फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rewari News ›   It is wrong to take the girl students off the bus in the middle of the way, the women's commission ordered action

छात्राओं को बीच मार्ग में ही बस से उतारना गलत, महिला आयोग ने दिए कार्रवाई के आदेश

Wed, 22 Dec 2021 01:00 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Wed, 22 Dec 2021 01:00 AM IST
विज्ञापन
It is wrong to take the girl students off the bus in the middle of the way, the women's commission ordered action
रेवाड़ी। जिले में शिक्षण संस्थानों में पढ़ने वाली छात्राओं के साथ परमिट (निजी) बस परिचालकों की ओर से किराये के मामले में अक्सर दुर्व्यवहार किया जाता है। गत 19 दिसंबर को शहर के एक महिला कॉलेज की छात्राओं के साथ भी बस को बैठाने पर विवाद हो गया था। इसके छात्राओं ने राज्य महिला आयोग से मामले की शिकायत की थी। इस पर राज्य महिला आयोग ने संज्ञान लेते हुए रोडवेज महाप्रबंधक व जिला पुलिस अधीक्षक को बस संचालक पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि किराये के लिए छात्राओं को मार्ग में उतारना गलत है। उधर, छात्राओं का कहना है कि बसों के परिचालक पास दरकिनार कर देते हैं। साथ ही किराये मांगते हैं। किराया नहीं देने पर मार्ग में सुनसान स्थानों पर उतार देते हैं।
विज्ञापन

हरियाणा सरकार ने सरकारी कॉलेज और स्कूलों की छात्राओं के लिए रोडवेज बसों की तर्ज पर सोसायटी की बसों में भी मुफ्त यात्रा का प्रावधान किया हुआ है। साथ ही प्राइवेट कॉलेज में पढ़ने वाली छात्राओं के लिए पास की सुविधा दी हुई है, लेकिन सोसायटी बस ऑपरेटर मुफ्त की यात्रा के नियम ही नहीं, बल्कि पास बनवाने वाली छात्राओं को भी बस में नहीं बैठा रहे। 19 दिसंबर को रेवाड़ी बस स्टैंड परिसर में पटौदी रूट के बूथ पर कॉलेज में पढ़ने वाली 20 से ज्यादा छात्राएं घर जाने के लिए रोडवेज बस का इंतजार कर रही थीं। काफी देर तक खड़े रहने के बाद एक पुलिसकर्मी ने छात्राओं को एक सोसायटी की बस में बैठा दिया, लेकिन बस स्टैंड से बाहर निकलते ही बस ऑपरेटर ने सभी छात्राओं को बस से उतार दिया। इसके बाद छात्राओं ने बस ऑपरेटर के खिलाफ बस स्टैंड चौकी में शिकायत दी। वहीं गांव खरखड़ा निवासी प्रकाश यादव ने इसकी शिकायत महिला आयोग को भेजी है। महिला आयोग ने शिकायत पर कड़ा संज्ञान लेते हुए कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन

कॉलेज में पढ़ने वाली छात्राओं का कहना है कि परमिट बस संचालक कॉलेज में पढ़ने वाली छात्राओं के साथ पास लेकर दुर्व्यवहार करते हैं। जब छात्राएं बस स्टैंड पर कार्यरत कर्मचारियों से शिकायत करतीं हैं तो उन्हें परमिट बस उनके अधीन नहीं होने की बात कहकर टाल दिया जाता है। छात्राओं को कहना है कि बस स्टैंड पर शिकायत के लिए बॉक्स होना चाहिए ताकि छात्राएं अपनी शिकायत कर सकें।
विज्ञापन
विज्ञापन

------------------------
‘निजी बस में रोडवेज बस वाले सभी नियम होते हैं लागू’
राज्य महिला आयोग की चेयरपर्सन प्रीति भारद्वाज ने कहा है कि छात्राओं को बीच मार्ग में ही बस से उतारा गलत है। परमिट (निजी) बस में रोडवेज बस वाले सभी नियम लागू होते हैं। उन्होंने कहा कि जिला अधीक्षक राजेश कुमार और रोडवेज जीएम नवीन कुमार को पत्र लिखकर बस ऑपरेटर के खिलाफ कानूनी और विभागीय कार्रवाई के लिए कहा गया है। रोडवेज जीएम ने भी महिला आयोग का पत्र मिलते ही सोसायटी बस ऑपरेटर के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए डीटीओ को पत्र लिखा है।
-----------------
छात्राएं बोलीं-पास को मान्य नहीं करते हैं परमिट बस संचालक
परमिट बस संचालक पास को मान्य नहीं करते हैं। वे कहते हैं कि यह सरकारी बस नहीं है। इसमें पास नहीं चलेगा। इस बारे में कई बार रोडवेज विभाग के अधिकारियों को शिकायत भी की जा चुकी है, लेकिन विभाग परमिट बस संचालकों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रहा। इससे उनके हौसले बुलंद हैं।
-निधि, काकोड़िया।
--------------------------
किराए को लेकर परमिट बस संचालक अक्सर पास धारक छात्राओं के साथ बदसलूकी करते हैं। कई बार अधिकारियों को शिकायत भी जा चुकी है, लेकिन रोडवेज विभाग के अधिकारी डीटीओ विभाग को शिकायत देने की बात कहकर टाल देते हैं। इससे बस के परिचालकों का बर्ताव बढ़ता जा रहा है।
- पूजा, करवरा मानकपुर।
------------
- परमिट बस परिचालक छात्राओं से जबरन किराया वसूल करते हैं। यदि कोई छात्रा किराया देने से मना करती है तो उसे बीच मार्ग में ही उतार दिया जाता है। इसकी कई बार शिकायत की जा चुकी है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है। बस स्टैंड पर शिकायत बॉक्स होना चाहिए। ताकि छात्राएं अपनी शिकायत कर सकें।
स्नेहलता, ढोहकी
---------------
कोट
परमिट बस संचालक और परिचालक छात्राओें से जबरन किराया वसूल करते हैं। इसकी कई बार शिकायत मिल चुकी है, लेकिन डीटीओ की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की जाती है। कार्रवाई नहीं होने के कारण परमिट बस संचालकों के हौसले बुलंद होते जा रहे हैं। परमिट बसों में भी रोडवेज बसों वाले सभी नियम लागू होते हैं।

-प्रवीन कुमार, यूनियन प्रधान।
----------------
किराया को लेकर छात्राओें से दुर्व्यवहार की शिकायत मिल चुकी है। जल्द ही बस संचालकों और परिचालकों को नोटिस जारी किया जाएगा। साथ ही इसको जांच करने के लिए कमेटी का भी गठित की जाएगी। उसके बाद बस संचालक के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी। विभाग की ईमेल आईडी बस स्टैंड पर लगाई गई है। छात्राएं अपनी शिकायत ईमेल कर सकती हैं।इस पर त्वरित कार्रवाई की जाएगी।
- गजेंद्र शर्मा, डीएसपी, डीटीओ विभाग
-----------------------
फोटो संख्या: 15 से 19 व 26
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed