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अब परीक्षा नियंत्रक ने छात्रा और उसके पिता पर दर्ज करवाया ब्लैकमेल करने का केस
Updated Sun, 28 Jan 2018 02:44 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
पंडित भगवत दयाल शर्मा हेल्थ यूनिवर्सिटी के परीक्षा नियंत्रक पर गुरु ग्राम के राजेंद्र पार्क थाने में दर्ज छेड़छाड़ के मामले में शनिवार को नया मोड़ आ गया। केस दर्ज होने के तीन दिन बाद ही परीक्षा नियंत्रक ने छात्रा और उसके पिता पर परीक्षा में पास करने को लेकर ब्लैकमेल करने का केस दर्ज करवाया है। परीक्षा नियंत्रक ने वीरवार को रोहतक एसपी को लिखित शिकायत दी थी और शुक्रवार को पीजीआई थाने में केस दर्ज किया गया।
पुलिस को दी शिकायत में परीक्षा नियंत्रक ने बताया कि गुरुग्राम स्थित बुढ़ेरा के एसजीटी डेंटल कॉलेज में एक छात्रा बीडीएस पढ़ाई कर रही है। उसने 2010 में कॉलेज में बीडीएस में दाखिला लिया था, लेकिन अभी तक वह कोर्स पूरा नहीं कर सकी है। परीक्षा नियंत्रक ने बताया कि उन्हें पता चला कि छात्रा ने उनके खिलाफ गुरुग्राम के थाने में केस दर्ज करवाया है। जो कि झूठी शिकायत के आधार पर दर्ज किया गया है। आरोप है कि छात्रा और उसके पिता परीक्षा नियंत्रक पर झूठे आरोप लगाकर ब्लैकमेल करने की कोशिश कर रहे हैं। साथ ही धमकी दे रहे हैं कि यदि अगस्त 2017 की परीक्षा में छात्रा को पास नहीं किया तो अंजाम भुगतने को तैयार रहे। छात्रा के पिता ने कई लोगों के माध्यम से परीक्षा नियंत्रक के पास मैसेज भिजवाया कि यदि वह परीक्षा में पास कर दें तो वह केस वापस ले लेंगे।
परीक्षा नियंत्रक ने पुलिस को सौंपी सौदेबाजी की वीडियो क्लिप
शिकायत में परीक्षा नियंत्रक ने बताया कि उसने डेढ़ मिनट की एक वीडियो-ऑडियो क्लिप भी पुलिस को सौंपी है। इसमें छात्रा का पिता कह रहा था कि यदि पास कर दिया तो वह केस वापस ले लेंगे। परीक्षा नियंत्रक का आरोप है कि छात्रा ने एक फेसबुक आईडी पर उनकी फोटो का प्रयोग करके उन्हें बदनाम करने का प्रयास किया है। मामले में पीजीआई थाना प्रभारी गरिमा ने बताया कि केस दर्ज करके मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
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छात्रा ने भी लगाया था पास करने के नाम पर यौन उत्पीड़न का आरोप
एक दिन पहले छात्रा ने भी परीक्षा नियंत्रक पर पास करने के नाम पर यौन उत्पीड़न का केस दर्ज करवाया था। इस संबंध में छात्रा ने एक फेसबुक चेट भी पुलिस को सौंपी थी। गुरुग्राम पुलिस को दी शिकायत में गुरुग्राम निवासी एक छात्रा बताया था कि उसने वर्ष 2010 में हेल्थ यूनिवर्सिटी में बीडीएस में दाखिला लिया था। वर्ष 2012 में छात्रा की फेसबुक आईडी पर परीक्षा नियंत्रक की फ्रें ड रिक्वेस्ट भेजी थी। अन्य छात्राओं को पता चलने के बाद परीक्षा नियंत्रक ने उसे अपनी आईडी से हटा दिया था। सितंबर 2015 में परीक्षा नियंत्रक ने छात्रा के पिता के मोबाइल पर कॉल करके कहा कि उनकी बेटी के फार्म में कुछ कमियां है। इसे विवि में आकर ठीक कराने की सलाह दी। जब छात्रा अपने पिता के साथ विवि पहुंची तो पता चला कि फार्म में यदि गड़बड़ होती तो यूनिवर्सिटी रोल नंबर ही जारी नहीं करती। परीक्षा नियंत्रक ने छात्रा को दोबारा बुलाकर कहा कि उसकी दो पेपर में रि-अपीयर है। आरोप है कि परीक्षा नियंत्रक ने पास कराने की बात कही। इसके बाद आरोपी ने छात्रा से तरह तरह की मांग करनी शुरू कर दी थी। इसके बाद पीड़िता ने गुरुग्राम के राजेंद्र पार्क थाने में परीक्षा नियंत्रक के खिलाफ छेड़छाड़ का केस दर्ज करवाया। छात्रा का आरोप है कि उसका चार साल का कोर्स था, लेकिन उसे बार-बार एक पेपर में फेल किया जा रहा है। साथ ही छात्रा ने दावा किया है कि उसने पुलिस को परीक्षा नियंत्रक से फेसबुक पर हुई चैटिंग का ब्यौरा भी दिया है।
वर्जन
छात्रा जो आरोप लगा रही है, वह सरासर गलत हैं। इस मामले में उन्होंने पुलिस को जांच के लिए एक वीडियो सौंप दी है, जिसमें छात्रा के पिता कह रहे हैं कि वह उनकी बेटी को पास कर दें। इसके बाद वह अपनी शिकायत वापस लेे लेंगे। छात्रा के आरोपों के खिलाफ पहले भी मौखिक रूप से पुलिस कप्तान को बता दिया गया था, वीरवार को पुलिस कप्तान को लिखित में शिकायत भी दे दी गई है। इस शिकायत में कहा गया है कि छात्रा द्वारा उन्हें ब्लैकमेल किया जा रहा है। उनकी शिकायत पर पुलिस ने जांच करने का आश्वासन दिया है।
- डॉ. संजय कुमार, परीक्षा नियंत्रक, पीजीआईएमएस
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रोहतक।
पंडित भगवत दयाल शर्मा हेल्थ यूनिवर्सिटी के परीक्षा नियंत्रक पर गुरु ग्राम के राजेंद्र पार्क थाने में दर्ज छेड़छाड़ के मामले में शनिवार को नया मोड़ आ गया। केस दर्ज होने के तीन दिन बाद ही परीक्षा नियंत्रक ने छात्रा और उसके पिता पर परीक्षा में पास करने को लेकर ब्लैकमेल करने का केस दर्ज करवाया है। परीक्षा नियंत्रक ने वीरवार को रोहतक एसपी को लिखित शिकायत दी थी और शुक्रवार को पीजीआई थाने में केस दर्ज किया गया।
पुलिस को दी शिकायत में परीक्षा नियंत्रक ने बताया कि गुरुग्राम स्थित बुढ़ेरा के एसजीटी डेंटल कॉलेज में एक छात्रा बीडीएस पढ़ाई कर रही है। उसने 2010 में कॉलेज में बीडीएस में दाखिला लिया था, लेकिन अभी तक वह कोर्स पूरा नहीं कर सकी है। परीक्षा नियंत्रक ने बताया कि उन्हें पता चला कि छात्रा ने उनके खिलाफ गुरुग्राम के थाने में केस दर्ज करवाया है। जो कि झूठी शिकायत के आधार पर दर्ज किया गया है। आरोप है कि छात्रा और उसके पिता परीक्षा नियंत्रक पर झूठे आरोप लगाकर ब्लैकमेल करने की कोशिश कर रहे हैं। साथ ही धमकी दे रहे हैं कि यदि अगस्त 2017 की परीक्षा में छात्रा को पास नहीं किया तो अंजाम भुगतने को तैयार रहे। छात्रा के पिता ने कई लोगों के माध्यम से परीक्षा नियंत्रक के पास मैसेज भिजवाया कि यदि वह परीक्षा में पास कर दें तो वह केस वापस ले लेंगे।
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परीक्षा नियंत्रक ने पुलिस को सौंपी सौदेबाजी की वीडियो क्लिप
शिकायत में परीक्षा नियंत्रक ने बताया कि उसने डेढ़ मिनट की एक वीडियो-ऑडियो क्लिप भी पुलिस को सौंपी है। इसमें छात्रा का पिता कह रहा था कि यदि पास कर दिया तो वह केस वापस ले लेंगे। परीक्षा नियंत्रक का आरोप है कि छात्रा ने एक फेसबुक आईडी पर उनकी फोटो का प्रयोग करके उन्हें बदनाम करने का प्रयास किया है। मामले में पीजीआई थाना प्रभारी गरिमा ने बताया कि केस दर्ज करके मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
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छात्रा ने भी लगाया था पास करने के नाम पर यौन उत्पीड़न का आरोप
एक दिन पहले छात्रा ने भी परीक्षा नियंत्रक पर पास करने के नाम पर यौन उत्पीड़न का केस दर्ज करवाया था। इस संबंध में छात्रा ने एक फेसबुक चेट भी पुलिस को सौंपी थी। गुरुग्राम पुलिस को दी शिकायत में गुरुग्राम निवासी एक छात्रा बताया था कि उसने वर्ष 2010 में हेल्थ यूनिवर्सिटी में बीडीएस में दाखिला लिया था। वर्ष 2012 में छात्रा की फेसबुक आईडी पर परीक्षा नियंत्रक की फ्रें ड रिक्वेस्ट भेजी थी। अन्य छात्राओं को पता चलने के बाद परीक्षा नियंत्रक ने उसे अपनी आईडी से हटा दिया था। सितंबर 2015 में परीक्षा नियंत्रक ने छात्रा के पिता के मोबाइल पर कॉल करके कहा कि उनकी बेटी के फार्म में कुछ कमियां है। इसे विवि में आकर ठीक कराने की सलाह दी। जब छात्रा अपने पिता के साथ विवि पहुंची तो पता चला कि फार्म में यदि गड़बड़ होती तो यूनिवर्सिटी रोल नंबर ही जारी नहीं करती। परीक्षा नियंत्रक ने छात्रा को दोबारा बुलाकर कहा कि उसकी दो पेपर में रि-अपीयर है। आरोप है कि परीक्षा नियंत्रक ने पास कराने की बात कही। इसके बाद आरोपी ने छात्रा से तरह तरह की मांग करनी शुरू कर दी थी। इसके बाद पीड़िता ने गुरुग्राम के राजेंद्र पार्क थाने में परीक्षा नियंत्रक के खिलाफ छेड़छाड़ का केस दर्ज करवाया। छात्रा का आरोप है कि उसका चार साल का कोर्स था, लेकिन उसे बार-बार एक पेपर में फेल किया जा रहा है। साथ ही छात्रा ने दावा किया है कि उसने पुलिस को परीक्षा नियंत्रक से फेसबुक पर हुई चैटिंग का ब्यौरा भी दिया है।
वर्जन
छात्रा जो आरोप लगा रही है, वह सरासर गलत हैं। इस मामले में उन्होंने पुलिस को जांच के लिए एक वीडियो सौंप दी है, जिसमें छात्रा के पिता कह रहे हैं कि वह उनकी बेटी को पास कर दें। इसके बाद वह अपनी शिकायत वापस लेे लेंगे। छात्रा के आरोपों के खिलाफ पहले भी मौखिक रूप से पुलिस कप्तान को बता दिया गया था, वीरवार को पुलिस कप्तान को लिखित में शिकायत भी दे दी गई है। इस शिकायत में कहा गया है कि छात्रा द्वारा उन्हें ब्लैकमेल किया जा रहा है। उनकी शिकायत पर पुलिस ने जांच करने का आश्वासन दिया है।
- डॉ. संजय कुमार, परीक्षा नियंत्रक, पीजीआईएमएस