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गहरी धुंध में एहतियात बरते जिलावासी, प्रदूषण पर नियंत्रण में दे सहयोग : डीसी
Updated Thu, 09 Nov 2017 12:30 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
झज्जर।
उपायुक्त सोनल गोयल ने जिला वासियों से इन दिनों सुबह के समय पड़ रही गहरी धुंध में एहतियात बरतने को कहा है। उन्होंने बुधवार को जिला वासियों से अपील करते हुए प्रदूषण की वजह से पड़ने वाली धुंध के जिम्मेदार कारणों पर नियंत्रण करने का भी अनुरोध किया है।
स्कूलों के समय में परिवर्तन, दो दिन धुंध पड़ने का अनुमान
उन्होंने कहा कि गहरी धुंध के चलते जिला के सभी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और गैर-सहायता प्राप्त निजी स्कूलों का समय 30 नवंबर तक सुबह 9:00 से सायं 3:30 बजे तक निर्धारित किया है। ताकि धुंध की वजह से होने वाली परेशानियों से बच्चों का बचाव हो सके। डीसी ने बताया राष्ट्रीय मौसम पूर्वानुमान केंद्र की ओर से कहा गया है कि आगामी 9 और 10 नवंबर की सुबह भी दिल्ली व हरियाणा सहित देश के उतरी राज्यों में सुबह के समय गहरी धुंध पड़ सकती है। ऐसे में अगले दो दिन सड़कों पर सुबह के समय संभव हो तो निजी वाहनों के स्थान पर सार्वजनिक परिवहन के साधनों का इस्तेमाल करें।
यातायात के नियमों का अच्छी तरह करें पालन
उपायुक्त ने बताया कि सड़कों पर वाहनों की बढ़ती भीड़ भी प्रदूषण के लिए जिम्मेवार है। धुंध के समय दृश्यता कम होने से सड़कों पर हादसों की आशंका बनी रहती है। उन्होंने वाहन चालकों को भी धुंध के समय यातायात के नियमों का अच्छी तरह से पालन करने की बात कही। धुंध के समय गाड़ी की स्पीड कम, लाइट लो बीम में और दोनों साइड के डिपर चालू रखे। खेतों में भी किसान पराली या फसलों के अन्य अवशेष तथा घरों के आस-पास कूड़ा कर्कट न जलाएं। उन्होंने स्थानीय निकाय संस्थाओं से भी सोलिड वेस्ट डंपिंग प्वाइंट पर किसी प्रकार की आगजनी न हो इसका ध्यान रखने के निर्देश दिए है।
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निर्माण सामग्री पर करें पानी का निरंतर छिड़काव
डीसी गोयल ने कहा कि शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में निर्माण स्थलों पर उड़ने वाली धूल पर भी नियंत्रण रखा जाए। निर्माण सामग्री पर पानी का नियमित छिड़काव किया जाए। उन्होंने बताया कि झज्जर जिला में जिग-जैग तकनीक का इस्तेमाल नहीं करने वाले सभी ईंट-भट्ठे बंद कर दिए हैं। अगर कोई भी उल्लंघन करता पाया गया तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि वायु मंडल पर प्रदूषण की वजह से दुष्प्रभाव हम सभी पर पड़ता है। ऐसे में प्रदूषण को नियंत्रित करने की पहल हम सभी को करनी चाहिए।
- प्रदूषण की वजह से बढ़ती धुंध को रोकने के लिए निजी वाहनों के इस्तेमाल से रखे परहेज
- खेत में फसलों के अवशेष और सॉलिड वेस्ट डंपिंग स्थलों पर आगजनी रोकने के दिए निर्देश
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झज्जर।
उपायुक्त सोनल गोयल ने जिला वासियों से इन दिनों सुबह के समय पड़ रही गहरी धुंध में एहतियात बरतने को कहा है। उन्होंने बुधवार को जिला वासियों से अपील करते हुए प्रदूषण की वजह से पड़ने वाली धुंध के जिम्मेदार कारणों पर नियंत्रण करने का भी अनुरोध किया है।
स्कूलों के समय में परिवर्तन, दो दिन धुंध पड़ने का अनुमान
उन्होंने कहा कि गहरी धुंध के चलते जिला के सभी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और गैर-सहायता प्राप्त निजी स्कूलों का समय 30 नवंबर तक सुबह 9:00 से सायं 3:30 बजे तक निर्धारित किया है। ताकि धुंध की वजह से होने वाली परेशानियों से बच्चों का बचाव हो सके। डीसी ने बताया राष्ट्रीय मौसम पूर्वानुमान केंद्र की ओर से कहा गया है कि आगामी 9 और 10 नवंबर की सुबह भी दिल्ली व हरियाणा सहित देश के उतरी राज्यों में सुबह के समय गहरी धुंध पड़ सकती है। ऐसे में अगले दो दिन सड़कों पर सुबह के समय संभव हो तो निजी वाहनों के स्थान पर सार्वजनिक परिवहन के साधनों का इस्तेमाल करें।
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यातायात के नियमों का अच्छी तरह करें पालन
उपायुक्त ने बताया कि सड़कों पर वाहनों की बढ़ती भीड़ भी प्रदूषण के लिए जिम्मेवार है। धुंध के समय दृश्यता कम होने से सड़कों पर हादसों की आशंका बनी रहती है। उन्होंने वाहन चालकों को भी धुंध के समय यातायात के नियमों का अच्छी तरह से पालन करने की बात कही। धुंध के समय गाड़ी की स्पीड कम, लाइट लो बीम में और दोनों साइड के डिपर चालू रखे। खेतों में भी किसान पराली या फसलों के अन्य अवशेष तथा घरों के आस-पास कूड़ा कर्कट न जलाएं। उन्होंने स्थानीय निकाय संस्थाओं से भी सोलिड वेस्ट डंपिंग प्वाइंट पर किसी प्रकार की आगजनी न हो इसका ध्यान रखने के निर्देश दिए है।
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निर्माण सामग्री पर करें पानी का निरंतर छिड़काव
डीसी गोयल ने कहा कि शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में निर्माण स्थलों पर उड़ने वाली धूल पर भी नियंत्रण रखा जाए। निर्माण सामग्री पर पानी का नियमित छिड़काव किया जाए। उन्होंने बताया कि झज्जर जिला में जिग-जैग तकनीक का इस्तेमाल नहीं करने वाले सभी ईंट-भट्ठे बंद कर दिए हैं। अगर कोई भी उल्लंघन करता पाया गया तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि वायु मंडल पर प्रदूषण की वजह से दुष्प्रभाव हम सभी पर पड़ता है। ऐसे में प्रदूषण को नियंत्रित करने की पहल हम सभी को करनी चाहिए।
- प्रदूषण की वजह से बढ़ती धुंध को रोकने के लिए निजी वाहनों के इस्तेमाल से रखे परहेज
- खेत में फसलों के अवशेष और सॉलिड वेस्ट डंपिंग स्थलों पर आगजनी रोकने के दिए निर्देश