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स्कूल खुले...बच्चों को पहले दिन कोरोना से बचाव का पढ़ाया पाठ
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स्कूल पहुंचे विद्यार्थियों का तापमान मापते कर्मचारी।
- फोटो : Rewari
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रेवाड़ी। लंबी छुट्टी के बाद प्रदेश के साथ जिले में भी शुक्रवार से कक्षा 6 से 8वीं तक के छात्र-छात्राएं स्कूल पहुंचे। पहले दिन बच्चों में काफी उत्साह दिखाई दिया। स्कूल संचालकों की ओर से प्रवेश द्वार पर ही थर्मल स्कैनिंग व सैनिटाइज करने के बाद ही बच्चों को कक्षाओं में जाने दिया गया। पहले दिन स्कूल आने वाले विद्यार्थियों की संख्या करीब 52 फीसदी रही। पहले दिन बच्चों को कोरोना से बचने का पाठ पढ़ाया गया।
इससे पहले 16 जुलाई से 9वीं से लेकर 12वीं कक्षा तक स्कूल खोले जा चुके हैं। सोमवार से स्कूलों में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ने की बात कही जा रही है। सरकार के आदेश के तहत छात्र-छात्राओं के लिए स्कूल आना अनिवार्य नहीं है। जबकि पूर्व की तरह ही ऑनलाइन कक्षाओं का विकल्प खुल रहेगा। बच्चों को स्कूल भेजने के लिए अभिभावकों पर दबाव नहीं डाला जाएगा। ऑफलाइन कक्षाएं ले रहे शिक्षक छात्रों को व्हाट्सएप और गूगल मीट पर लिंक भी भेजेंगे।
कोविड प्रोटोकॉल का पालन जरूरी
स्कूलों को कोविड-19 संबंधी प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करना होगा। बता दें कि अप्रैल के महीने में कोविड-19 की दूसरी लहर के दौरान हरियाणा में सभी शैक्षणिक संस्थानों को बंद कर दिया गया था। इसके बाद 16 जुलाई से 9वीं से 12वीं कक्षा तक के स्कूल खुले हैं। इसके बाद शुक्रवार से 6वीं से 8वीं तक स्कूल खोले गए हैं। अभिभावकों की ओर से लिखित अनुमति मिलने के बाद ही छात्र-छात्राओं को स्कूलों की कक्षाओं में प्रवेश दिया जाएगा। ऑनलाइन कक्षाएं जारी हैं और छात्रों के लिए स्कूलों में आना अनिवार्य नहीं है। व्यवस्था के अनुसार सुबह पहले 20 मिनट बच्चों की थर्मल स्कैनिंग होगी। साथ ही छात्रों की उपस्थिति और शरीर का तापमान दर्ज किया जाएगा। कक्षा में एक बेंच पर सिर्फ एक बच्चा ही बैठ सकेगा। अधिकतम 30 छात्र ही एक कक्षा में बैठ सकते हैं। चार घंटे में कुल छह पीरियड ही लगाए जा सकते हैं।
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नाहड़ ब्लॉक में सबसे ज्यादा 57 फीसदी रही उपस्थिति
शिक्षा विभाग के अनुसार नाहड़ ब्लॉक में सबसे ज्यादा 56.95 बच्चे उपस्थित रहे। जाटूसाना में कुल 2173 में से 48.27, रेवाड़ी ब्लॉक में 6233 में से सबसे कम 35 फीसदी बच्चे स्कूल पहुंचे। वहीं खोल ब्लॉक में कुल 2191 विद्यार्थियों में से करीब 55 फीसदी विद्यार्थी उपस्थित रहे। शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मानें तो यह संख्या सोमवार को काफी बढ़ जाएगी। कोविड प्रोटोकॉल के तहत ही बच्चों को बैठाया जा रहा है, क्योंकि एक दिन में सभी बच्चे नहीं बुलाई जा रहे हैं।
रेवाड़ी के डीईडीओ कपिल पूनिया ने बताया कि शुक्रवार को कोविड प्रोटोकॉल के तहत ही बच्चों को प्रवेश दिया गया है। सरकारी व प्राइवेट स्कूलों में करीब 52 फीसदी उपस्थिति दर्ज की गई है। सोमवार तक यह संख्या बढ़ जाएगी। लंबी छुट्टी के बाद बच्चों में काफी उत्साह दिखाई दिया है। शिक्षकों ने भी पहले दिन बच्चों को कोरोना से बचाव का पाठ पढ़ाया है, ताकि सुरक्षा के साथ पढ़ाई की जा सके।
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इससे पहले 16 जुलाई से 9वीं से लेकर 12वीं कक्षा तक स्कूल खोले जा चुके हैं। सोमवार से स्कूलों में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ने की बात कही जा रही है। सरकार के आदेश के तहत छात्र-छात्राओं के लिए स्कूल आना अनिवार्य नहीं है। जबकि पूर्व की तरह ही ऑनलाइन कक्षाओं का विकल्प खुल रहेगा। बच्चों को स्कूल भेजने के लिए अभिभावकों पर दबाव नहीं डाला जाएगा। ऑफलाइन कक्षाएं ले रहे शिक्षक छात्रों को व्हाट्सएप और गूगल मीट पर लिंक भी भेजेंगे।
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कोविड प्रोटोकॉल का पालन जरूरी
स्कूलों को कोविड-19 संबंधी प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करना होगा। बता दें कि अप्रैल के महीने में कोविड-19 की दूसरी लहर के दौरान हरियाणा में सभी शैक्षणिक संस्थानों को बंद कर दिया गया था। इसके बाद 16 जुलाई से 9वीं से 12वीं कक्षा तक के स्कूल खुले हैं। इसके बाद शुक्रवार से 6वीं से 8वीं तक स्कूल खोले गए हैं। अभिभावकों की ओर से लिखित अनुमति मिलने के बाद ही छात्र-छात्राओं को स्कूलों की कक्षाओं में प्रवेश दिया जाएगा। ऑनलाइन कक्षाएं जारी हैं और छात्रों के लिए स्कूलों में आना अनिवार्य नहीं है। व्यवस्था के अनुसार सुबह पहले 20 मिनट बच्चों की थर्मल स्कैनिंग होगी। साथ ही छात्रों की उपस्थिति और शरीर का तापमान दर्ज किया जाएगा। कक्षा में एक बेंच पर सिर्फ एक बच्चा ही बैठ सकेगा। अधिकतम 30 छात्र ही एक कक्षा में बैठ सकते हैं। चार घंटे में कुल छह पीरियड ही लगाए जा सकते हैं।
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नाहड़ ब्लॉक में सबसे ज्यादा 57 फीसदी रही उपस्थिति
शिक्षा विभाग के अनुसार नाहड़ ब्लॉक में सबसे ज्यादा 56.95 बच्चे उपस्थित रहे। जाटूसाना में कुल 2173 में से 48.27, रेवाड़ी ब्लॉक में 6233 में से सबसे कम 35 फीसदी बच्चे स्कूल पहुंचे। वहीं खोल ब्लॉक में कुल 2191 विद्यार्थियों में से करीब 55 फीसदी विद्यार्थी उपस्थित रहे। शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मानें तो यह संख्या सोमवार को काफी बढ़ जाएगी। कोविड प्रोटोकॉल के तहत ही बच्चों को बैठाया जा रहा है, क्योंकि एक दिन में सभी बच्चे नहीं बुलाई जा रहे हैं।
रेवाड़ी के डीईडीओ कपिल पूनिया ने बताया कि शुक्रवार को कोविड प्रोटोकॉल के तहत ही बच्चों को प्रवेश दिया गया है। सरकारी व प्राइवेट स्कूलों में करीब 52 फीसदी उपस्थिति दर्ज की गई है। सोमवार तक यह संख्या बढ़ जाएगी। लंबी छुट्टी के बाद बच्चों में काफी उत्साह दिखाई दिया है। शिक्षकों ने भी पहले दिन बच्चों को कोरोना से बचाव का पाठ पढ़ाया है, ताकि सुरक्षा के साथ पढ़ाई की जा सके।