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Rewari News: भिवाड़ी से छोड़ा दूषित पानी धारूहेड़ा के लिए बना सिरदर्द
Wed, 18 Sep 2024 01:20 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Wed, 18 Sep 2024 01:20 AM IST
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फोटो : 01रेवाड़ी। हरियाणा-राजस्थान सीमा पर बना रैंप। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
धारूहेड़ा। भिवाड़ी से छोड़ा जा रहा कंपनियों का दूषित पानी धारूहेड़ा के लोगों के लिए गंभीर समस्या बनी है। हरियाणा व राजस्थान की सीमा पर स्थित धारूहेड़ा के लोग दो दशक से इस समस्या से जूझ रहे हैं। समय-समय पर नेताओं ने आश्वासन तो दिए लेकिन समाधान नहीं हुआ। अब विधानसभा चुनाव में यहां के लोगों ने फिर इस मुद्दे को उठाया है।
भिवाड़ी की ओर से गुपचुप तरीके से धारूहेड़ा में दूषित पानी छोड़ दिया जाता है जिससे जलभराव की समस्या बनी रहती है। विधानसभा चुनाव में किसी भी नेता ने भिवाड़ी से छोड़ने जाने वाले दूषित पानी से निजात दिलाने की घोषणा नहीं की है। ऐसे में धारूहेड़ा के लोग चिंतित हैं। वर्तमान में धारूहेड़ा की सीमा पर जलभराव है। एक तरफ से आना जाना मुश्किल हो चुका है। जलभराव का समाधान नहीं होने से व्यापार भी प्रभावित हो रहा है।
भिवाड़ी के औद्योगिक क्षेत्र का दूषित पानी घुसने की समस्या दो दशक पुरानी है। इसका समाधान करने के लिए प्रशासन ने धारूहेड़ा-भिवाड़ी के बीच सीमा पर एक रैंप बनवाया है। पिछले वर्ष 30 जुलाई को तत्कालीन सीएम मनोहर लाल खट्टर ने अलवर और रेवाड़ी के उच्चाधिकारियों के साथ बैठक की थी और दूषित पानी का प्रवाह रोकने के लिए कदम उठाने का आदेश दिया था। राजस्थान के अधिकारियों ने समाधान के लिए कोई कार्रवाई नहीं की। तिजारा के विधायक बाबा बालक नाथ पिछले वर्ष नवंबर में रैंप को तोड़ने के लिए पहुंचे थे लेकिन प्रशासनिक दखल के बाद वह लौट गए थे। कुछ माह पहले राजस्थान पुलिस की ओर से सीमा पर बैरिकेड लगाने को लेकर भी धारूहेड़ा पुलिस के साथ धक्कामुक्की हो चुकी है। तब भी काफी विवाद हुआ था।
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भिवाड़ी से दूषित पानी आने से हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के पास सर्विस रोड पर जलभराव की स्थिति बनी रहती है। संबंधित विभाग को कार्रवाई करनी चाहिए।-जगजीत सिंह, हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी सेक्टर 6।
अधिकारी आश्वासन देते हैं लेकिन समाधान नहीं हो पाता है। पानी इतना गंदा है कि इससे बदबू भी आती है। आने वाले समय में स्थिति और विकराल हो जाएगी। समाधान जरूरी है।-कृष्ण कुमार सेक्टर 6 निवासी धारुहेड़ा।
समाधान कराना प्रशासन और सरकार की जिम्मेदारी होती है। फिर भी इस पर ध्यान नहीं दिया जाता है। यह मामला दो राज्यों से जुड़ा है। इसका स्थायी समाधान होना जरूरी है।-रंजीत यादव, बेसटेक सिटी, सेक्टर 7।
बेस्टेक कट पर जलभराव से समस्या होती है। इसके चलते बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। पानी की वजह से गड्ढों का पता नहीं चलता और दो पहिया वाहन चालक दुर्घटनाग्रस्त हो जाते हैं।-विनोद कुमार, सेक्टर 6।
भिवाड़ी से आने वाले दूषित पानी को रोकने का विकल्प तलाशना चाहिए। लोगों को इस समस्या से जूझना पड़ता है। उच्च पदाधिकारियों को समस्या का समाधान कराना चाहिए। -मोहन लाल, सेक्टर 6।
वर्जन:
यह हाईवे प्रशासन की जिम्मेदारी है। इसका समाधान निकालना चाहिए, ताकि जनता को समस्याओं का सामना न करना पड़े। कंवर सिंह, चेयरमैन, नगर पालिका धारूहेड़ा।
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धारूहेड़ा। भिवाड़ी से छोड़ा जा रहा कंपनियों का दूषित पानी धारूहेड़ा के लोगों के लिए गंभीर समस्या बनी है। हरियाणा व राजस्थान की सीमा पर स्थित धारूहेड़ा के लोग दो दशक से इस समस्या से जूझ रहे हैं। समय-समय पर नेताओं ने आश्वासन तो दिए लेकिन समाधान नहीं हुआ। अब विधानसभा चुनाव में यहां के लोगों ने फिर इस मुद्दे को उठाया है।
भिवाड़ी की ओर से गुपचुप तरीके से धारूहेड़ा में दूषित पानी छोड़ दिया जाता है जिससे जलभराव की समस्या बनी रहती है। विधानसभा चुनाव में किसी भी नेता ने भिवाड़ी से छोड़ने जाने वाले दूषित पानी से निजात दिलाने की घोषणा नहीं की है। ऐसे में धारूहेड़ा के लोग चिंतित हैं। वर्तमान में धारूहेड़ा की सीमा पर जलभराव है। एक तरफ से आना जाना मुश्किल हो चुका है। जलभराव का समाधान नहीं होने से व्यापार भी प्रभावित हो रहा है।
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भिवाड़ी के औद्योगिक क्षेत्र का दूषित पानी घुसने की समस्या दो दशक पुरानी है। इसका समाधान करने के लिए प्रशासन ने धारूहेड़ा-भिवाड़ी के बीच सीमा पर एक रैंप बनवाया है। पिछले वर्ष 30 जुलाई को तत्कालीन सीएम मनोहर लाल खट्टर ने अलवर और रेवाड़ी के उच्चाधिकारियों के साथ बैठक की थी और दूषित पानी का प्रवाह रोकने के लिए कदम उठाने का आदेश दिया था। राजस्थान के अधिकारियों ने समाधान के लिए कोई कार्रवाई नहीं की। तिजारा के विधायक बाबा बालक नाथ पिछले वर्ष नवंबर में रैंप को तोड़ने के लिए पहुंचे थे लेकिन प्रशासनिक दखल के बाद वह लौट गए थे। कुछ माह पहले राजस्थान पुलिस की ओर से सीमा पर बैरिकेड लगाने को लेकर भी धारूहेड़ा पुलिस के साथ धक्कामुक्की हो चुकी है। तब भी काफी विवाद हुआ था।
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भिवाड़ी से दूषित पानी आने से हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के पास सर्विस रोड पर जलभराव की स्थिति बनी रहती है। संबंधित विभाग को कार्रवाई करनी चाहिए।-जगजीत सिंह, हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी सेक्टर 6।
अधिकारी आश्वासन देते हैं लेकिन समाधान नहीं हो पाता है। पानी इतना गंदा है कि इससे बदबू भी आती है। आने वाले समय में स्थिति और विकराल हो जाएगी। समाधान जरूरी है।-कृष्ण कुमार सेक्टर 6 निवासी धारुहेड़ा।
समाधान कराना प्रशासन और सरकार की जिम्मेदारी होती है। फिर भी इस पर ध्यान नहीं दिया जाता है। यह मामला दो राज्यों से जुड़ा है। इसका स्थायी समाधान होना जरूरी है।-रंजीत यादव, बेसटेक सिटी, सेक्टर 7।
बेस्टेक कट पर जलभराव से समस्या होती है। इसके चलते बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। पानी की वजह से गड्ढों का पता नहीं चलता और दो पहिया वाहन चालक दुर्घटनाग्रस्त हो जाते हैं।-विनोद कुमार, सेक्टर 6।
भिवाड़ी से आने वाले दूषित पानी को रोकने का विकल्प तलाशना चाहिए। लोगों को इस समस्या से जूझना पड़ता है। उच्च पदाधिकारियों को समस्या का समाधान कराना चाहिए। -मोहन लाल, सेक्टर 6।
वर्जन:
यह हाईवे प्रशासन की जिम्मेदारी है। इसका समाधान निकालना चाहिए, ताकि जनता को समस्याओं का सामना न करना पड़े। कंवर सिंह, चेयरमैन, नगर पालिका धारूहेड़ा।