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Rewari News: नागरिक अस्पताल के जच्चा-बच्चा वार्ड में आया बारिश का पानी
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रेवाड़ी स्थित जिला नागरिक अस्पताल के जच्चा बच्चा वार्ड में साेमवार सुबह भरा बारिश का पानी। अस्
- फोटो : शहीद पार्क का निरीक्षण करते डीएम।
रेवाड़ी। नागरिक अस्पताल के जच्चा-बच्चा वार्ड में रविवार शाम को हुई बारिश से पानी भर गया जिससे गर्भवतियों के साथ-साथ उनके तीमारदारों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। अस्पताल का भवन जर्जर होने के कारण रातभर छत से पानी टपकता रहा। सुबह के समय कर्मचारियों ने व्यवस्था को ठीक किया।
वहीं, कुछ दिन पूर्व भी नागरिक अस्पताल में बारिश के पानी से जलभराव हो गया था जिसके बाद इस मामले में उपायुक्त अभिषेक मीणा ने भी संज्ञान लिया था। उन्होंने कहा था कि अस्पताल में बारिश में जलभराव से कोई अप्रिय घटना होती है तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने अधिकारियों को भी निर्देश दिए थे कि नागरिक अस्पताल के जच्चा-बच्चा वार्ड में बारिश का पानी न आने पाए। साथ ही कहा था कि अस्पताल में स्थापित पैनल को जल्द से जल्द शिफ्ट करवाएं। जब तक यह शिफ्ट न हो, इसके लिए उचित प्रबंध करना सुनिश्चित किया जाए। उपायुक्त के निर्देशों के बाद भी कोई फर्क देखने को नहीं मिल रहा है। स्वास्थ्य मंत्री आरती राव ने भी सख्त निर्देश दिए थे लेकिन फिर भी सुधार न के बराबर है।
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हर बार भर जाता है पानी
बारिश के दौरान नागरिक अस्पताल में पानी भरने की यह समस्या इस बार की नहीं बल्कि कई सालों से चली आ रही है। अस्पताल परिसर के साथ ही अस्पताल के बाहर भी दो से तीन फीट तक पानी भर जाता है। वहां से पैदल निकलना भी मुश्किल हो जाता है। ऐसे में सवाल उठता है कि इतनी समस्या होने के बावजूद स्थायी समाधान की तरफ क्यों ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
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बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए कंट्रोल रूम स्थापित
आपदा प्रबंधन के तहत विभागवार कार्य योजना तैयार की गई है। जिले में बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। इसके लिए 18001801530 टोल फ्री नंबर भी जारी किया गया है जिस पर नागरिक बाढ़ संबंधी स्थिति में सूचना दे सकता है। डीसी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे निरंतर निगरानी करें और बाढ़ स्थिति में तत्काल कार्रवाई करते हुए प्रशासन को सूचित करें।
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वहीं, कुछ दिन पूर्व भी नागरिक अस्पताल में बारिश के पानी से जलभराव हो गया था जिसके बाद इस मामले में उपायुक्त अभिषेक मीणा ने भी संज्ञान लिया था। उन्होंने कहा था कि अस्पताल में बारिश में जलभराव से कोई अप्रिय घटना होती है तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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उन्होंने अधिकारियों को भी निर्देश दिए थे कि नागरिक अस्पताल के जच्चा-बच्चा वार्ड में बारिश का पानी न आने पाए। साथ ही कहा था कि अस्पताल में स्थापित पैनल को जल्द से जल्द शिफ्ट करवाएं। जब तक यह शिफ्ट न हो, इसके लिए उचित प्रबंध करना सुनिश्चित किया जाए। उपायुक्त के निर्देशों के बाद भी कोई फर्क देखने को नहीं मिल रहा है। स्वास्थ्य मंत्री आरती राव ने भी सख्त निर्देश दिए थे लेकिन फिर भी सुधार न के बराबर है।
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हर बार भर जाता है पानी
बारिश के दौरान नागरिक अस्पताल में पानी भरने की यह समस्या इस बार की नहीं बल्कि कई सालों से चली आ रही है। अस्पताल परिसर के साथ ही अस्पताल के बाहर भी दो से तीन फीट तक पानी भर जाता है। वहां से पैदल निकलना भी मुश्किल हो जाता है। ऐसे में सवाल उठता है कि इतनी समस्या होने के बावजूद स्थायी समाधान की तरफ क्यों ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए कंट्रोल रूम स्थापित
आपदा प्रबंधन के तहत विभागवार कार्य योजना तैयार की गई है। जिले में बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। इसके लिए 18001801530 टोल फ्री नंबर भी जारी किया गया है जिस पर नागरिक बाढ़ संबंधी स्थिति में सूचना दे सकता है। डीसी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे निरंतर निगरानी करें और बाढ़ स्थिति में तत्काल कार्रवाई करते हुए प्रशासन को सूचित करें।

रेवाड़ी स्थित जिला नागरिक अस्पताल के जच्चा बच्चा वार्ड में साेमवार सुबह भरा बारिश का पानी। अस्- फोटो : शहीद पार्क का निरीक्षण करते डीएम।