{"_id":"692f22c9f3914588d900e185","slug":"geeta-jayanti-celebrated-in-government-senior-secondary-school-pali-rewari-news-c-203-1-sroh1011-122136-2025-12-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rewari News: राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय पाली में मनाई गीता जयंती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rewari News: राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय पाली में मनाई गीता जयंती
विज्ञापन
फोटो संख्या:-70 कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि का स्वागत करते शिक्षक---स्रोत हकेंवि
महेंद्रगढ़। हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय की स्वामी दयानंद सरस्वती पीठ की ओर से मंगलवार को श्रीमद्भगवद्गीता जयंती पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय पाली में किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चार एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ।
आयोजन में विद्यालय के विद्यार्थियों, शिक्षकों, अभिभावकों एवं स्थानीय नागरिकों ने हिस्सा लिया। विशिष्ट अतिथि सेविका समिति से ललिता रहीं। उन्होंने कहा कि गीता मानव जीवन का दिशा-सूचक ग्रंथ है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि गीता के उपदेश केवल पढ़ने तक सीमित न रहें, बल्कि उन्हें दैनिक जीवन में आचरण के रूप में अपनाना चाहिए।
कार्यक्रम के निदेशक प्रधानाचार्य ओम प्रकाश ने कहा कि स्वामी दयानंद सरस्वती पीठ भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों और वैदिक परंपराओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। आयोजन की संयोजक डॉ. सुमन रानी ने बताया कि कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने श्लोक गायन, नाटक, भाषण, रंगोली, गीत गायन, पोस्टर मेंकिंग, नृत्य की प्रस्तुतियां दी।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि आयोजित गीता प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में टीम ए ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। शोधार्थी मनीषा द्वारा गीता के अध्यायों का वाचन किया गया। कार्यक्रम में मंच संचालन विद्यालय की अध्यापिका शर्मिला व अंजू द्वारा किया गया। सभी प्रतिभागियों व स्टाफ सदस्यों को सरल गीता पुस्तक भेंट की गई। इस अवसर पर शोधार्थी प्रियंका, विजयपाल, संस्कृत अध्यापिका मंजू, शर्मिला, अंजू मौजूद रही।
विज्ञापन
आयोजन में विद्यालय के विद्यार्थियों, शिक्षकों, अभिभावकों एवं स्थानीय नागरिकों ने हिस्सा लिया। विशिष्ट अतिथि सेविका समिति से ललिता रहीं। उन्होंने कहा कि गीता मानव जीवन का दिशा-सूचक ग्रंथ है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि गीता के उपदेश केवल पढ़ने तक सीमित न रहें, बल्कि उन्हें दैनिक जीवन में आचरण के रूप में अपनाना चाहिए।
विज्ञापन
कार्यक्रम के निदेशक प्रधानाचार्य ओम प्रकाश ने कहा कि स्वामी दयानंद सरस्वती पीठ भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों और वैदिक परंपराओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। आयोजन की संयोजक डॉ. सुमन रानी ने बताया कि कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने श्लोक गायन, नाटक, भाषण, रंगोली, गीत गायन, पोस्टर मेंकिंग, नृत्य की प्रस्तुतियां दी।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि आयोजित गीता प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में टीम ए ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। शोधार्थी मनीषा द्वारा गीता के अध्यायों का वाचन किया गया। कार्यक्रम में मंच संचालन विद्यालय की अध्यापिका शर्मिला व अंजू द्वारा किया गया। सभी प्रतिभागियों व स्टाफ सदस्यों को सरल गीता पुस्तक भेंट की गई। इस अवसर पर शोधार्थी प्रियंका, विजयपाल, संस्कृत अध्यापिका मंजू, शर्मिला, अंजू मौजूद रही।