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त्रिवेणी बाबा की अलख ‘त्रिवेणियां लगाएं पर्यावरण बचाएं’
Rohtak
Updated Fri, 05 Oct 2012 12:00 PM IST
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भिवानी। उन पर पर्यावरण बचाने का जुनून सवार है। गांव सरल के शमशान घाट से वर्ष 1995 में शुरू हुआ त्रिवेणी बाबा का त्रिवेणी (नीम, पीपल बरगद) लगाने का सिलसिला अनवरत जारी है। वे अब तक 12 हजार से अधिक त्रिवेणी और 10 लाख से ज्यादा पेड़ लगा चुके हैं।
इतिहास से एमए गांव लोहारू के बीसलवास निवासी सत्यवान उर्फ त्रिवेणी बाबा ने वर्ष 1995 में एक खेत से हरे पेड़ कटते देख न केवल पेड़ काटने वालों को रोका बल्कि अपना जीवन पर्यावरण बचाने के लिए समर्पित करने का संकल्प लिया। उसी राह पर चलते हुए अब वे सत्यवान नहीं त्रिवेणी बाबा के नाम से पहचान पा चुके है। स्कूलों, कालेजों, शहराें व गांवों में पर्यावरण के प्रति चेतना जगाना उनकी दिनचर्या बन चुका है। त्रिवेणी बाबा जहां भी जाते हैं यह संदेश देते हैं कि एक परिवार एक त्रिवेणी जरूर लगाए।
त्रिवेणी बाबा ने अमर उजाला से बातचीत में बताया कि वैसे तो उन्होंने प्रदेश भर में त्रिवेणियां लगाई हैं। चंडीगढ़ में अब तक लगाई त्रिवेणियों में से 95 प्रतिशत कामयाब हैं। पानीपत करनाल, जींद, में 90 प्रतिशत तथा भिवानी जिला में करीब 85 प्रतिशत त्रिवेणियां कामयाब हैं। भिवानी में सबसे अधिक त्रिवेणी तोशाम में लगाई हैं। वह बताते हैं कि पीपल विष्णु, बरगद ब्रह्मा, नीम महेश का स्वरूप हैं।
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चूगा घर बनवाना भी उनकी मुहिम
बाबा न केवल पर्यावरण बचाने में लगे हैं बल्कि पक्षी प्रेम भी उनमें अगाढ़ है। वे गांव गांव घूमकर पंचायतों को इसके लिए प्रेरित करते हैं। इसके लिए गांव से बाहर एक चबूतरा बनवाकर उसके चारों तरफ पेड़ लगवाते हैं जहां पक्षियाें के लिए दाना दुनका डालने के लिए लोगों को प्रेरित करते हैं। इस प्रकार चूगा घर पक्षियोें का रैन बसेरा बन जाते हैं। त्रिवेणी बाबा कहते हैं कि कन्या जन्म पर सात शीशम के पेड़ लगाएं और उनकी देखभाल करें।
पंचवटी लगाने को कर रहे प्रेरित
त्रिवेणी बाबा रामायण में वर्णित पंचवटी का महत्व लोगों को समझा रहे हैं। वे सैकड़ों पंचवटी लगवा चुके हैं। बाबा बताते हैं कि पंचवटी लगाते समय पूर्व में बरगद, पश्चिम में पीपल, दक्षिण में आंवला, उत्तर में बेल पत्र पश्चिम व दक्षिण के बीच अशोक का पेड़ लगाएं। पंचवटी के बीच बैठकर लिया गया सामूहिक फैसला गलत नहीं हो सकता।
राजनीति में आगे आएं युवा: मोनिका लरवाल
भिवानी। युवा कांग्रेस के वार्ड चार से चुनाव जीतकर महासचिव बनी मोनिका लरवाल ने कहा कि राजनीति में युवाओं को आगे आना चाहिए। कांग्रेस में युवाओं को हमेशा बढ़िया सम्मान मिला है। इसलिए युवाओं का रूझान कांग्रेस की तरफ लगातार बढ़ रहा है। उनका वीरवार को जोरदार स्वागत किय गया। उन्होंने अपनी जीत पर युवा कांग्रेस के महासचिव संदीप पंघाल के अलावा कांग्रेस के आला पदाधिकारियों का आभार व्यक्त किया।
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इतिहास से एमए गांव लोहारू के बीसलवास निवासी सत्यवान उर्फ त्रिवेणी बाबा ने वर्ष 1995 में एक खेत से हरे पेड़ कटते देख न केवल पेड़ काटने वालों को रोका बल्कि अपना जीवन पर्यावरण बचाने के लिए समर्पित करने का संकल्प लिया। उसी राह पर चलते हुए अब वे सत्यवान नहीं त्रिवेणी बाबा के नाम से पहचान पा चुके है। स्कूलों, कालेजों, शहराें व गांवों में पर्यावरण के प्रति चेतना जगाना उनकी दिनचर्या बन चुका है। त्रिवेणी बाबा जहां भी जाते हैं यह संदेश देते हैं कि एक परिवार एक त्रिवेणी जरूर लगाए।
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त्रिवेणी बाबा ने अमर उजाला से बातचीत में बताया कि वैसे तो उन्होंने प्रदेश भर में त्रिवेणियां लगाई हैं। चंडीगढ़ में अब तक लगाई त्रिवेणियों में से 95 प्रतिशत कामयाब हैं। पानीपत करनाल, जींद, में 90 प्रतिशत तथा भिवानी जिला में करीब 85 प्रतिशत त्रिवेणियां कामयाब हैं। भिवानी में सबसे अधिक त्रिवेणी तोशाम में लगाई हैं। वह बताते हैं कि पीपल विष्णु, बरगद ब्रह्मा, नीम महेश का स्वरूप हैं।
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चूगा घर बनवाना भी उनकी मुहिम
बाबा न केवल पर्यावरण बचाने में लगे हैं बल्कि पक्षी प्रेम भी उनमें अगाढ़ है। वे गांव गांव घूमकर पंचायतों को इसके लिए प्रेरित करते हैं। इसके लिए गांव से बाहर एक चबूतरा बनवाकर उसके चारों तरफ पेड़ लगवाते हैं जहां पक्षियाें के लिए दाना दुनका डालने के लिए लोगों को प्रेरित करते हैं। इस प्रकार चूगा घर पक्षियोें का रैन बसेरा बन जाते हैं। त्रिवेणी बाबा कहते हैं कि कन्या जन्म पर सात शीशम के पेड़ लगाएं और उनकी देखभाल करें।
पंचवटी लगाने को कर रहे प्रेरित
त्रिवेणी बाबा रामायण में वर्णित पंचवटी का महत्व लोगों को समझा रहे हैं। वे सैकड़ों पंचवटी लगवा चुके हैं। बाबा बताते हैं कि पंचवटी लगाते समय पूर्व में बरगद, पश्चिम में पीपल, दक्षिण में आंवला, उत्तर में बेल पत्र पश्चिम व दक्षिण के बीच अशोक का पेड़ लगाएं। पंचवटी के बीच बैठकर लिया गया सामूहिक फैसला गलत नहीं हो सकता।
राजनीति में आगे आएं युवा: मोनिका लरवाल
भिवानी। युवा कांग्रेस के वार्ड चार से चुनाव जीतकर महासचिव बनी मोनिका लरवाल ने कहा कि राजनीति में युवाओं को आगे आना चाहिए। कांग्रेस में युवाओं को हमेशा बढ़िया सम्मान मिला है। इसलिए युवाओं का रूझान कांग्रेस की तरफ लगातार बढ़ रहा है। उनका वीरवार को जोरदार स्वागत किय गया। उन्होंने अपनी जीत पर युवा कांग्रेस के महासचिव संदीप पंघाल के अलावा कांग्रेस के आला पदाधिकारियों का आभार व्यक्त किया।