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जिस पर बचाव की जिम्मेदारी, वही बरत रहे हैं लापरवाही

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 13 Apr 2021 01:55 AM IST
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On which the responsibility of rescue from Corona is negligent in Panipat
कर्मचारियों को क्वारंटीन करने के बाद खाली पड़े टैक्स काउंटर। संवाद - फोटो : Panipat
माई सिटी रिपोर्टर
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पानीपत। आम जनता को कोरोना से बचाने की जिम्मेदारी नगर निगम पर भी है, लेकिन निगम खुद बदतर हालातों में पहुंच चुका है। निगम के एग्जीक्यूटिव ऑफिसर और डिस्ट्रिक म्यूनिसपल कमिश्नर कोरोना संक्रमित हो चुके हैं, कर्मचारी कोरोना टेस्ट करवाने के बाद क्वारंटीन है, काम ठप हो चुका है। बावजूद इसके निगम में न तो सैनिटाइजर न ही हाथ धोने के लिए पानी की व्यवस्था है।
मास्क लगाने का तो कोई ध्यान ही नहीं रखता। पीने के पानी के लिए निगम अधिकारियों, कर्मचारियों को बोतल से पानी भरकर लाना पड़ता है। वहीं, आम जनता को निगम में आने के बाद प्यासा ही रहना पड़ता है। दिखाने के लिए दीवार पर एक सैनिटाइजर मशीन लगी है, लेकिन इसमें सैनिटाइज खत्म हुए भी 15 दिन से ज्यादा हो चुके हैं। पानी के लिए एक वाटर कूलर भी रखवाया गया है, लेकिन इसमें पानी नहीं भरवाया गया।
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सोमवार को अमर उजाला टीम ने निगम की कर शाखा की पड़ताल की। यहां न पीने का पानी और न ही शौचालयों के अंदर पानी है। कार्यालय के छत पर बने शौचालयों का तो सबसे बुरा हाल है। ऐसे में निगम अधिकारियों, कर्मचारियों के साथ आम जनता भी कर शाखा में जाने से कतराने लगी है। सोमवार को ज्वाइंट कमिश्नर निगम तो आए, लेकिन कोरोना टेस्ट करवाने की बात कहकर चले गए। शहर के लोग अपना काम करवाने के लिए हमेशा की तरह भटकते नजर आए।
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खास बात ये है कि कुछ दिन पहले निगम आयुक्त वत्सल वशिष्ठ ने कर शाखा का निरीक्षण किया था। पीने के पानी से लेकर सैनिटाइजर रखवाने, शौचालय साफ और पानी की सप्लाई चालू करवाने समेत सीसीटीवी कैमरे और सुरक्षा कर्मियों को तैनात करने तक के आदेश दिए थे, लेकिन हालात अब पहले से भी ज्यादा बदतर हो चुके हैं।
दूसरे कार्यालय में भी कुछ ऐसे हालात
निगम के ताऊ देवी लाल कांप्लेक्स में भी हालात कुछ ऐसे ही हैं। यहां भी सैनिटाइजर नहीं हैं। कभी पीने के पानी का वाटर कूलर खराब हो जाता है तो कभी पानी ही नहीं आता। कर्मचारियों तक को पानी भरने के लिए बोतल खरीदनी पड़ती हैं। लोगों के बिना मास्क के चालान काटने वाले निगम अधिकारी खुद बिना मास्क के रहते हैं।
निगम को लिखा जा चुका है पत्र
कोरोना बचाव को लेकर हर निगम कार्यालय के अधिकारी एवं जन प्रतिनिधि के कार्यालय के बाहर सैनिटाइजर मशीन रखवाने, हर क्लर्क की टेबल पर सैनिटाइजर की छोटी शीशी रखवाने और मास्क पहनने एवं सोशल डिस्टेंसिंग बनाने के लिए सीनियर डिप्टी मेयर दुष्यंत भट्ट निगम आयुक्त को पत्र लिख चुके हैं। इसके बाद भी निगम ने कोई आवश्यक कदम नहीं उठाए।

निगम कार्यालयों को सैनिटाइज करवाया जाता रहा है। अधिकारियों को सैनिटाइजर रखने और पीने के पानी के संबंधित आदेश दिए गए थे, अगर मशीनों में सैनिटाइजर नहीं है और पीने या हाथ धोने का पानी नहीं है तो चेक करवाया जाएगा। तत्काल प्रभाव से इन कामों को करवाया जाएगा। लोगों से अपील है कि मास्क लगाएं, हाथों को सैनिटाइजर से साफ करें या साबुन से धोते रहें। - वत्सल वशिष्ठ, आयुक्त, नगर निगम, पानीपत।
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