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तीन दिन बाद बहाल हुई परिवहन व मोबाइल इंटरनेट सेवा
Updated Tue, 29 Aug 2017 11:52 PM IST
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तीन दिन बाद बहाल हुई परिवहन और मोबाइल इंटरनेट सेवा
अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत सिंह को सोमवार सजा सुनाए जाने के बाद प्रदेश में शांति बने रहने पर सरकार ने मंगलवार से प्रदेश में परिवहन सेवा के साथ ही मोबाइल इंटरनेट सेवा को बहाल कर दिया है। परिवहन सेवा के साथ मोबाइल इंटरनेट सेवा शुरू होने से लोगों ने राहत की सांस ली। मंगलवार दोपहर बाद नारनौल डिपो से सभी रूटों पर परिवहन सेवा सुचारु कर दी गई। इससे यात्रियों के साथ प्रतिदिन स्कूल, कालेज आने-जाने वाले विद्यार्थियों ने राहत मिली।
प्रदेश सरकार ने साध्वी यौन शोषण मामले के आरोपी डेरा प्रमुख गुरमीत सिंह के फैसले से एक दिन पूर्व 24 अगस्त से प्रदेश में परिवहन सेवा और मोबाइल इंटरनेट सेवा बंद करवा दी थी। फैसले के बाद शांति व्यवस्था बनाई रखी जा सके। फैसले के बाद डेरा प्रमुख के समर्थकों ने पंचकूला और सिरसा सहित प्रदेश के कई हिस्सों में अनेक वाहनों को आग के हवाले कर दिया। तोड़फोड़ भी की थी। इसके बाद सरकार ने ऐतिहात के तौर पर 26 अगस्त से अन्य जिलों में चल परिवहन सेवा को भी आगामी आदेश तक बंद करवाया दिया था। इसमें जिला महेंद्रगढ़ भी शामिल था। अचानक परिवहन सेवा बंद होने से यात्रियों और विद्यार्थियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा था। सोमवार को यौन शोषण मामले के आरोपी गुरमीत को सजा सुनाए जाने के बाद प्रदेश में शांति व्यवस्था ठीक होने के चलते प्रदेश सरकार ने मंगलवार से परिवहन सेवा और मोबाइल इंटरनेट सेवा बहाल कर दी।
तीन दिन में रोडवेज को लाखों का नुकसान
डेरा प्रमुख के प्रकरण के दौरान रोडवेज बसों का परिचालन बंद होने से नारनौल डिपो को प्रतिदिन 12 लाख रुपये का नुकसान का अनुमान था। इस प्रकार तीन दिन परिवहन सेवा बंद रहने से अकेले नारनौल डिपो को ही करीब 36 लाख रुपये का नुकसान होने का अनुमान है।
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निजी वाहनों ने की जमकर कमाई
डेरा प्रमुख प्रकरण के चलते परिवहन सेवा बंद होने का फायदा निजी वाहन चालकों ने उठाया। इस दौरान निजी वाहन चालकों ने सवारियों से मनचाहा किराया वसूल किया। सवारियों ने भी मजबूरन उन्हें उनका मनचाहा किराया देना पड़ा। क्योंकि , सवारियों के पास अपने गंतव्य तक जाने के लिए कोई विकल्प नहीं था।
स्कूल और कॉलेज भी खुले
डेरामुखी पर सजा का फैसला होने के बाद प्रदेश में शांति व्यवस्था कायम रहने से सभी कॉलेज और स्कूल भी खुल गए। मंगलवार को सभी कॉलेज और स्कूल सामान्य दिनों की तरह खुले रहे। हालांकि, सरकार ने सभी स्कूलों और कॉलेजों को सोमवार से ही खोलने के आदेश दे दिए थे, लेकिन सोमवार को डेरा मुखी पर सजा का फैसला आने के चलते निजी स्कूल संचालकों में स्कूल खोलने को लेकर असमंजस की स्थिति थी।
-प्रदेश में शांति व्यवस्था माहौल रहने के चलते मंगलवार दोपहर से परिवहन सेवा सुचारु कर दी गई है। पूर्व की भांति समय अनुसार सभी रूटों पर परिवहन सेवा बहाल हो गई है।
-सोहन सिंह, डिपो इंचार्ज नारनौल।
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अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत सिंह को सोमवार सजा सुनाए जाने के बाद प्रदेश में शांति बने रहने पर सरकार ने मंगलवार से प्रदेश में परिवहन सेवा के साथ ही मोबाइल इंटरनेट सेवा को बहाल कर दिया है। परिवहन सेवा के साथ मोबाइल इंटरनेट सेवा शुरू होने से लोगों ने राहत की सांस ली। मंगलवार दोपहर बाद नारनौल डिपो से सभी रूटों पर परिवहन सेवा सुचारु कर दी गई। इससे यात्रियों के साथ प्रतिदिन स्कूल, कालेज आने-जाने वाले विद्यार्थियों ने राहत मिली।
प्रदेश सरकार ने साध्वी यौन शोषण मामले के आरोपी डेरा प्रमुख गुरमीत सिंह के फैसले से एक दिन पूर्व 24 अगस्त से प्रदेश में परिवहन सेवा और मोबाइल इंटरनेट सेवा बंद करवा दी थी। फैसले के बाद शांति व्यवस्था बनाई रखी जा सके। फैसले के बाद डेरा प्रमुख के समर्थकों ने पंचकूला और सिरसा सहित प्रदेश के कई हिस्सों में अनेक वाहनों को आग के हवाले कर दिया। तोड़फोड़ भी की थी। इसके बाद सरकार ने ऐतिहात के तौर पर 26 अगस्त से अन्य जिलों में चल परिवहन सेवा को भी आगामी आदेश तक बंद करवाया दिया था। इसमें जिला महेंद्रगढ़ भी शामिल था। अचानक परिवहन सेवा बंद होने से यात्रियों और विद्यार्थियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा था। सोमवार को यौन शोषण मामले के आरोपी गुरमीत को सजा सुनाए जाने के बाद प्रदेश में शांति व्यवस्था ठीक होने के चलते प्रदेश सरकार ने मंगलवार से परिवहन सेवा और मोबाइल इंटरनेट सेवा बहाल कर दी।
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तीन दिन में रोडवेज को लाखों का नुकसान
डेरा प्रमुख के प्रकरण के दौरान रोडवेज बसों का परिचालन बंद होने से नारनौल डिपो को प्रतिदिन 12 लाख रुपये का नुकसान का अनुमान था। इस प्रकार तीन दिन परिवहन सेवा बंद रहने से अकेले नारनौल डिपो को ही करीब 36 लाख रुपये का नुकसान होने का अनुमान है।
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निजी वाहनों ने की जमकर कमाई
डेरा प्रमुख प्रकरण के चलते परिवहन सेवा बंद होने का फायदा निजी वाहन चालकों ने उठाया। इस दौरान निजी वाहन चालकों ने सवारियों से मनचाहा किराया वसूल किया। सवारियों ने भी मजबूरन उन्हें उनका मनचाहा किराया देना पड़ा। क्योंकि , सवारियों के पास अपने गंतव्य तक जाने के लिए कोई विकल्प नहीं था।
स्कूल और कॉलेज भी खुले
डेरामुखी पर सजा का फैसला होने के बाद प्रदेश में शांति व्यवस्था कायम रहने से सभी कॉलेज और स्कूल भी खुल गए। मंगलवार को सभी कॉलेज और स्कूल सामान्य दिनों की तरह खुले रहे। हालांकि, सरकार ने सभी स्कूलों और कॉलेजों को सोमवार से ही खोलने के आदेश दे दिए थे, लेकिन सोमवार को डेरा मुखी पर सजा का फैसला आने के चलते निजी स्कूल संचालकों में स्कूल खोलने को लेकर असमंजस की स्थिति थी।
-प्रदेश में शांति व्यवस्था माहौल रहने के चलते मंगलवार दोपहर से परिवहन सेवा सुचारु कर दी गई है। पूर्व की भांति समय अनुसार सभी रूटों पर परिवहन सेवा बहाल हो गई है।
-सोहन सिंह, डिपो इंचार्ज नारनौल।