फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Five months ago, the accused head constable was shot by miscreants

Karnal News: पांच माह पहले आरोपी हेड कॉन्स्टेबल को बदमाशों ने मारी थी गोली

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 21 Apr 2025 02:24 AM IST
विज्ञापन
Five months ago, the accused head constable was shot by miscreants
अब लगे रिश्वत के आरोप, तब सीआईए इंचार्ज के तौर पर तैनात थे इंस्पेक्टर मनदीप
विज्ञापन

माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। मानपुरा गांव में हुए हत्याकांड में दर्ज एफआईआर से आरोपियों के नाम निकालने की एवज में रिश्वत मांगने के आरोपी हेड कॉन्स्टेबल को करीब चार माह पहले बदमाशों से मुठभेड़ में गोली लग चुकी है। जबकि इंस्पेक्टर मनदीप भी इसी प्रकरण के दौरान करनाल में सीआईए के इंचार्ज रह चुके हैं। दोनों कई मामलों में एक साथ काम कर चुके हैं और मूलरूप से सफीदों के आसपास के रहने वाले हैं।
मामला 14 नवंबर 2024 का था जब पानीपत में बदमाशों ने पुलिसकर्मी ऋषि पर गोली चला दी और उनकी स्कॉर्पियो गाड़ी लेकर भाग गए थे। जिनकी तलाश में करनाल पुलिस पश्चिमी बाईपास पर गश्त करती रही। इसी दौरान स्कॉर्पियो दिखाई दी। एक बदमाश बाहर खड़ा था। पुलिस की गाड़ी देखते ही उसने फायरिंग शुरू कर दी। गोली लगने से गाड़ी के शीशे टूट गए। जवाबी कार्रवाई में सीआईए की टीम ने भी गोली चलाई और गोली एक बदमाश की टांग पर लगी। दूसरा बदमाश गाड़ी लेकर फरार हो गया। जिसके बाद एक बदमाश को काबू कर लिया गया है। यह दोनों बदमाश बम्मरहड़ी गांव के सरपंच के पिता पर गोली चलाने के मामले में शामिल थे।
विज्ञापन


अब रिश्वत के आरोपों में फंसे इंस्पेक्टर मनदीप और हेड कांस्टेबल ऋषिपाल के खिलाफ मामला दर्ज कर विभागीय जांच खुल चुकी है। हालांकि अभी तक दोनों आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। शनिवार को डीएसपी ने असंध में मजिस्ट्रेट के सामने तीन गवाहों के बयान दर्ज कराए। तीनों ने आरोपी इंस्पेक्टर और हेड कॉन्स्टेबल के खिलाफ कई शिकायतें की। जिससे आरोपी इंस्पेक्टर और हेड कॉन्स्टेबल की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये है मामला

12 मार्च की रात मानपुरा गांव में दलबीर के घर में घुसकर बदमाशों ने फायरिंग कर दलबीर की पत्नी सुमित्रा की हत्या कर दी। दलबीर और उनके बेटे सचिन को घायल कर दिया। इसमें पुलिस नौ लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। इस मामले में पुलिस ने आठ नामजद के साथ अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया था। इसमें हत्या के आरोप एक आरोपी पर सिद्ध हुए जबकि अन्य में आठ आरोपी हत्याकांड में शामिल मिले। अब एफआईआर में दर्ज सात लोगों के नाम मुकदमे से निकालने की एवज में मोटी रिश्वत का प्लान बनाया गया। फिर इन सात के अलावा उनके ही संपर्कों को जोड़कर कुछ अन्य को हत्याकांड में शामिल कर सभी से रिश्वतखोरी का ये प्लान बना। पहले मांग 50 लाख की थी, लेकिन बाद में पूरा मामला 37 लाख में तय हुआ। ये रकम जींद के एक बिचौलिए तक पहुंचा दी गई। यहां से रकम आरोपी पुलिस इंस्पेक्टर और हेड कांस्टेबल तक भी पहुंच गई। इसी बीच इसकी शिकायत एसपी को दी गई। इसकी भनक लगते ही रिश्वत की रकम लौटा दी गई। फिर डीएसपी की जांच में इंस्पेक्टर और हेड कांस्टेबल दोषी मिले। एसपी के आदेशों पर दोनों पर मामला दर्ज कर उनको निलंबित कर दिया गया है। मामला दर्ज होने के बाद से दोनों आरोपी फरार हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed