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थेहड़ का सर्वे करने वाली टीम का गलीवासियों ने किया घेराव, कानूनगों ने घर में छिपकर बचाई जान
Updated Fri, 24 Aug 2018 02:08 AM IST
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थेहड़ का सर्वे करने वाली टीम का लोगों ने किया घेराव
सिरसा। पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट के आदेश पर थेहड़ मोहल्ले में रह रहे परिवारों के मकानों को चिन्हित करने जा रही राजस्व विभाग के कर्मचारियों के साथ लोगों ने धक्का मुक्की की। इसके बाद सर्वे करने जा रहे कर्मचारियों ने भाग कर अपनी जान बचाई। राजस्व विभाग के कानूनगो एक घर में छिप गए। लोगों ने घर का घेराव कर लिया। पुलिस फोर्स ने आकर उसे वहां से निकाला। कानूनगो ने मोहल्लेवासियों के खिलाफ पुलिस में मारपीट और सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने की शिकायत दर्ज करवा दी है।
जानकारी अनुसार गुरुवार को राजस्व विभाग की टीम थेहड़ मोहल्ले में रजिस्ट्री और कब्जे वाले मकानों का सर्वे कर रहे थे। पहले सर्वे टीम का नेकी गुज्जर वाली गली के लोगों ने विरोध किया। विरोध होने पर टीम के सदस्य उस गली से चले गए। इसके बाद जब नेकी गुज्जर के साथ मोची वाली गली में राम मंदिर के पास सर्वे करना शुरू किया तो फिर से मोहल्ले के लोगों ने विरोध जता दिया। कर्मचारियों के साथ धक्का मुक्की शुरू हो गई। मामले को बढ़ता देख कर्मचारी वहां से भाग खडे़ हुए। इसी दौरान कुछ कर्मचारी व कानूनगो श्रवण सिंह एक मकान मालिक विजय सेठी के घर में शरण ली। उन्होंने दरवाजा बंद कर दिया। सर्वे का विरोध कर रहे लोगों की इस बात को लेकर मकान मालिक के साथ बहस हुई। मौके पर पुलिस को सूचना दी गई। तब पुलिस ने आकर कानूनगो और कर्मचारियों को घर से निकाला। पार्षद जगजीत सिंह का कहना है कर्मचारी रजिस्ट्री वाले मकानों पर निशान लगा रहे थे। लोगों ने विरोध किया तो कर्मचारी दुर्व्यवहार करने लग गए। मैंने आकर लोगों को समझाया कि कर्मचारियों की ड्यूटी है, तब लोग शांत हुए। वहीं कानूनगो जगजीत सिंह का कहना है कि सर्वे के दौरान लोगों ने कर्मचारियों के साथ दुर्व्यवहार करते हुए पथराव भी किया। पुलिस फोर्स ने आकर उन्हें घर से निकाला। हमने पुलिस को शिकायत दे दी है। बता दे कि पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने थेहड़ विभाग को ऐतिहासिक धरोहर मानते हुए इसे खाली करवाने के निर्देश जिला प्रशासन को दिए हैं। पुरातत्व विभाग इस मामले को कोर्ट में लेकर गया था। करीब 550 परिवारों को थेहड़ से स्थानांतरित किया जा चुका है।
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सिरसा। पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट के आदेश पर थेहड़ मोहल्ले में रह रहे परिवारों के मकानों को चिन्हित करने जा रही राजस्व विभाग के कर्मचारियों के साथ लोगों ने धक्का मुक्की की। इसके बाद सर्वे करने जा रहे कर्मचारियों ने भाग कर अपनी जान बचाई। राजस्व विभाग के कानूनगो एक घर में छिप गए। लोगों ने घर का घेराव कर लिया। पुलिस फोर्स ने आकर उसे वहां से निकाला। कानूनगो ने मोहल्लेवासियों के खिलाफ पुलिस में मारपीट और सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने की शिकायत दर्ज करवा दी है।
जानकारी अनुसार गुरुवार को राजस्व विभाग की टीम थेहड़ मोहल्ले में रजिस्ट्री और कब्जे वाले मकानों का सर्वे कर रहे थे। पहले सर्वे टीम का नेकी गुज्जर वाली गली के लोगों ने विरोध किया। विरोध होने पर टीम के सदस्य उस गली से चले गए। इसके बाद जब नेकी गुज्जर के साथ मोची वाली गली में राम मंदिर के पास सर्वे करना शुरू किया तो फिर से मोहल्ले के लोगों ने विरोध जता दिया। कर्मचारियों के साथ धक्का मुक्की शुरू हो गई। मामले को बढ़ता देख कर्मचारी वहां से भाग खडे़ हुए। इसी दौरान कुछ कर्मचारी व कानूनगो श्रवण सिंह एक मकान मालिक विजय सेठी के घर में शरण ली। उन्होंने दरवाजा बंद कर दिया। सर्वे का विरोध कर रहे लोगों की इस बात को लेकर मकान मालिक के साथ बहस हुई। मौके पर पुलिस को सूचना दी गई। तब पुलिस ने आकर कानूनगो और कर्मचारियों को घर से निकाला। पार्षद जगजीत सिंह का कहना है कर्मचारी रजिस्ट्री वाले मकानों पर निशान लगा रहे थे। लोगों ने विरोध किया तो कर्मचारी दुर्व्यवहार करने लग गए। मैंने आकर लोगों को समझाया कि कर्मचारियों की ड्यूटी है, तब लोग शांत हुए। वहीं कानूनगो जगजीत सिंह का कहना है कि सर्वे के दौरान लोगों ने कर्मचारियों के साथ दुर्व्यवहार करते हुए पथराव भी किया। पुलिस फोर्स ने आकर उन्हें घर से निकाला। हमने पुलिस को शिकायत दे दी है। बता दे कि पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने थेहड़ विभाग को ऐतिहासिक धरोहर मानते हुए इसे खाली करवाने के निर्देश जिला प्रशासन को दिए हैं। पुरातत्व विभाग इस मामले को कोर्ट में लेकर गया था। करीब 550 परिवारों को थेहड़ से स्थानांतरित किया जा चुका है।
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