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वर्तमान समय में रिपोर्ट लेखन का विशेष महत्व : शर्मा
Tue, 10 Feb 2026 05:22 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Tue, 10 Feb 2026 05:22 PM IST
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कार्यशाला में भाग लेते शिक्षक व विद्यार्थी। स्रोत : कॉलेज
रेवाड़ी। अहीर महाविद्यालय में रिपोर्ट लेखन व शोध नैतिकता पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का शुभारंभ महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. उर्मिला शर्मा ने किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में इंटर्नशिप कार्यक्रम के अंतर्गत रिपोर्ट लेखन का विशेष महत्व है।
डॉ. अपर्णा यादव ने अपने व्याख्यान में शोध के विभिन्न प्रकारों पर प्रकाश डाला व बताया कि निर्धारित नियमों और नैतिक मूल्यों का पालन करते हुए ही गुणवत्तापूर्ण शोध किया जा सकता है। उन्होंने एक अच्छे शोधकर्ता के गुणों और उसके सामाजिक दायित्वों पर भी विस्तार से चर्चा की।
डॉ. कविता यादव ने बताया कि नई शिक्षा नीति (एनईपी) के अंतर्गत इंटर्नशिप कार्यक्रम में विद्यार्थियों को एक माह की ट्रेनिंग के दौरान रिपोर्ट लेखन करना होता है और यह रिपोर्ट किस प्रकार मौलिक बनाई जा सकती है, इस पर भी उन्होंने उपयोगी सुझाव दिए।
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कार्यशाला में डॉ. संगीता राव, मीनाक्षी गोयल, डॉ. रजनी देवी, डॉ. कविता यादव, डॉ. अपर्णा यादव, डॉ. दीपक यादव सहित अन्य प्राध्यापक उपस्थित रहे।
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डॉ. अपर्णा यादव ने अपने व्याख्यान में शोध के विभिन्न प्रकारों पर प्रकाश डाला व बताया कि निर्धारित नियमों और नैतिक मूल्यों का पालन करते हुए ही गुणवत्तापूर्ण शोध किया जा सकता है। उन्होंने एक अच्छे शोधकर्ता के गुणों और उसके सामाजिक दायित्वों पर भी विस्तार से चर्चा की।
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डॉ. कविता यादव ने बताया कि नई शिक्षा नीति (एनईपी) के अंतर्गत इंटर्नशिप कार्यक्रम में विद्यार्थियों को एक माह की ट्रेनिंग के दौरान रिपोर्ट लेखन करना होता है और यह रिपोर्ट किस प्रकार मौलिक बनाई जा सकती है, इस पर भी उन्होंने उपयोगी सुझाव दिए।
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कार्यशाला में डॉ. संगीता राव, मीनाक्षी गोयल, डॉ. रजनी देवी, डॉ. कविता यादव, डॉ. अपर्णा यादव, डॉ. दीपक यादव सहित अन्य प्राध्यापक उपस्थित रहे।