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Hisar News: वय वंदना योजना से बुजुर्गों की बेरुखी, 22 महीने बाद भी 90% ने नहीं लिया कार्ड
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नागरिक अस्पताल में उपचार के लिए लाइन में लगे मरीज ।
हिसार। वरिष्ठ नागरिकों को निशुल्क उपचार देने के लिए केंद्र सरकार की ओर से शुरू की गई आयुष्मान वय वंदना कार्ड योजना को लेकर जिले में पात्र बुजुर्गों की रुचि कम है। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार जिले में 1,00,617 पात्र लोगों में से केवल 10,416 ने ही कार्ड बनवाया है। योजना शुरू होने के 22 महीने बाद भी करीब 90 प्रतिशत पात्र बुजुर्ग कार्ड लेने नहीं पहुंचे हैं।
आयुष्मान और चिरायु योजना में भी क्रमश: 22 और 26 प्रतिशत लाभार्थियों ने कार्ड नहीं बनवाया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 29 अक्तूबर 2024 को 70 वर्ष से अधिक आयु के सभी वरिष्ठ नागरिकों को आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में शामिल करने के लिए इसके विस्तार की घोषणा की थी। इसके तहत 70 वर्ष से अधिक आयु के सभी वरिष्ठ नागरिकों को आयुष्मान वय वंदना कार्ड देने का एलान किया गया।
कार्ड के तहत प्रत्येक पात्र बुजुर्ग को पांच लाख रुपये तक का निशुल्क स्वास्थ्य कवर मिलता है। इसमें किसी तरह की आय संबंधी शर्त नहीं है। केंद्र सरकार स्वास्थ्य योजना (सीजीएचएस), भूतपूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना (ईसीएचएस) और आयुष्मान केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) समेत अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ लेने वाले वरिष्ठ नागरिकों को मौजूदा योजना और आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में से किसी एक का विकल्प चुनना होगा।
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निजी स्वास्थ्य बीमा वाले या कर्मचारी राज्य बीमा योजना (ईएसआई) के सदस्य भी आयुष्मान योजना का लाभ ले सकते हैं। वय वंदना कार्ड के तहत करीब 2000 चिकित्सा प्रक्रियाओं के लिए उपचार की सुविधा है और पहले दिन से सभी पहले से मौजूद बीमारियां भी कवर होती हैं।
-- -- -- -- -- -- योजना-- -- -- कुल लाभार्थी-- -कार्ड वितरण-- बचे कार्ड-- -- -- लक्ष्य हासिल
आयुष्मान-- -392482-- 306559-- 85923-- 78.10
चिरायु-- -- 855336-634564-- 220772-- 74.19
वय वंदन आयुष्मान-- 100617-10416-90201-10.35
चिरायु एक्सटेंशन-- 2703-- 2703-- 0-- -- 100
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2025 में निजी अस्पतालों को 188 करोड़ का भुगतान
जिले में वर्ष 2025 में आयुष्मान योजना के तहत स्वास्थ्य विभाग ने सरकारी अस्पतालों को 29.22 करोड़ और निजी अस्पतालों को 188.63 करोड़ रुपये के बिल का भुगतान किया। इससे पहले 2024 में निजी अस्पतालों को 115 करोड़ रुपये के क्लेम का भुगतान किया गया था, जिसमें 52,964 लोगों ने उपचार लिया था। क्लेम भुगतान को लेकर निजी अस्पताल लगातार मांग करते रहे हैं। एक सितंबर को निजी अस्पतालों ने एक दिन उपचार बंद रखकर सांकेतिक विरोध भी जताया था।
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जानिए कौन किसका लाभार्थी...
1.80 लाख रुपये से कम वार्षिक आय वाले परिवार का आयुष्मान कार्ड बनता है।
1.80 से 3 लाख रुपये वार्षिक आय वाले परिवार का चिरायु कार्ड बनता है।
3 से 5 लाख रुपये वार्षिक आय वाले परिवार 1500 रुपये जमा कर चिरायु एक्सटेंशन कार्ड बनवा सकते हैं।
70 साल से अधिक आयु के सभी लोगों का आयुष्मान वय वंदना कार्ड बनता है।
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कैसे बनवाएं कार्ड
आयुष्मान वय वंदना कार्ड के लिए पात्र व्यक्ति निकटतम सरकारी अस्पताल या सीएससी सेंटर पर पंजीकरण करा सकते हैं। स्व-पंजीकरण के लिए आयुष्मान एप गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड कर सकते हैं या www.beneficiary.nha.gov.in पर जा सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए टोल-फ्री नंबर 14555 पर कॉल या 1800110770 पर मिस्ड कॉल कर सकते हैं।
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स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों को बार-बार जागरूक किया जा रहा है। कई बार मुनादी करा चुके हैं और शिविर भी आयोजित किए हैं। इसके बावजूद लोग कार्ड बनवाने में रुचि नहीं दिखा रहे। आयुष्मान के सामान्य कार्ड करीब 80 प्रतिशत लोग बनवा चुके हैं, जबकि वय वंदना योजना के कार्ड काफी कम बनाए गए हैं। लोगों से अनुरोध है कि वे अपने कार्ड बनवा लें, ताकि उपचार के समय किसी तरह की दिक्कत न हो।
- डॉ. मनीष कुमार, प्रभारी, आयुष्मान योजना
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आयुष्मान और चिरायु योजना में भी क्रमश: 22 और 26 प्रतिशत लाभार्थियों ने कार्ड नहीं बनवाया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 29 अक्तूबर 2024 को 70 वर्ष से अधिक आयु के सभी वरिष्ठ नागरिकों को आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में शामिल करने के लिए इसके विस्तार की घोषणा की थी। इसके तहत 70 वर्ष से अधिक आयु के सभी वरिष्ठ नागरिकों को आयुष्मान वय वंदना कार्ड देने का एलान किया गया।
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कार्ड के तहत प्रत्येक पात्र बुजुर्ग को पांच लाख रुपये तक का निशुल्क स्वास्थ्य कवर मिलता है। इसमें किसी तरह की आय संबंधी शर्त नहीं है। केंद्र सरकार स्वास्थ्य योजना (सीजीएचएस), भूतपूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना (ईसीएचएस) और आयुष्मान केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) समेत अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ लेने वाले वरिष्ठ नागरिकों को मौजूदा योजना और आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में से किसी एक का विकल्प चुनना होगा।
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निजी स्वास्थ्य बीमा वाले या कर्मचारी राज्य बीमा योजना (ईएसआई) के सदस्य भी आयुष्मान योजना का लाभ ले सकते हैं। वय वंदना कार्ड के तहत करीब 2000 चिकित्सा प्रक्रियाओं के लिए उपचार की सुविधा है और पहले दिन से सभी पहले से मौजूद बीमारियां भी कवर होती हैं।
आयुष्मान
चिरायु
वय वंदन आयुष्मान
चिरायु एक्सटेंशन
2025 में निजी अस्पतालों को 188 करोड़ का भुगतान
जिले में वर्ष 2025 में आयुष्मान योजना के तहत स्वास्थ्य विभाग ने सरकारी अस्पतालों को 29.22 करोड़ और निजी अस्पतालों को 188.63 करोड़ रुपये के बिल का भुगतान किया। इससे पहले 2024 में निजी अस्पतालों को 115 करोड़ रुपये के क्लेम का भुगतान किया गया था, जिसमें 52,964 लोगों ने उपचार लिया था। क्लेम भुगतान को लेकर निजी अस्पताल लगातार मांग करते रहे हैं। एक सितंबर को निजी अस्पतालों ने एक दिन उपचार बंद रखकर सांकेतिक विरोध भी जताया था।
जानिए कौन किसका लाभार्थी...
1.80 लाख रुपये से कम वार्षिक आय वाले परिवार का आयुष्मान कार्ड बनता है।
1.80 से 3 लाख रुपये वार्षिक आय वाले परिवार का चिरायु कार्ड बनता है।
3 से 5 लाख रुपये वार्षिक आय वाले परिवार 1500 रुपये जमा कर चिरायु एक्सटेंशन कार्ड बनवा सकते हैं।
70 साल से अधिक आयु के सभी लोगों का आयुष्मान वय वंदना कार्ड बनता है।
कैसे बनवाएं कार्ड
आयुष्मान वय वंदना कार्ड के लिए पात्र व्यक्ति निकटतम सरकारी अस्पताल या सीएससी सेंटर पर पंजीकरण करा सकते हैं। स्व-पंजीकरण के लिए आयुष्मान एप गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड कर सकते हैं या www.beneficiary.nha.gov.in पर जा सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए टोल-फ्री नंबर 14555 पर कॉल या 1800110770 पर मिस्ड कॉल कर सकते हैं।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों को बार-बार जागरूक किया जा रहा है। कई बार मुनादी करा चुके हैं और शिविर भी आयोजित किए हैं। इसके बावजूद लोग कार्ड बनवाने में रुचि नहीं दिखा रहे। आयुष्मान के सामान्य कार्ड करीब 80 प्रतिशत लोग बनवा चुके हैं, जबकि वय वंदना योजना के कार्ड काफी कम बनाए गए हैं। लोगों से अनुरोध है कि वे अपने कार्ड बनवा लें, ताकि उपचार के समय किसी तरह की दिक्कत न हो।
- डॉ. मनीष कुमार, प्रभारी, आयुष्मान योजना