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कोरोना संक्रमण काल में सरकारी फरमान से दुविधा में पीजीआईएमएस

Thu, 06 May 2021 02:04 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Thu, 06 May 2021 02:04 AM IST
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संजय कुमार
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रोहतक। कोरोना संक्रमणकाल में पीजीआईएमएस दुविधा में है कि वह जिले के अलावा दिल्ली व प्रदेश भर के गंभीर मरीजों का उपचार करे और जगह-जगह डॉक्टरों की कमी को भी पूरा करे। वह भी उस स्थिति में जब संस्थान के कई डॉक्टर, नर्स व स्टाफ पहले ही कोरोना संक्रमण की चपेट में आ चुके हैं। कई डॉक्टर व स्टाफ तो ऐसे हैं जोकि दो बार कोरोना की चपेट में आ गए हैं। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने संस्थान से कुछ डॉक्टरों की डिमांड भेजी है, जिन्हें अन्य स्थानों पर तैनात किया जाना है।
पीजीआईएमएस अपने यहां तकरीबन 400 कोरोना के मरीजों का उपचार कर रहा है। इसमें वेंटिलेटर, हाई फ्लो ऑक्सीजन व ऑक्सीजन वाले मरीजों की संख्या अधिक है। इसके अलावा संस्थान पोस्ट कोविड व अन्य ओपीडी में भी मरीजों को देख रहा है और उपचार दे रहा है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने डॉक्टरों की डिमांड संस्थान से की है कि वह अपने यहां के डॉक्टरों को अन्य स्थानों पर भेजें ताकि वह कोरोना से लड़ सके। अब पीजीआईएमएस के समस्या है कि उस पर दबाव है कि 1100 बेड कोरोना मरीजों के लिए तैयार किए जाएं, ऐसे में यदि संस्थान अपने डॉक्टरों को कहीं और भेजता है तो वह स्वयं का काम कैसे चलाएंगे। क्योंकि संस्थान का काफी स्टाफ पहले ही कोरोना की चपेट में है।
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सरकार की ओर से भेजी गई संस्थानों को डिमांड
स्वास्थ्य विभाग के डीएमईआर की ओर से पीजीआईएमएस रोहतक, एमएमआईएमएसआर अंबाला, एसजीटी गुरुग्राम व आदेश एमसी कुरुक्षेत्र से डॉक्टरों की डिमांड भेजी गई है। इस पर पीजीआईएमएस रोहतक में हलचल मची है। पहले सरकार ने फैकल्टी की अन्य मेडिकल कॉलेज में रोटेशन की फाइल चला दी अब पीजी डॉक्टरों व रेजिडेंट डॉक्टरों को अन्य स्थानों पर तैनात करने की बात कर रहा है। इस पर एचएसएमटीए पहले ही विरोध जता चुका है। वहीं सूत्रों का कहना है कि पीजीआईएमएस ने फिलहाल सरकार को अपनी मजबूरी बताते हुए तीन डॉक्टर करनाल को व एक स्वास्थ्य विभाग रोहतक को ही देने की हामी भरी है।
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स्वास्थ्य विभाग के लिए
पद संख्या इस संस्थान से
पीजी थर्ड ईयर एनेस्थिसिया 10 पीजीआईएमएस रोहतक
पीजी थर्ड ईयर मेडिसिन 08 एमएमआईएमएसआर अंबाला
पीजी सेकेंड ईयर मेडिसिन 08 एमएमआईएमएसआर अंबाला
पीजी फ्सट ईयर मेडिसिन 08 एमएमआईएमएसआर अंबाला
पीजी थर्ड ईयर पीसीसीएम 02 एमएमआईएमएसआर अंबाला
पीजी सेकेंड ईयर पीसीसीएम 02 एमएमआईएमएसआर अंबाला
पीजी फ्स्ट ईयर पीसीसीएम 02 एमएमआईएमएसआर अंबाला
पीजी थर्ड ईयर मेडिसिन 05 पीजीआईएमएस रोहतक
पीजी थर्ड ईयर पीसीसीएम रेस्पिरेटरी 02 पीजीआईएमएस रोहतक
पीजी थर्ड ईयर मेडिसिन 08 एसजीटी गुरुग्राम
करनाल मेडिकल कॉलेज के लिए
एसआर रेजिडेंट एनेस्थिसिया 05 पीजीआईएमएस रोहतक
एसआर रेजिडेंट एनेस्थिसिया 04 एमएमआईएमएसआर अंबाला
एसआर रेजिडेंट एनेस्थिसिया 02 एसजीटी गुरुग्राम
एसआर रेजिडेंट एनेस्थिसिया 03 आदेश एमसी कुुरुक्षेत्र
पीजी सेकेंड ईयर मेडिसिन 04 पीजीआईएमएस रोहतक
एसआर रेजिडेंट मेडिसिन 03 आदेश एमसी कुरुक्षेत्र
मेवात मेडिकल कॉलेज के लिए
पीजी सेकेंड व फ्स्ट ईयर मेडिसिन 05 पीजीआईएमएस रोहतक
पीजी सेकेंड ईयर पीसीसीएम 02 पीजीआईएमएस रोहतक
वर्जन
पीजीआईएमएस में प्रदेश भर के अलावा दिल्ली व अन्य स्थानों से भी मरीज उपचार को आते हैं। यहां फिलहाल 400 के करीब गंभीर कोरोना के मरीजों का उपचार चल रहा है। हमारे कई डॉक्टर, पीजी, रेजिडेंट व अन्य स्टाफ संक्रमित हो चुका है। ऐसे में हमसे डॉक्टर की डिमांड करना सही नहीं है। हम मानवीय दृष्टिकोण से किसी मरीज को दाखिल करने से मना नहीं कर सकते। मरीजों को स्वास्थ्य लाभ देने के लिए पर्याप्त स्टाफ व डॉक्टरों का होना और उनका स्वस्थ रहना जरूरी है। स्वास्थ्य विभाग को अपनी डिमांड पर विचार करना चाहिए। जो डिमांड आई है उस संबंध में अधिकारियों से बात की जा रही है।
- डॉ. आरबी जैन, सीनियर प्रोफेसर एवं प्रदेशाध्यक्ष, हरियाणा स्टेट मेडिकल टीचर एसोसिएशन, पीजीआईएमएस
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