फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   भाजपा के आने के बाद दलितों पर बढ़ रहे अत्याचार: चन्द्रकला

भाजपा के आने के बाद दलितों पर बढ़ रहे अत्याचार: चन्द्रकला

Sat, 06 Jan 2018 12:13 AM IST
Updated Sat, 06 Jan 2018 12:13 AM IST
विज्ञापन
भाजपा के आने के बाद दलितों पर बढ़ रहे अत्याचार: चन्द्रकला
भाजपा के शासनकाल में दलितों पर बढ़े अत्याचार: चंद्रकला
विज्ञापन

नारनौल। केंद्रीय समाज कल्याण बोर्ड की पूर्व सदस्य एवं महिला कांग्रेस की पूर्व जिलाध्यक्ष एडवोकेट चंद्रकला खातोद ने कहा कि जब से केंद्र में भाजपा की सरकार आई है तब से दलितों पर अत्याचार बढ़ गए हैं। रोहित वेमुला , गुजरात के ऊना में दलितों पर हिंसा , सहारनपुर में दलितों की जाति विशेष के साथ संघर्ष और अब पूने में हुए जातीय विवाद के मामले में दलितों को निशाना बनाया जा रहा है। वे शुक्रवार को कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रही थी।

खातोद ने कहा कि उस काल खंड में दलितों पर जबरदस्त अत्याचार होते थे। उन्हें पेशवा सेना में भर्ती नहीं किया जाता था। उनके साथ अछूतों जैसा व्यवहार किया जाता था। इसलिए दलितों ने जिसमें अधिकांश महार जाति के थे ब्रिटिश सेना में शामिल हो गए और उन्होंने अंग्रेजों के साथ मिलकर मराठा सेना को परास्त कर दिया। कोरे गांव की इस लड़ाई में पेशवा कि जिस सेना की हार हुई वह भगवा झंडे के तले ही लड़ी गई थी और इस वर्ष जब महारों ने इस जीत की 200 वीं वर्षगांठ मनाने की कोशिश की गई तो उन्हें रोकने का काम भी भगवा ध्वजधारियों ने ही किया। क्योंकि वे आज भी नहीं चाहते कि कोई दलित अपनी जीत का जश्न मनायें। ये आज भी इन्हें घृणा की दृष्टि से देखते हैं। उन्होंने कहा कि अगर दलित समुदाय के लोग कोरे गांव की इस लड़ाई को मराठों के विरुद्ध अपनी अस्मिता की लड़ाई मानकर जीत का जश्न मनाते हैं तो किसी को क्या परेशानी है। यह उनका अधिकार है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed