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किसान बोले- पंजाब की एक-एक ट्रैक्टर-ट्रॉली दिल्ली सीमा से रवाना होने के बाद छोड़ेंगे टोल
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रामायण टोल प्लाजा पर बैठक करते हुए किसान। संवाद
- फोटो : Hisar
हांसी। कृषि कानूनों के विरोध में एक साल से अधिक समय से चल रहा आंदोलन अब खत्म होने वाला है। कृषि कानून रद्द होने पर वीरवार को संयुक्त किसान मोर्चे ने लंबी बैठक हुई, जिसके बाद घर लौटने का फैसला लिया गया। वहीं, रामायण टोल प्लाजा पर शुक्रवार को किसान यूनियन की बैठक होगी और सम्मान समारोह की तारीख का एलान किया जाएगा।
किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष कुलदीप खरड़ ने कहा कि सम्मान समारोह में किसान नेता राकेश टिकैत, युद्धवीर सहरावत आदि नेता पहुंचेंगे। खरड़ ने कहा कि हम तब तक टोल प्लाजा पर डटे रहेंगे जब तक पंजाब की एक-एक ट्रैक्टर ट्राली दिल्ली से वापस नहीं आती। उन्होंने कहा कि आज हमें काफी खुशी की हम अपने आंदोलन में सफल हुए हैं। अगर प्रधान मंत्री हमारी बातों को पहले ही सुन लेते तो हमारे करीब 800 किसान भाइयों को शहीद नहीं होना पड़ता। हमारी यह जीत हमारे किसानों को समर्पित है। रामायण टोल प्लाजा पर किसानों ने यह साफ कर दिया कि अभी तीन से चार दिन तक किसान टोल प्लाजा पर डटे रहेंगे साथ ही लंगर भी जारी रहेगा।
बाडो पट्टी टोल : शनिवार को जश्न के साथ स्थगित होगा आंदोलन
बरवाला। संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर बाडो पट्टी टोल पर वीरवार 350वें दिन भी धरना जारी रहा। टोल कमेटी की महिला प्रधान रीमन नैन खेदड़ ने बताया कि हम जीत गए हैं लेकिन आंदोलन खत्म नहीं स्थगित करने का निर्णय लिया है। 11 दिसंबर को टोल पर जश्न मनाया जाएगा। दिल्ली से लौटने वाली जत्थे बंदियों के लिए लंगर, चाय-पानी की व्यवस्था के अलावा फूल बरसाकर स्वागत करेंगे।
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सरोज बिचपड़ी ने बताया कि इस दौरान आर्मी के उच्च अधिकारियों की हेलिकॉप्टर दुर्घटना में मौत के कारण वीरवार को जीत का जश्न नहीं मना सके। आंदोलन विधिवत रूप से स्थगित 11 दिसंबर को किया जाएगा। उसके बाद टोल खोला जाएगा। इस मौके पर सत्यवान खेदड़, राजूभगत, महासिंह सिंधु, अमरसिंह वर्मा, टिंकू, दिनेश, सुदन, ओम प्रकाश, सत्यवान खरक, रायसिंह राजली, विकास धांसू, बलवान बिचपड़ी, दीपक, सतबीर मौजूद रहे। संवाद
लांधड़ी-चिकनवास टोल : कल ढोल बजाकर करेंगे पुष्प वर्षा
अग्रोहा। संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर लांधड़ी-चिकनवास टोल पर किसानों का धरना वीरवार को भी जारी है। किसान नेता सुदेश गोरखपुर, मूर्ति देवी, सुनीता रानी, मालागिरी गोदारा, किरण बाला, मंजू ने बताया कि आर्मी के उच्च अधिकारियों की हादसे में मौत दुखद घटना है। इस दौरान किसानों ने उनकी आत्मा की शांति के लिए 2 मिनट का मौन रखा। किसान नेता संदीप सिवाच ने बताया कि 11 दिसंबर को किसान दिल्ली से वापसी के लिए कूच करेंगे। टोल पर किसानों का ढोल बजाकर फूलों की वर्षा की जाएगी। रविवार को 10:15 बजे से अखंड पाठ होगा। इस मौके पर अमित ढाका श्यामसुख, राजेश मलिक, महावीर पूनिया, प्रदीप मलिक, गोपाल ओढ़ नंगथला, करमजीत, दलेर सिंह, संतोख सिंह, रघुवीर सिंह, परमजीत, संदीप भुल्लर, मिंटू लूदास, मोनू, सरदार बिंदा सिंह, राजवीर, राजीव शर्मा मौजूद रहे। संवाद
आंदोलनरत किसान दो दिन में लौटेंगे घर : नंबरदार
किसान सभा द्वारा लघु सचिवालय में चल रहे बेमियादी धरनास्थल से वीरवार सुबह किसानों का जत्था सिंधु बॉर्डर के लिए रवाना हुआ। जिला प्रधान शमशेर सिंह नंबरदार ने बताया कि दो दिन में दिल्ली सीमा पर बैठे आंदोलनरत किसान अपने-अपने घरों को लौटेंगे। इस मौके पर सूबेसिंह बूरा, सतबीर धायल, हनुमान जौहर, कृष्ण कुमार सांवत, रतन मात्रश्याम, दिनेश सिवाच, सुरेश कुमार, रमेश मिरकां, न्यौली के सरपंच राजबीर सिंह मौजूद रहे। संवाद
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किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष कुलदीप खरड़ ने कहा कि सम्मान समारोह में किसान नेता राकेश टिकैत, युद्धवीर सहरावत आदि नेता पहुंचेंगे। खरड़ ने कहा कि हम तब तक टोल प्लाजा पर डटे रहेंगे जब तक पंजाब की एक-एक ट्रैक्टर ट्राली दिल्ली से वापस नहीं आती। उन्होंने कहा कि आज हमें काफी खुशी की हम अपने आंदोलन में सफल हुए हैं। अगर प्रधान मंत्री हमारी बातों को पहले ही सुन लेते तो हमारे करीब 800 किसान भाइयों को शहीद नहीं होना पड़ता। हमारी यह जीत हमारे किसानों को समर्पित है। रामायण टोल प्लाजा पर किसानों ने यह साफ कर दिया कि अभी तीन से चार दिन तक किसान टोल प्लाजा पर डटे रहेंगे साथ ही लंगर भी जारी रहेगा।
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बाडो पट्टी टोल : शनिवार को जश्न के साथ स्थगित होगा आंदोलन
बरवाला। संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर बाडो पट्टी टोल पर वीरवार 350वें दिन भी धरना जारी रहा। टोल कमेटी की महिला प्रधान रीमन नैन खेदड़ ने बताया कि हम जीत गए हैं लेकिन आंदोलन खत्म नहीं स्थगित करने का निर्णय लिया है। 11 दिसंबर को टोल पर जश्न मनाया जाएगा। दिल्ली से लौटने वाली जत्थे बंदियों के लिए लंगर, चाय-पानी की व्यवस्था के अलावा फूल बरसाकर स्वागत करेंगे।
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सरोज बिचपड़ी ने बताया कि इस दौरान आर्मी के उच्च अधिकारियों की हेलिकॉप्टर दुर्घटना में मौत के कारण वीरवार को जीत का जश्न नहीं मना सके। आंदोलन विधिवत रूप से स्थगित 11 दिसंबर को किया जाएगा। उसके बाद टोल खोला जाएगा। इस मौके पर सत्यवान खेदड़, राजूभगत, महासिंह सिंधु, अमरसिंह वर्मा, टिंकू, दिनेश, सुदन, ओम प्रकाश, सत्यवान खरक, रायसिंह राजली, विकास धांसू, बलवान बिचपड़ी, दीपक, सतबीर मौजूद रहे। संवाद
लांधड़ी-चिकनवास टोल : कल ढोल बजाकर करेंगे पुष्प वर्षा
अग्रोहा। संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर लांधड़ी-चिकनवास टोल पर किसानों का धरना वीरवार को भी जारी है। किसान नेता सुदेश गोरखपुर, मूर्ति देवी, सुनीता रानी, मालागिरी गोदारा, किरण बाला, मंजू ने बताया कि आर्मी के उच्च अधिकारियों की हादसे में मौत दुखद घटना है। इस दौरान किसानों ने उनकी आत्मा की शांति के लिए 2 मिनट का मौन रखा। किसान नेता संदीप सिवाच ने बताया कि 11 दिसंबर को किसान दिल्ली से वापसी के लिए कूच करेंगे। टोल पर किसानों का ढोल बजाकर फूलों की वर्षा की जाएगी। रविवार को 10:15 बजे से अखंड पाठ होगा। इस मौके पर अमित ढाका श्यामसुख, राजेश मलिक, महावीर पूनिया, प्रदीप मलिक, गोपाल ओढ़ नंगथला, करमजीत, दलेर सिंह, संतोख सिंह, रघुवीर सिंह, परमजीत, संदीप भुल्लर, मिंटू लूदास, मोनू, सरदार बिंदा सिंह, राजवीर, राजीव शर्मा मौजूद रहे। संवाद
आंदोलनरत किसान दो दिन में लौटेंगे घर : नंबरदार
किसान सभा द्वारा लघु सचिवालय में चल रहे बेमियादी धरनास्थल से वीरवार सुबह किसानों का जत्था सिंधु बॉर्डर के लिए रवाना हुआ। जिला प्रधान शमशेर सिंह नंबरदार ने बताया कि दो दिन में दिल्ली सीमा पर बैठे आंदोलनरत किसान अपने-अपने घरों को लौटेंगे। इस मौके पर सूबेसिंह बूरा, सतबीर धायल, हनुमान जौहर, कृष्ण कुमार सांवत, रतन मात्रश्याम, दिनेश सिवाच, सुरेश कुमार, रमेश मिरकां, न्यौली के सरपंच राजबीर सिंह मौजूद रहे। संवाद