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Jind News: सोमवार से शुरू और सोमवार को ही समाप्त होगा सावन माह
Fri, 12 Jul 2024 02:46 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Fri, 12 Jul 2024 02:46 AM IST
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11जेएनडी13 : जयंती देवी मंदिर के पुजारी नवीन शास्त्री। संवाद
जींद। कई वर्षों बाद ऐसा संयोग बन रहा है, जब सावन माह सोमवार से ही शुरू होकर सोमवार को ही समाप्त होगा। इस दौरान सावन माह में पांच सोमवार आएंगे। यह सभी शिवभक्तों के लिए खास होंगे, क्योंकि इस बार कई दुर्लभ संयोग बन रहे हैं। सावन माह की शुरुआत 22 जुलाई से होगी। समापन 19 अगस्त को रक्षाबंधन के दिन होगा। सावन का महीना 29 दिनों का होगा।
शिवभक्तों के लिए सावन माह विशेष महत्व रखता है। इस बार सावन माह के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि 21 जुलाई को दोपहर 3:46 बजे शुरू होगी, लेकिन उदयातिथि को देखते हुए 22 जुलाई से सावन की शुरुआत मानी जाएगी। यह पूरा मास भगवान शिव को समर्पित है।
सावन माह में सोमवार
पहला सोमवार 22 जुलाई
दूसरा सोमवार 29 जुलाई
तीसरा सोमवार 05 अगस्त
चौथा सोमवार 12 अगस्त
पांचवां सोमवार 19 अगस्त
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सावन माह के पहले दिन शिवलिंग का गाय के दूध से करें अभिषक
जयंती देवी मंदिर के पुजारी नवीन शास्त्री ने बताया कि 2024 में सावन माह के पहले दिन सोमवार है। इसलिए इस दिन शिवलिंग का गाय के दूध से अभिषेक करना चाहिए। साथ ही दूध का दान करने से भी लाभ होगा। दूध के साथ ही इस दिन चावल का दान भी कर सकते हैं। ऐसा करने से भगवान शिव की कृपा तो प्राप्त होती ही है, साथ ही कुंडली में चंद्रमा की स्थिति भी मजबूत होती है। भगवान शिव को आदियोगी कहा जाता है। इसलिए भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने के लिए सावन के पहले दिन योग व ध्यान करना चाहिए। भगवान शिव का ध्यान करने और शिव मंत्रों का जप करने से आप पर कृपा बरसती है। ऐसा करने से आप मानसिक रूप से संतुलित होते हैं और साथ ही आपको पारिवारिक जीवन में समृद्धि मिलती है। जरूरतमंद लोगों को सामर्थ्य के अनुसार दान करना चाहिए।
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प्रीति, आयुष्मान और सर्वार्थ सिद्धि योग से शुरुआत
पुजारी नवीन शास्त्री ने बताया कि सावन माह में भगवान शिव की उपासना से विशेष लाभ मिलता है। सावन के महीने में ग्रह, नक्षत्र एवं योगों का कई तरह का शुभ संयोग भी बनने वाला है। सावन के पहले सोमवार पर प्रीति, आयुष्मान और सर्वार्थ सिद्धि योग का शुभ संयोग बनेगा। भगवान शिव को भी सावन माह बेहद प्रिय है। सावन के दौरान शिवभक्त अपने आराध्य को प्रसन्न करने के लिए व्रत रखते हैं, कावड़ यात्रा करते हैं और साथ ही शिव भगवान के पवित्र मंदिरों का दर्शन करने भी जाते हैं।
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शिवभक्तों के लिए सावन माह विशेष महत्व रखता है। इस बार सावन माह के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि 21 जुलाई को दोपहर 3:46 बजे शुरू होगी, लेकिन उदयातिथि को देखते हुए 22 जुलाई से सावन की शुरुआत मानी जाएगी। यह पूरा मास भगवान शिव को समर्पित है।
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सावन माह में सोमवार
पहला सोमवार 22 जुलाई
दूसरा सोमवार 29 जुलाई
तीसरा सोमवार 05 अगस्त
चौथा सोमवार 12 अगस्त
पांचवां सोमवार 19 अगस्त
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सावन माह के पहले दिन शिवलिंग का गाय के दूध से करें अभिषक
जयंती देवी मंदिर के पुजारी नवीन शास्त्री ने बताया कि 2024 में सावन माह के पहले दिन सोमवार है। इसलिए इस दिन शिवलिंग का गाय के दूध से अभिषेक करना चाहिए। साथ ही दूध का दान करने से भी लाभ होगा। दूध के साथ ही इस दिन चावल का दान भी कर सकते हैं। ऐसा करने से भगवान शिव की कृपा तो प्राप्त होती ही है, साथ ही कुंडली में चंद्रमा की स्थिति भी मजबूत होती है। भगवान शिव को आदियोगी कहा जाता है। इसलिए भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने के लिए सावन के पहले दिन योग व ध्यान करना चाहिए। भगवान शिव का ध्यान करने और शिव मंत्रों का जप करने से आप पर कृपा बरसती है। ऐसा करने से आप मानसिक रूप से संतुलित होते हैं और साथ ही आपको पारिवारिक जीवन में समृद्धि मिलती है। जरूरतमंद लोगों को सामर्थ्य के अनुसार दान करना चाहिए।
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प्रीति, आयुष्मान और सर्वार्थ सिद्धि योग से शुरुआत
पुजारी नवीन शास्त्री ने बताया कि सावन माह में भगवान शिव की उपासना से विशेष लाभ मिलता है। सावन के महीने में ग्रह, नक्षत्र एवं योगों का कई तरह का शुभ संयोग भी बनने वाला है। सावन के पहले सोमवार पर प्रीति, आयुष्मान और सर्वार्थ सिद्धि योग का शुभ संयोग बनेगा। भगवान शिव को भी सावन माह बेहद प्रिय है। सावन के दौरान शिवभक्त अपने आराध्य को प्रसन्न करने के लिए व्रत रखते हैं, कावड़ यात्रा करते हैं और साथ ही शिव भगवान के पवित्र मंदिरों का दर्शन करने भी जाते हैं।