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Rohtak News: माता-पिता समेत सात घरों से किया लब्धि जैन ने किया भिक्षाटन
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12सीटीके26-रोहतक में रेलवे रोड स्थित जैन स्थानक में लब्धि महाराज का बड़ा दीक्षा पाठ कराते जैन
माई सिटी रिपोर्टर
रोहतक। जनकल्याण व समाज हित की भावना से संयम मार्ग अपनाने वाली लब्धि जैन का वीरवार को बड़ा दीक्षा पाठ हुआ। इसके तहत उन्हें जैन धर्म के पंच महाव्रत ग्रहण कराए गए। इसमें अहिंसा, सत्य, अस्तेय, ब्रह्मचर्य व अपरिग्रह शामिल हैं। जैन धर्म के अनुयायी इन व्रतों का पालन कर मोक्ष प्राप्त करते हैं। लब्धि महाराज ने माता-पिता समेत सात घरों से भिक्षाटन किया। माता-पिता ने बेटी को संत के रूप में भिक्षा प्रदान की। इसके बाद वे जैन स्थानक पहुंचीं। यहां संतों की देखरेख में अन्य रस्में निभाई गईं।
साथ ही, लब्धि महाराज को संन्यास में ध्यान रखने वाली बातें व बरती जाने वाली सावधानी से अवगत कराया गया। शुक्रवार सुबह जैन संत डोभ आश्रम के लिए रवाना होंगे। यहीं अब साध्वी लब्धि महाराज एक माह तक तप करेंगी। लब्धि महाराज को संन्यासी जीवन से जुड़ी अहम जानकारियां दी गईं। इसमें घरों से भिक्षाटन करना। आहर संग्रहित करना व इसका सदुपयोग करना भी बताया गया।
साध्वी सुरुचि महाराज ने बताया कि शुक्रवार सुबह सभी संत जैन स्थानक से डोभ आश्रम के लिए प्रस्थान करेंगे। यहीं एक माह तक लब्धि महाराज तप के साथ जैन मुनियों की दिनचर्या व संन्यासी जीवन के नियमों का पालन करेंगी। चातुर्मास के अलावा वह हरियाणा में लंबे समय के बाद ही लौटेंगी। इस दौरान देशभर में भ्रमण कर जैन धर्म का प्रचार करेंगी।
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5 जून को सोनीपत के बिलबिलान गांव की बेटी लब्धि महाराज का दीक्षा महोत्सव आयोजित हुआ था। यहां सांसारिक व भौतिक सुख त्याग कर लब्धि महाराज ने संयम मार्ग अपनाया। जैन संत अभिषेक मुनि उन्हें दीक्षा प्रदान की।
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रोहतक। जनकल्याण व समाज हित की भावना से संयम मार्ग अपनाने वाली लब्धि जैन का वीरवार को बड़ा दीक्षा पाठ हुआ। इसके तहत उन्हें जैन धर्म के पंच महाव्रत ग्रहण कराए गए। इसमें अहिंसा, सत्य, अस्तेय, ब्रह्मचर्य व अपरिग्रह शामिल हैं। जैन धर्म के अनुयायी इन व्रतों का पालन कर मोक्ष प्राप्त करते हैं। लब्धि महाराज ने माता-पिता समेत सात घरों से भिक्षाटन किया। माता-पिता ने बेटी को संत के रूप में भिक्षा प्रदान की। इसके बाद वे जैन स्थानक पहुंचीं। यहां संतों की देखरेख में अन्य रस्में निभाई गईं।
साथ ही, लब्धि महाराज को संन्यास में ध्यान रखने वाली बातें व बरती जाने वाली सावधानी से अवगत कराया गया। शुक्रवार सुबह जैन संत डोभ आश्रम के लिए रवाना होंगे। यहीं अब साध्वी लब्धि महाराज एक माह तक तप करेंगी। लब्धि महाराज को संन्यासी जीवन से जुड़ी अहम जानकारियां दी गईं। इसमें घरों से भिक्षाटन करना। आहर संग्रहित करना व इसका सदुपयोग करना भी बताया गया।
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साध्वी सुरुचि महाराज ने बताया कि शुक्रवार सुबह सभी संत जैन स्थानक से डोभ आश्रम के लिए प्रस्थान करेंगे। यहीं एक माह तक लब्धि महाराज तप के साथ जैन मुनियों की दिनचर्या व संन्यासी जीवन के नियमों का पालन करेंगी। चातुर्मास के अलावा वह हरियाणा में लंबे समय के बाद ही लौटेंगी। इस दौरान देशभर में भ्रमण कर जैन धर्म का प्रचार करेंगी।
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5 जून को सोनीपत के बिलबिलान गांव की बेटी लब्धि महाराज का दीक्षा महोत्सव आयोजित हुआ था। यहां सांसारिक व भौतिक सुख त्याग कर लब्धि महाराज ने संयम मार्ग अपनाया। जैन संत अभिषेक मुनि उन्हें दीक्षा प्रदान की।