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शराब व मादक पदार्थों के विरोध में उतरी महिलाएं
इसराना/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 27 Dec 2015 11:52 PM IST
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पंचायत चुनाव में वोटरों का रुख अपने पक्ष में करने के लिए दावेदारों द्वारा शराब व मादक पदार्थों को बांटा जा रही है। इसके विरोध में इसराना की मोती मंडी व आसपास के क्षेत्र की महिलाओं ने मोर्चा खोल दिया है। महिलाएं बच्चों व युवाओं के साथ सड़कों पर उतरकर वोटरों को जागरूक करने में जुट गई हैं।
चुनावी चौधर की जंग में उतरा कोई भी दावेदार शराब या अन्य नशे के साधनों का सहारा न ले इसके लिए इस एरिया की महिलाओं ने रविवार को गांव से ही जागरूकता अभियान का शुभारंभ किया। महिलाओं का नेतृत्व कर रही बुजुर्ग ज्ञानदेवी ने कहा कि नशा समाज को खोखला करने के साथ समाज को पतन के रास्ते पर धकेल रहा है। कुछ लोग चुनाव वोटरों को पटाने के लिए शराब व अन्य नशीले पदार्थो का सहारा लेकर गांव की चौधर का ताज पहनने का सपना देख रहे है। जो सरासर गलत है।
वोटरों को भी चाहिए कि वे गांव की सरकार के चयन में अपने विवेक से काम ले। युवा मीना ने कहा कि अभियान के तहत उनकी टीम गांव की महिलाओं को को साथ ले वोट के लिए नशे का सहारा लेने वालों का बहिष्कार करेंगी। बबली ने कहा कि नशे का सहारा लेकर चौधर का ताज पहनने वाले कभी भी गांव का भला नही कर सकते। वोटरों को भी चाहिए कि गांव की सरकार के चयन में बिना किसी लालच के अपने विवेक से फैसला ले। अभियान में महिलाओं ने अपने बच्चों व युवाओं को भी साथ लिया है। अभियान में ज्ञान देवी, मीना, बबली, अनुराधा, उमा देवी, मंजू देवी, पूजा, कांता, विक्की, अभिषेक, बिंद्र व शिवम मौजूद रहे।
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शराब वे पीते हैं भुगतना हमें पड़ता है
गांव में महिलाओं ने जागरूकता को संदेश देते हुए वोटरों से ऐसे दावेदारों को वोट न देने का आह्वान किया। इन महिलाओं ने कहा कि वोट लेने के लिए दावेदार शराब बांटते हैं और शराबी चाव से उसे पीकर मौज-मस्ती करते हुए हमें परेशान करते हैं। इससे हमारा ही घर उजड़ता है। ऐसे में अंत में शराब के दुष्परिणामों को हमें ही भुगतना पड़ता है।
चुनावी चौधर की जंग में उतरा कोई भी दावेदार शराब या अन्य नशे के साधनों का सहारा न ले इसके लिए इस एरिया की महिलाओं ने रविवार को गांव से ही जागरूकता अभियान का शुभारंभ किया। महिलाओं का नेतृत्व कर रही बुजुर्ग ज्ञानदेवी ने कहा कि नशा समाज को खोखला करने के साथ समाज को पतन के रास्ते पर धकेल रहा है। कुछ लोग चुनाव वोटरों को पटाने के लिए शराब व अन्य नशीले पदार्थो का सहारा लेकर गांव की चौधर का ताज पहनने का सपना देख रहे है। जो सरासर गलत है।
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वोटरों को भी चाहिए कि वे गांव की सरकार के चयन में अपने विवेक से काम ले। युवा मीना ने कहा कि अभियान के तहत उनकी टीम गांव की महिलाओं को को साथ ले वोट के लिए नशे का सहारा लेने वालों का बहिष्कार करेंगी। बबली ने कहा कि नशे का सहारा लेकर चौधर का ताज पहनने वाले कभी भी गांव का भला नही कर सकते। वोटरों को भी चाहिए कि गांव की सरकार के चयन में बिना किसी लालच के अपने विवेक से फैसला ले। अभियान में महिलाओं ने अपने बच्चों व युवाओं को भी साथ लिया है। अभियान में ज्ञान देवी, मीना, बबली, अनुराधा, उमा देवी, मंजू देवी, पूजा, कांता, विक्की, अभिषेक, बिंद्र व शिवम मौजूद रहे।
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शराब वे पीते हैं भुगतना हमें पड़ता है
गांव में महिलाओं ने जागरूकता को संदेश देते हुए वोटरों से ऐसे दावेदारों को वोट न देने का आह्वान किया। इन महिलाओं ने कहा कि वोट लेने के लिए दावेदार शराब बांटते हैं और शराबी चाव से उसे पीकर मौज-मस्ती करते हुए हमें परेशान करते हैं। इससे हमारा ही घर उजड़ता है। ऐसे में अंत में शराब के दुष्परिणामों को हमें ही भुगतना पड़ता है।