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आठ वर्ष बाद भी नई जगह स्थापित नहीं किया गया विजय द्वार

Mon, 26 Jul 2021 01:03 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Mon, 26 Jul 2021 01:03 AM IST
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Even after eight years, the new place was not established, the victory gate
कारगिल में शहीद हुए जवानों की याद को जिला प्रशासन बिसराने लगा है। इन शहीदों की याद में शहर के शांतमई चौक पर बनाया गया विजय द्वार भी अब नहीं है। सड़क चौड़ी करने के नाम पर 8 वर्ष पूर्व (2013) हटाए गए इस द्वार को अब तक नई जगह स्थापित नहीं किया गया है। हालात ये हैं कि प्रशासन ने विजय द्वार का कोई रिकॉर्ड तक होने से इनकार कर दिया है। इससे शहीद परिवार, पूर्व सैनिक व आमजन आहत हैं।
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दरअसल, 22 वर्ष पहले देश के जवानों ने शहादत देकर कारगिल पर जीत हासिल की थी। पाकिस्तान से वर्ष 1999 में हुए युद्ध में 527 जवान शहीद हुए थे। इस शहीदों में 77 जवान हरियाणा के थे। इसमें भी 26 जवान पुराने रोहतक से जुड़े थे। इन जवानों की शहादत को याद रखने व युवाओं को देश प्रेम के प्रति प्रेरित करने के लिए शहर के शांतमई चौक पर विजय द्वार बनाया गया था। इस पर शहीदों के नाम भी दर्ज थे। इस विजय द्वार को करीब आठ वर्ष पूर्व सड़क चौड़ी करने के नाम पर हटा दिया गया। विजय द्वार हटाने का विरोध होने पर प्रशासन ने इसे दूसरी जगह स्थापित करने का आश्वासन दिया। जबकि आठ साल बीतने के बाद भी विजय द्वार नहीं बनाया गया है। वहीं, विजय द्वार के बारे में जब सेक्टर तीन निवासी उमेद सिंह ने आरटीआई लगाई तो प्रशासन ने इस संबंध में किसी तरह का रिकॉर्ड दर्ज ही नहीं होने का खुलासा किया। आरटीआई के तहत मिले शपथ पत्र में निगम प्रशासन ने इस बारे में साफ-साफ शब्दों में लिखा है। ऐसे में शहीदों की शहादत को याद करने व युवाओं को देशभक्ति के लिए प्रेरित करने वाला विजय द्वार भी गायब हो चला है। हालांकि इस संबंध में अनेक बार नेताओं, मंत्रियों, विधायक, सांसद व अधिकारियों से पूर्व सैनिक व सामाजिक कार्यकर्ता मिलकर विजय द्वार बनाने की मांग कर चुके हैं। इसके बावजूद अभी तक कुछ नहीं हुआ है।
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विजय द्वार के लिए लगाई थी आरटीआई
कारगिल शहीदों की याद में बने विजय द्वार के संबंध में प्रशासन से आरटीआई के तहत जानकारी मांगी गई थी। इसमें प्रशासन ने विजय द्वार से संबंधित रिकॉर्ड ही नहीं होने की बात कही है। विजय द्वार बनवाने के लिए कई बार मांग की जा चुकी है। इसके बावजूद प्रशासन मौन है।
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- उमेद सिंह, सेक्टर तीन
शीघ्र बनाया जाए विजय द्वार
कारगिल के शहीदों की याद में शांतमई चौक पर बने विजय द्वार को आठ वर्ष पहले निगम प्रशासन ने हटा दिया था। उसे मंजूरशुदा जगह एमडीयू में युद्ध स्मारक के सामने कारगिल के शहीदों की याद को बनाए रखने के लिए शीघ्र बनाया जाए।
- कर्नल आरएस मलिक, हरियाणा पूर्व सैनिक संघ
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