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कंपनी को 664120 रुपये की चपत लगाने के नौ आरोपी गिरफ्तार
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पकड़े गए आरोपी पुलिस गिरफ्त में।
- फोटो : Jind
जींद। नकली ट्रांसपोर्ट कंपनी बनाकर व खुद व्यापारी बनकर एक कंपनी को छह लाख रुपये की चपत लगाने के अंतरराज्यीय गिरोह के नौ आरोपियों को साइबर सेल की टीम ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 1.49 लाख रुपये, 14 मोबाइल, 22 सिमकार्ड, 11 एटीएम कार्ड व एक वाईफाई डिवाइस बरामद किए हैं। पुलिस ने आरोपियों को अदालत में पेश कर चार दिन के रिमांड पर लिया है।
एएसपी नीतिश अग्रवाल ने बताया कि चार अगस्त को एक कंपनी की तरफ से राहुल मिश्रा ने शिकायत दी थी कि स्काईलार्क फीड्स की कंपनी है। इसका काम आंध्र प्रदेश, तेलंगाना व पश्चिम बंगाल के कई जिलों में पोल्ट्री फीड सप्लाई करना था। इस कारण कंपनी के कर्मचारी नकुल ने जस्ट डॉयल के माध्यम से बीएसपी इंटरप्राइजेज महाराष्ट्र के मोबाइल नंबर 8958602085 पर संपर्क किया। फोन पर भाडा सफीदों से 3700 रुपये प्रति टन व मथुरा के छाता तहसील के चैमुहां से 3400 रुपये प्रति टन तय हुआ। कुल भाड़ा का 80 प्रतिशत एडवांस और डिलिवरी होने के बाद शेष 20 प्रतिशत देना था। कुल 15 गाड़ियों को भाड़े पर बुक किया गया। नकुल ने स्काईलार्क फीड्स प्राइवेट लिमिटेड की जीएसटी समेत अन्य जानकारी व अपने सह कर्मचारी पारुल का आईकार्ड संतोष को व्हाट्सएप कर दिया। बीएसपी इंटरप्राइजेज के मालिक संतोष ने स्काईलार्क कंपनी का कर्मचारी पाल बनकर पानीपत, करनाल, भिवानी और मथुरा के ट्रांसपोर्टरों से संपर्क किया और उनके साथ स्काईलार्क फीड्स का जीएसटी नंबर साझा किया। इसके चलते स्काईलार्क फीड्स प्लांट धर्मगढ़ बोहली रोड सफीदों से चैमुहां में गाड़ी भेज दी। उधर, संतोष ने नकुल को फोन कर बताया कि गाड़ियां लोड होकर पहुंच गई हैं, उनकी एडवांस पेमेंट करवा दे। स्काईलार्क कंपनी ने दो अगस्त 2021 को बीएसपी इंटरप्राइजेज के अकाउंट में 391270 रुपये और तीन अगस्त 2021 को 272850 कुल 664120 रुपये जमा करवा दिए। बीएसपी इंटरप्राइजेज ने गाड़ियां भेजने वाले किसी भी ट्रांसपोर्टर को कोई रकम नहीं दी। इस प्रकार फर्जी कंपनी बनाकर उनके साथ धोखाधड़ी कर उनकी राशि को हड़प लिया था। इस मामले में सफीदों सदर थाना पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
ये आरोपी हुए गिरफ्तार
आगरा जिले के श्याम नगर निवासी अखिलेश कुमार, चंदनगर निवासी अमित शर्मा, सुदामापुरी निवासी अमित शर्मा, अलीगढ़ जिले के हर्ष अत्री, गौतमबुद्ध नगर जिले के चिपियाना खुर्द निवासी राहुल कुमार, युसुफपुर निवासी नितीश कुमार, बदायूं जिले के बिल्सी निवास मोहित शर्मा, सतेती निवासी राहुल कुमार, मध्य प्रदेश के भिंड जिले के भदोरिया निवासी लक्ष्मण सिंह को गिरफ्तार कर अदालत से चार दिन के रिमांड पर लिया है।
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गैंग का सरगना अखिलेश कुमार हैं दसवीं पास
धोखाधड़ी की इस गैंग का सरगना अखिलेश कुमार है। वह दसवीं कक्षा तक पढ़ा लिखा है। एक वर्ष पहले इसकी दोस्ती हर्ष अत्री, राहुल, अमित शर्मा से हुई थी। इसमें अखिलेश पहले से ही धोखाधड़ी का काम करता था। इसमें मास्टरमाइंड अखिलेश ने इन दोस्तों को भी धोखाधड़ी में शामिल कर पैसे कमाने का लालच दिया। तीन महीने पहले राहुल कुमार व हर्ष अत्री ने अखिलेश कुमार को एटीएम कार्ड व खाते से लिंक सिम कार्ड लाकर दिया था। जिसके बदले में उसने राहुल कुमार व हर्ष अत्री को 30 हजार रुपये दिए थे। उन पर दो मामले आगरा उतर प्रदेश में दर्ज हैं। आरोपियों ने बीएसपी इंटरप्राइजेज कंपनी पनबैल महाराष्ट्र की बिल्टी को एडिट करके नकली बिल्टी बनाकर नकली ट्रांसपोर्टर बनकर लोगों से धोखाधड़ी से पैसे ऐठे थे।
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एएसपी नीतिश अग्रवाल ने बताया कि चार अगस्त को एक कंपनी की तरफ से राहुल मिश्रा ने शिकायत दी थी कि स्काईलार्क फीड्स की कंपनी है। इसका काम आंध्र प्रदेश, तेलंगाना व पश्चिम बंगाल के कई जिलों में पोल्ट्री फीड सप्लाई करना था। इस कारण कंपनी के कर्मचारी नकुल ने जस्ट डॉयल के माध्यम से बीएसपी इंटरप्राइजेज महाराष्ट्र के मोबाइल नंबर 8958602085 पर संपर्क किया। फोन पर भाडा सफीदों से 3700 रुपये प्रति टन व मथुरा के छाता तहसील के चैमुहां से 3400 रुपये प्रति टन तय हुआ। कुल भाड़ा का 80 प्रतिशत एडवांस और डिलिवरी होने के बाद शेष 20 प्रतिशत देना था। कुल 15 गाड़ियों को भाड़े पर बुक किया गया। नकुल ने स्काईलार्क फीड्स प्राइवेट लिमिटेड की जीएसटी समेत अन्य जानकारी व अपने सह कर्मचारी पारुल का आईकार्ड संतोष को व्हाट्सएप कर दिया। बीएसपी इंटरप्राइजेज के मालिक संतोष ने स्काईलार्क कंपनी का कर्मचारी पाल बनकर पानीपत, करनाल, भिवानी और मथुरा के ट्रांसपोर्टरों से संपर्क किया और उनके साथ स्काईलार्क फीड्स का जीएसटी नंबर साझा किया। इसके चलते स्काईलार्क फीड्स प्लांट धर्मगढ़ बोहली रोड सफीदों से चैमुहां में गाड़ी भेज दी। उधर, संतोष ने नकुल को फोन कर बताया कि गाड़ियां लोड होकर पहुंच गई हैं, उनकी एडवांस पेमेंट करवा दे। स्काईलार्क कंपनी ने दो अगस्त 2021 को बीएसपी इंटरप्राइजेज के अकाउंट में 391270 रुपये और तीन अगस्त 2021 को 272850 कुल 664120 रुपये जमा करवा दिए। बीएसपी इंटरप्राइजेज ने गाड़ियां भेजने वाले किसी भी ट्रांसपोर्टर को कोई रकम नहीं दी। इस प्रकार फर्जी कंपनी बनाकर उनके साथ धोखाधड़ी कर उनकी राशि को हड़प लिया था। इस मामले में सफीदों सदर थाना पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
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ये आरोपी हुए गिरफ्तार
आगरा जिले के श्याम नगर निवासी अखिलेश कुमार, चंदनगर निवासी अमित शर्मा, सुदामापुरी निवासी अमित शर्मा, अलीगढ़ जिले के हर्ष अत्री, गौतमबुद्ध नगर जिले के चिपियाना खुर्द निवासी राहुल कुमार, युसुफपुर निवासी नितीश कुमार, बदायूं जिले के बिल्सी निवास मोहित शर्मा, सतेती निवासी राहुल कुमार, मध्य प्रदेश के भिंड जिले के भदोरिया निवासी लक्ष्मण सिंह को गिरफ्तार कर अदालत से चार दिन के रिमांड पर लिया है।
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गैंग का सरगना अखिलेश कुमार हैं दसवीं पास
धोखाधड़ी की इस गैंग का सरगना अखिलेश कुमार है। वह दसवीं कक्षा तक पढ़ा लिखा है। एक वर्ष पहले इसकी दोस्ती हर्ष अत्री, राहुल, अमित शर्मा से हुई थी। इसमें अखिलेश पहले से ही धोखाधड़ी का काम करता था। इसमें मास्टरमाइंड अखिलेश ने इन दोस्तों को भी धोखाधड़ी में शामिल कर पैसे कमाने का लालच दिया। तीन महीने पहले राहुल कुमार व हर्ष अत्री ने अखिलेश कुमार को एटीएम कार्ड व खाते से लिंक सिम कार्ड लाकर दिया था। जिसके बदले में उसने राहुल कुमार व हर्ष अत्री को 30 हजार रुपये दिए थे। उन पर दो मामले आगरा उतर प्रदेश में दर्ज हैं। आरोपियों ने बीएसपी इंटरप्राइजेज कंपनी पनबैल महाराष्ट्र की बिल्टी को एडिट करके नकली बिल्टी बनाकर नकली ट्रांसपोर्टर बनकर लोगों से धोखाधड़ी से पैसे ऐठे थे।