटी का स्टॉक सिरसा पहुंचा है। जिससे खाद केंद्रों में भेजने के लिए ट्रकों में लोड करवाया जा रहा है।
बता दें कि जिले में 3 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं की बिजाई होनी है, जिसके लिए अब तक 25 हजार 600 एमटी खाद ही जिले के किसानों को मिली है। जबकि बिजाई के लिए 44 हजार एमटी खाद की जरूरत है। किसानों को बिजाई के लिए अभी ओर 3 लाख बैगों की आवश्यकता है।
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सोसायटी में खाद ना मिलने के चलते लगाया जाम
जिले में 44 गांवों में सोसायटी व इफको खाद केंद्रों में खाद पहुंचनी थी, लेकिन गांव ढूकड़ा सोसायटी में खाद का स्टॉक नहीं पहुंचा। सोसायटी में डीएपी व यूरिया खाद ना मिलने के चलते किसानों ने सिरसा जमाल रोड व बरासरी ढूकड़ा रोड पर जाम लगा दिया। किसानों ने देखा कि जो लोग जाम में फंसे है वह आसपास के गांवों के ही लोग हैं। करीब एक घंटे के बाद किसानों ने जाम खोल दिया। किसानों का आरोप है कि सोसायटी द्वारा समय रहते डीएपी के लिए रकम जमा नहीं करवाई जिसके कारण केंद्र पर डीएपी नहीं पहुंची।
खेतों के अनुसार नहीं मिल रही खाद, पूरा परिवार लग रहा है लाइनों में
डीएपी की कमी के चलते केंद्रों पर एक आधार कार्ड पर 5 कट्टे ही उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। ऐसे में जिन किसानों के पास अधिक जमीन है वह परिवार के अन्य सदस्य पत्नी, भाई व बेटों को भी लाइन में लगाकर जमीन के अनुसार बिजाई के लिए खाद ले रहे हैं।
डीएपी खाद का 1600 एमटी का स्टॉक आया है। किसानों को डीएपी का वितरण किया जा रहा है।
-सुखदेव सिंह, स्टॉक इंचार्ज, कृषि विभाग सिरसा।
कुरंगावाली पैक्स में किसानों ने सेल्समैन पर आरोप लगाकर की तालाबंदी
रोड़ी। गांव कुरंगावाली में स्थित पैक्स सोसायटी में किसानों ने सेल्समैन पर आरोप लगाते हुए हंगामा खड़ा कर दिया। आक्रोशित किसानों ने पैक्स के गेट पर तालाबंदी करते हुए धरना लगा दिया। किसानों का आरोप था कि सेल्समैन उन्हें खाद नहीं दे उसे ब्लैक में बेच रहा है। किसानों अधिकारियों से मांग करते हुए कहा कि सेल्समैन को सस्पेंड किया जाए।
किसान जगसीर सिंह, मग्घर सिंह, बूटा सिंह, राम सिंह, गेजी सिंह, हरदेव सिंह ने बताया कि कुरंगावाली पैक्स में बुधवार को 500 बैग डीएपी खाद आई थी। जिसे किसानों को आधार कार्ड के हिसाब से 2-2 बैग दिए गए। किसानों का था कि उक्त खाद में से ट्रक में 18 बैग खाद बच गई। जिसे अगले दिन किसानों को बांटा जाना था। किसानों ने जब आकर सेल्समैन दर्शन सिंह से बची हुई खाद बारे पूछा तो उसने कोई जवाब नहीं दिया और न ही उन्हें खाद दी। किसानों ने आरोप लगाया कि दर्शन सिंह के बेटे की दुकान है। जहां उसने सरकारी खाद को 1500 रुपये प्रति बैग के हिसाब से ब्लैक में बेच दिया। गुस्साए किसानों ने देर शाम पैक्स सोसायटी के गेट पर ताला जड़ते हुए धरना लगा दिया। किसानों ने पैक्स कर्मचारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कहा कि एक तरफ तो सरकार डीएपी पर्याप्त मात्रा में होने की बात कह रही है तो वहीं दूसरी तरफ पैक्स के ही कर्मचारी कालाबाजारी कर जेबें भरने का काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसान पिछले कई दिनों से खाद के लिए भटक रहे हैं। लेकिन कर्मचारियों को इससे कोई सरोकार नहीं है। किसानों ने सेल्समैन दर्शन सिंह पर आरोप लगाया कि उक्त कर्मचारी इससे पहले भी विवादों में रहा है। उक्त कर्मचारी डीएपी खाद वितरण में हेराफेरी कर रहा है जिसकी जांच कर उसे सस्पेंड किया जाए।
आरोप बेबुनियाद है। बीते दिन अधिकारियों की मौजूदगी में खाद वितरित की गई थी। जो 18 बैग खाद बची थी वो उन्होंने पैक्स के सदस्यों को दी थी। खाद वितरण में कोई हेरफेर नहीं की।
-दर्शन सिंह, सेल्समैन।
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रबी फसलों की बिजाई पीक पर चलने के चलते किसान डीएपी लेने के लिए केंद्रों के चक्कर काट रहे है। घंटों लाइन में लगने के बाद पांच बैग डीएपी मिलती है। वीरवार को अनाज मंडी की दुकान नंबर 42 पर संचालक द्वारा पहले डीएपी को लेकर टोकन काटे गए, बाद में एनपीके खाद देने की बात कह दी। किसानों ने विरोध करते हुए इनकार कर दिया। किसान नेता लखविंद्र सिंह औलख ने मौके पर व्यवस्था देखी। करीब 1 बजे डीएपी का स्टॉक आने के बाद किसानों को टोकन बांटे गए और खाद का वितरण किया गया। जिले में वीरवार को आईपीएल कंपनी की डीएपी खाद को 1600 एमटी का स्टॉक सिरसा पहुंचा है। जिससे खाद केंद्रों में भेजने के लिए ट्रकों में लोड करवाया जा रहा है।
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बता दें कि जिले में 3 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं की बिजाई होनी है, जिसके लिए अब तक 25 हजार 600 एमटी खाद ही जिले के किसानों को मिली है। जबकि बिजाई के लिए 44 हजार एमटी खाद की जरूरत है। किसानों को बिजाई के लिए अभी ओर 3 लाख बैगों की आवश्यकता है।
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सोसायटी में खाद ना मिलने के चलते लगाया जाम
जिले में 44 गांवों में सोसायटी व इफको खाद केंद्रों में खाद पहुंचनी थी, लेकिन गांव ढूकड़ा सोसायटी में खाद का स्टॉक नहीं पहुंचा। सोसायटी में डीएपी व यूरिया खाद ना मिलने के चलते किसानों ने सिरसा जमाल रोड व बरासरी ढूकड़ा रोड पर जाम लगा दिया। किसानों ने देखा कि जो लोग जाम में फंसे है वह आसपास के गांवों के ही लोग हैं। करीब एक घंटे के बाद किसानों ने जाम खोल दिया। किसानों का आरोप है कि सोसायटी द्वारा समय रहते डीएपी के लिए रकम जमा नहीं करवाई जिसके कारण केंद्र पर डीएपी नहीं पहुंची।
खेतों के अनुसार नहीं मिल रही खाद, पूरा परिवार लग रहा है लाइनों में
डीएपी की कमी के चलते केंद्रों पर एक आधार कार्ड पर 5 कट्टे ही उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। ऐसे में जिन किसानों के पास अधिक जमीन है वह परिवार के अन्य सदस्य पत्नी, भाई व बेटों को भी लाइन में लगाकर जमीन के अनुसार बिजाई के लिए खाद ले रहे हैं।
डीएपी खाद का 1600 एमटी का स्टॉक आया है। किसानों को डीएपी का वितरण किया जा रहा है।
-सुखदेव सिंह, स्टॉक इंचार्ज, कृषि विभाग सिरसा।
कुरंगावाली पैक्स में किसानों ने सेल्समैन पर आरोप लगाकर की तालाबंदी
रोड़ी। गांव कुरंगावाली में स्थित पैक्स सोसायटी में किसानों ने सेल्समैन पर आरोप लगाते हुए हंगामा खड़ा कर दिया। आक्रोशित किसानों ने पैक्स के गेट पर तालाबंदी करते हुए धरना लगा दिया। किसानों का आरोप था कि सेल्समैन उन्हें खाद नहीं दे उसे ब्लैक में बेच रहा है। किसानों अधिकारियों से मांग करते हुए कहा कि सेल्समैन को सस्पेंड किया जाए।
किसान जगसीर सिंह, मग्घर सिंह, बूटा सिंह, राम सिंह, गेजी सिंह, हरदेव सिंह ने बताया कि कुरंगावाली पैक्स में बुधवार को 500 बैग डीएपी खाद आई थी। जिसे किसानों को आधार कार्ड के हिसाब से 2-2 बैग दिए गए। किसानों का था कि उक्त खाद में से ट्रक में 18 बैग खाद बच गई। जिसे अगले दिन किसानों को बांटा जाना था। किसानों ने जब आकर सेल्समैन दर्शन सिंह से बची हुई खाद बारे पूछा तो उसने कोई जवाब नहीं दिया और न ही उन्हें खाद दी। किसानों ने आरोप लगाया कि दर्शन सिंह के बेटे की दुकान है। जहां उसने सरकारी खाद को 1500 रुपये प्रति बैग के हिसाब से ब्लैक में बेच दिया। गुस्साए किसानों ने देर शाम पैक्स सोसायटी के गेट पर ताला जड़ते हुए धरना लगा दिया। किसानों ने पैक्स कर्मचारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कहा कि एक तरफ तो सरकार डीएपी पर्याप्त मात्रा में होने की बात कह रही है तो वहीं दूसरी तरफ पैक्स के ही कर्मचारी कालाबाजारी कर जेबें भरने का काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसान पिछले कई दिनों से खाद के लिए भटक रहे हैं। लेकिन कर्मचारियों को इससे कोई सरोकार नहीं है। किसानों ने सेल्समैन दर्शन सिंह पर आरोप लगाया कि उक्त कर्मचारी इससे पहले भी विवादों में रहा है। उक्त कर्मचारी डीएपी खाद वितरण में हेराफेरी कर रहा है जिसकी जांच कर उसे सस्पेंड किया जाए।
आरोप बेबुनियाद है। बीते दिन अधिकारियों की मौजूदगी में खाद वितरित की गई थी। जो 18 बैग खाद बची थी वो उन्होंने पैक्स के सदस्यों को दी थी। खाद वितरण में कोई हेरफेर नहीं की।
-दर्शन सिंह, सेल्समैन।

रोड़ी में पैक्स पर तालाबंदी कर रोष व्यक्त करते किसान।- फोटो : Sirsa