शाहाबाद। सरकार की लापरवाही के चलते गोशाला में चारे की कमी हो रही है। इस समय चारे की कमी से गोशालाएं जूझ रही हैं। कांग्रेस प्रदेश कार्यकारी सदस्य डॉ. अनिल भुक्कल गांव गोबिंद माजरा में कांग्रेस के हाथ से हाथ जोड़ो अभियान की शुरुआत करने पहुंचे थे।
उन्होंने कहा कि पिछले कई वर्षों से अनेक गोशाला संस्थाएं हरियाणा सरकार से मांग कर रही हैं कि गांवों में गोचर भूमि जो गोवंंश के लिए छोड़ी जाती है, उसे गोशाला को दी जाए, ताकि इनमें चारा बोया जा सके, लेकिन प्रदेश की भाजपा सरकार द्वारा इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। कहा कि हरियाणा के सभी जिलों में चार लाख एकड़ से अधिक गोचर भूमि व अन्य तरह की भूमि है, जिससे सरकार लगभग 230 करोड़ राजस्व प्राप्त करती है, लेकिन अफसोस है कि गोवंश के लिए एक पैसा भी खर्च नहीं करती। पड़ोसी राज्य राजस्थान सरकार गोशाला को वर्ष में नौ महीने 30 व 40 रुपये प्रति गाय के हिसाब से गत 25 वर्षों दे रही है, मगर हरियाणा में तो साल में एक बार ही नाममात्र की राशि देती है। इससे स्पष्ट होता है कि हरियाणा सरकार का गोवंश पर कोई ध्यान नहीं है। चारा न होने की वजह से अधिकतम गोशाला संचालक रात के समय गोवंश को सड़कों पर छोड़ देते है और उसके बाद वह हादसे का शिकार बनते हैं। इसलिए हरियाणा सरकार को जल्द ही पड़ोसी राज्य राजस्थान की तर्ज पर गोशालाओं को राशि देनी चाहिए। इस मौके पर रणबीर सिंह चढूनी, रोबिन सिंह, बलदेब चिब्बा, नीलम यादव, आशा यादव, रेखा यादव, रमेश कुमार, सतीश कुमार, गुरदेव, हरजीत सिंह सहित ग्रामीण मौजूद रहे।